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कब्ज की शिकायत रहती है तो पढ़ें ये चेतावनी

Tue, 22 Jul 2014 01:11 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Tue, 22 Jul 2014 01:11 PM IST
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Health Tips from Experts, Must Read

गंभीर कब्ज का सामना अक्सर लोग करते हैं। यदि यह स्थाई समस्या बन जाए और उसका इलाज न कराया जाए तो यह घातक बन सकता है। कैंसर या फिर हर्निया का कारण भी बन सकता है।

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यह बात मैक्स सुपर स्पेशलिएटी मोहाली के सर्जरी विभाग के सीनियर कंसलटेंट डा. मनमोहन सिंह बेदी ने डिफेंस सर्विसेज आफिसर्स इंस्टीट्यूट सेक्टर-36 में हेल्थ टॉक के दौरान 300 से अधिक सदस्यों को संबोधित करते हुए कही।
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डॉ. बेदी के मुताबिक कब्ज का रोग धीरे-धीरे बढ़ता है, विशेषकर बुजुर्गों में, मल में खून आना, आम तौर पर आंतों में ट्यूमर के कारण होता है। यदि मल त्याग की प्रक्रिया में कोई ताजा बदलाव हुआ है और कब्ज बार होने लगी है तो ये कैंसर का कारण बन सकता है।

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इन बातों का जरूर रखें ध्यान

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उन्होंने लोगों को सलाह दी कि वे वजन कम होने, भूख कम होने, कम एचबी होने से कमजोरी होने आदि के लक्षणों पर ध्यान रखे। ये सभी लक्षण आंत के कैंसर के संबंधित हो सकते हैं।

ट्यूमर के बढ़ने से भी मोशन पास करने में दिक्कत आती है और कब्ज गंभीर बन जाती है। कब्ज के कारण ट्यूमर भी हो सकता है। जिन लोगों में लगातार कब्ज है और फाइबर की कमी रहती है, उनमें आंत का कैंसर होने की संभावना अधिक हो जाती है।

यदि किसी को अपने मोशन को लेकर बदलाव दिखता है। उनमें कीट दिखते हैं या मल में रक्त दिखता है या फिर हीमोग्लोबिन कम होता है तो तुरंत अपने डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए।

हर्निया से गंभीर परिणाम

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कब्ज के कारण हर्निया की परेशानी भी सामने आती है। उन्होंने कहा कि हर्निया अक्सर तब होता है, जब एक अंग एक दूसरी मांसपेशियां को खोलता है या अपनी जगह पर मौजूद टिश्यूज को प्रभावित करता है।

अगर इसका इलाज ना किया जाए तो इसके और भी गंभीर परिणाम हो सकते हैं। हर्निया को अक्सर पेट की सतह के साथ पाया जाता है, जिसके माध्यम से ये पेट से बाहर आना शुरू हो जाता है।

मल में दबाव बढ़ने से पेट के अंदर भी दबाव बढ़ने लगता है जो पेट के आकार को असामान्य बना देता है और इससे पेट की सतह पर असामान्य प्रभाव होने से हर्निया बनने लगता है। लगातार दबाव बढ़ने से हर्निया काफी बढ़ा हो जाता है और इलाज ना करवाए जाने से ये कई बार ये जानलेवा भी हो जाता है।

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