{"_id":"57d5759f4f1c1bbc61318a34","slug":"haryana-cabinate-minister-controversial-statement-on-aam-aadmi-party","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"फिर फिसली इस भाजपाई मंत्री की जुबान, दे दिया विवादित बयान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
फिर फिसली इस भाजपाई मंत्री की जुबान, दे दिया विवादित बयान
ब्यूरो/अमर उजाला, रोहतक(हरियाणा)
Updated Mon, 12 Sep 2016 09:16 AM IST
विज्ञापन
Anil Vij On Kejriwal
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
एक बार फिर भाजपा के एक मंत्री की जुबान फिसल गई। तंज कसने के चक्कर में विवादित बयान दे दिया। हरियाणा के स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज की जुबान फिर फिसली है। आम आदमी पार्टी (आप) पर तंज करने के चक्कर में विवादित बयान बोल गये।
विज ने प्रदेश में चल रहे आप के खूंटा गाड़ अभियान पर कहा कि आप को ऐसा अभियान जरूर चलाना चाहिए। लेकिन उसे खूंटा गाड़कर दिल्ली में आचरण से बेलगाम हो चुके अपने मंत्रियों को बांधना चाहिए।
विज्ञापन
विज ने प्रदेश में चल रहे आप के खूंटा गाड़ अभियान पर कहा कि आप को ऐसा अभियान जरूर चलाना चाहिए। लेकिन उसे खूंटा गाड़कर दिल्ली में आचरण से बेलगाम हो चुके अपने मंत्रियों को बांधना चाहिए।
विज्ञापन
पूर्व सीएम भूपेंद्र हुड्डा पर भी बोले विज
अनिल विज
- फोटो : Self
विज ने आप के संदीप सहित कई मंत्रियों के नाम भी गिनाए। उन्होंने यहां तक कह दिया कि अब आप पंजाब तक पहुंच गई है। वहां की महिलाएं उससे बचकर रहें।
अनिल विज रविवार को राज्यमंत्री मनीष ग्रोवर की माता के निधन के बाद उन्हें सांत्वना देने पहुंचे थे। विज ने पूर्व सीएम भूपेंद्र हुड्डा के बारे में कहा कि वह पहले जांच कराने के लिए बोलते थे, अब भागते और छिपते फिर रहे हैं।
जिस दिन सीबीआई ने छापा मारा उस दिन भी छिप गए थे। अब कार्रवाई को बदले की भावना कहकर छाती पीट रहे हैं। जबकि वह दूध के धुले हैं तो उस दिन माला लेकर सीबीआई का स्वागत करते।
अनिल विज रविवार को राज्यमंत्री मनीष ग्रोवर की माता के निधन के बाद उन्हें सांत्वना देने पहुंचे थे। विज ने पूर्व सीएम भूपेंद्र हुड्डा के बारे में कहा कि वह पहले जांच कराने के लिए बोलते थे, अब भागते और छिपते फिर रहे हैं।
जिस दिन सीबीआई ने छापा मारा उस दिन भी छिप गए थे। अब कार्रवाई को बदले की भावना कहकर छाती पीट रहे हैं। जबकि वह दूध के धुले हैं तो उस दिन माला लेकर सीबीआई का स्वागत करते।