चंडीगढ़ में शुरू टीन शेड कालोनी को तोड़ने की कार्रवाई, भारी पुलिस बल के साथ पहुंचे हाउसिंग बोर्ड के अधिकारी
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हाउसिंग बोर्ड (सीएचबी) ने शनिवार को सेक्टर-56 की टीन शेड कॉलोनी को हटाने की प्रक्रिया शुरू कर दी। सुबह 10 बजे ही इलाके में भारी पुलिस बल तैनात कर मकानों को तोड़ना शुरू किया गया। सीएचबी फिलहाल यहां उन मकानों को तोड़ रहा है, जो कई साल से खाली पड़े हैं।
हाउसिंग बोर्ड के एक अधिकारी के अनुसार सेक्टर-56 में कुल 324 टीन शैड हैं। वर्तमान में 70 मकानों में परिवार रहते हैं। बाकी मकान खाली हैं। हाउसिंग बोर्ड की अफॉर्डेबल रेंटल हाउसिंग कांप्लेक्स योजना के तहत इन 70 परिवारों में से सिर्फ 11 परिवारों ने ही आवेदन किया है।
हाउसिंग बोर्ड के अधिकारियों का कहना है कि उन्होंने यहां रहने वाले सभी लोगों को मलोया में मकान देने की योजना बनाई थी लेकिन किन्हीं कारणों से यहां के सिर्फ 11 परिवारों ने ही आवेदन किया है। 11 परिवारों को मकान देने का काम शुरू कर दिया गया है। ऐसे में जो लोग बाकी रह जाएंगे, उन्हें यह मकान खाली करने होंगे। हाउसिंग बोर्ड की इस कार्रवाई के दौरान सेक्टर-56 में पुलिस बल के साथ नगर निगम के कर्मचारी भी मौजूद रहे। हाउसिंग बोर्ड ने इन लोगों को मकान देने के लिए 26 अक्तूबर से शिविर लगाया था।
10 नवंबर को पहला ड्रा, 21 से तोड़े जाएंगे मकान
हाउसिंग बोर्ड के अधिकारियों ने बताया कि मलोया में स्मॉल फ्लैट देने के लिए 10 नवंबर को सुबह 11 बजे पहले कंप्यूटराइज्ड ड्रा का आयोजन किया जाएगा। पहले ड्रा में 400 परिवारों को मकान दिया जाएगा। दूसरा ड्रॉ 25 नवंबर, तीसरा 2 दिसंबर और चौथा 10 दिसंबर को किया जाएगा। प्रत्येक ड्रा में करीब 400 लोगों को मकान मिलेगा।
अधिकारियों का कहना है कि ड्रॉ के दौरान पूरी तरह से पारदर्शिता बरती जाएगी और प्रशासन के विभिन्न अधिकारियों की निगरानी में ड्रा निकाले जाएंगे। कोरोना वायरस के दिशा निर्देश को ध्यान में रखते हुए ड्रा के नतीजों को चंडीगढ़ हाउसिंग बोर्ड अपने वेबसाइट पर भी अपलोड करेगा। मलोया में लोगों को पजेशन देने का काम 17 नवंबर से शुरू हो जाएगा।
लोगों को उनके मकान नंबर के अनुसार पजेशन देने के लिए बुलाया जाएगा। पजेशन देने के बाद तीन दिन का समय दिया जाएगा, ताकि वह लोग अपने पुराने मकान को खाली कर नए मकान में रहने लगे। 21 नवंबर से सेक्टर-52 और सेक्टर-56 के मकानों को तोड़ने का कार्य शुरू हो जाएगा।
कालोनी नंबर-4 के सैकड़ों लोग मकान के इंतजार में बैठे
मलोया में हाउसिंग बोर्ड ने 4960 स्मॉल फ्लैट्स का निर्माण किया था, जिसमें से फिलहाल 2445 फ्लैट्स खाली हैं लेकिन कालोनी नंबर चार में अभी 250 लोग ऐसे हैं, जो मकान पाने के हकदार हैं लेकिन किन्हीं कारणों से उनके फॉर्म लंबित हैं। इसलिए हाउसिंग बोर्ड 250 मकान छोड़ अन्य 2195 मकानों को किराये पर देगा।
कालोनी नंबर 4 के करीब 2300 परिवारों को जुलाई 2019 में मलोया के स्मॉल फ्लैट्स में बसाया था। बावजूद इसके कालोनी में अभी कई ऐसे परिवार हैं, जिनके पास बायोमीट्रिक सर्वे हैं लेकिन वह पक्की छत के इंतजार में बैठे हैं। कालोनीवासियों का कहना है कि डेढ़ साल से ज्यादा समय बीत चुका है लेकिन एस्टेट ऑफिस की तरफ से उनके फॉर्म आगे नहीं बढ़ाए जा रहे हैं।
सेक्टर-52 और 56 को लोगों को इन मकानों में रहने के लिए हर महीने 3000 रुपये का किराया चुकाना होगा। इसके अतिरिक्त बिजली और पानी का बिल देना होगा। हर दो साल बाद 8 प्रतिशत और पांच साल बाद 20 प्रतिशत किराया बढ़ाया जाएगा।