तीन दिन और परेशानी का सबब बनेगा जहरीला धुआं, ऐसे करें बचाव, बारिश की भी संभावना
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पांच दिनों से छाया धुआं अभी लोगों को तीन दिन तक और परेशान करेगा। इसके बाद लोगों को इस धुएं की चादर से राहत मिलने की संभावना है। हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय के कृषि मौसम विभाग विभाग के अनुसार साइक्लोन के प्रभाव के कारण बादल छाए रहेंगे, जिससे दिन के तापमान में हल्की गिरावट और रात के तापमान में बढ़ोतरी होगी। इसके अलावा हवाओं की दिशा पूर्वी से उत्तर पश्चिमी होने की संभावना है, जिससे 31 अक्तूबर व 1 नवंबर को रात के तापमान में गिरावट आएगी।
पश्चिमी विक्षोभ के आंशिक प्रभाव व क्यार साइक्लोन के कारण आई नमी के प्रभाव के कारण 2 व 3 नवंबर को गरज व चमक के साथ कहीं कहीं छिटपुट बूंदाबांदी या हल्की बारिश की संभावना है। इधर, लगातार पांचवें दिन शहर में वायु गुणवत्ता सूचकांक 346 दर्ज किया गया। हालांकि मंगलवार को इसमें कुछ गिरावट आई।
बता दें कि मंगलवार सुबह से आसमान में धुएं की चादर छाई हुई थी। नमी के साथ मिलकर इसने स्मॉग का रूप ले लिया था। तापमान बढ़ने के साथ धुएं की चादर कुछ हल्की हुई लेकिन शाम होते ही यह धुआं और गहराने लगा। इस कारण से वाहन चालकों को अपने वाहनों की लाइटें तक जलानी पड़ गईं।
प्रतिदिन वातावरण से 18 किलो आक्सीजन लेता है इंसान
जीजेयू के पर्यावरण विशेषज्ञ डॉ. नरसी बिश्नोई के अनुसार एक इंसान प्रतिदिन वातावरण से 18 किलो ऑक्सीजन ग्रहण करता है। इस समय वातावरण में कई जहरीली गैसें व धूल कण मौजूद हैं। इससे से अंदाजा लगाया जा सकता है कि पांच दिनों से एक इंसान के शरीर के कितना प्रदूषण जा चुका है। इस समय हम एक गैस के चैंबर में बंद हैं।
पांच दिनों का वायु गुणवत्ता सूचकांक
तिथि- वायु गुणवत्ता सूचकांक
25 अक्तूबर-333
26 अक्तूबर-328
27 अक्तूबर-390
28 अक्तूबर-380
29 अक्तूबर-346
वायु गुणवत्ता सूचकांक
0-50-अच्छा
51-100-संतोषजनक
101-200-सामान्य
201-300-खराब
301-400-बहुत खराब
401-500-खतरनाक
अस्पताल में मरीजों की संख्या बढ़ी
इस जहरीले धुएं का असर लोगों के स्वास्थ्य पर पड़ने लगा है। अस्पतालों में फेफड़ों में शिकायत, आंखों में जलन, एलर्जी सहित अन्य बीमारियों के 25 प्रतिशत मरीज बढ़ गए हैं। नागरिक अस्पताल के चिकित्सक डॉ. सुरेंद्र बिश्नोई के मुताबिक अस्थमा आदि के मरीज इस मौसम में विशेष ख्याल रखें। जरूरत पड़ने पर ही घर से बाहर निकलें और बाहर निकलते समय मास्क का इस्तेमाल अवश्य करें।
श्वास रोग, आंखों में जलन एवं एलर्जी के मरीजों की संख्या में 25 प्रतिशत बढ़ोतरी
धुएं की चादर के कारण लोग श्वास रोग और एलर्जी के शिकार हो रहे हैं। दूसरी तरफ लोगों में आंखों में भी काफी जलन होने के केस सामने आ रहे हैं। इस वजह से नागरिक अस्पताल में इस तरह के मरीजों की रोजाना की ओपीडी में 25 प्रतिशत की तक बढ़ोतरी हुई है। दो दिन की छुट्टी के बाद मंगलवार को नागरिक अस्पताल में मरीजों की काफी भीड़ दिखाई दी।
नागरिक अस्पताल के फिजिशियन डॉ. ज्ञानेंद्र ने बताया कि इन दिनों में एक तरफ तो प्रदूषण लोगों को अपना शिकार बना रहा है। दूसरी तरफ मौसम में काफी परिवर्तन हुआ है, जिससे मरीजों की संख्या आम दिनों से कुछ बढ़ी है।
प्रदूषण के कारण लोगों में श्वास व फेफड़ों संबंधी तकलीफें बढ़ी हैं और श्वास रोगी मरीजों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने बताया कि मौसम में जो परिवर्तन हुआ है, उससे मरीजों को दिल पर भी काफी असर पड़ता है और खांसी-जुकाम, बुखार, एवं एलर्जी वाले लोगों की ओपीडी बढ़ रही है।
बचाव के कुछ उपाय
- इन दिनों मास्क पहनना चाहिए।
- इन दिनों में ठंडी चीजों के सेवन से बचकर रहना चाहिए।
- मीठा एवं जंक फूड जैसे तली हुई चीजें बर्गर, समोसे आदि का सेवन कम करें।
- इन दिनों में खाना खाने के बाद सैर या टहलना नहीं चाहिए, क्योंकि इससे दिल पर काफी असर पड़ता है। खाना खाने से पहले सैर करें।