Haryana Assembly Monsoon Session: विधायकों को धमकी पर जोरदार हंगामा, कांग्रेस का वाकआउट
हरियाणा विधानसभा का मानसून सत्र सोमवार दोपहर बाद शुरू हुआ। मानसून सत्र राष्ट्रीय गान के साथ शुरू हुुआ। सदन की कार्यवाही की शुरूआत में मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने दिवंगतों को श्रद्धांजलि देने के लिए शोक प्रस्ताव पढ़े।
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हरियाणा विधानसभा में विधायकों को धमकी के मुद्दे पर सदन में जोरदार हंगामा हुआ। कांग्रेस ने इस मुद्दे पर दिए स्थगन प्रस्ताव को ध्यानाकर्षण में बदलने और गृह मंत्री अनिल विज के जवाब से संतुष्ट न होने पर दो बार सदन से वाकआउट किया। प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान पक्ष-विपक्ष के विधायकों के बीच अनेक बार नोकझोंक हुई।
ई-विधान मानसून सत्र के पहले दिन की कार्यवाही हंगामेदार रही। निर्दलीय विधायक बलराज कुंडू के धन्यवाद प्रस्ताव पढ़ते ही गृह मंत्री अनिल विज ने आंकड़ों के साथ कांग्रेस की घेराबंदी की। विज के 2005 से 2021 तक के अपराध के आंकड़े गिनाते ही कांग्रेस विधायकों ने कड़ी आपत्ति जताई।
उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार ने अपराध के खात्मे के लिए क्या किया ये बताएं। नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र हुड्डा ने कहा कि स्थगन प्रस्ताव को ध्यानाकर्षण में बदलकर सरकार अपनी जिम्मेदारी से बचना चाह रही। जिस प्रदेश में सुरक्षित माहौल नहीं है, वह आगे कैसे बढ़ेगा। विज ने कहा कि अपराधियों को बख्शा नहीं जा रहा।
विधायकों को धमकी देने व रंगदारी मांगने के मामले में अब तक गिरफ्तार आरोपियों से बरामद एटीएम और पासबुक के आधार पर 864 बैंक खाते खंगाले हैं। 55 बैंक खातों में से 2.77 करोड़ रुपये निकलने का हिसाब मिला है। कई सफेदपोश रडार पर हैं। जल्दी इस मामले में बड़े खुलासे होने की उम्मीद है। जिन सफेदपोशों ने धमकी आने पर कोई शिकायत नहीं की, उन्होंने अपराधियों को रंगदारी तो नहीं दी इसकी भी जांच की जा रही है। जांच एजेंसी की फर्जी कॉल से धमकी देने वाले पकड़े गए।
धमकी के खौफ से संजय सिंह को ब्रेन हेमरेज: कुंडू
बलराज कुंडू ने कहा कि सोहना से भाजपा विधायक संजय सिंह को धमकी के खौफ से ही ब्रेन हेमरेज हुआ। वह टेंशन में आ गए थे। सोनीपत से कांग्रेस विधायक सुरेंद्र पंवार ने खुद व परिवार को धमकियां मिलने पर इस्तीफे तक दे दिया। विज के जवाब से लगता है कि प्रदेश में राम राज आ गया है, जबकि प्रदेश के व्यापारी कह रहे कि हरियाणा रहने काबिल नहीं रहा। मुख्यमंत्री जी आप भी योगी आदित्यनाथ के रूप में आओ।
दो से पांच लाख रुपये में बन रहे शस्त्र लाइसेंस: अभय
इनेलो विधायक अभय चौटाला ने कहा कि प्रदेश में हथियारों के लाइसेंस बनवाने के लिए दलाल छोड़ रखे हैं। दो से पांच लाख रुपये में शस्त्र लाइसेंस बन रहे हैं। सबसे अधिक लाइसेंस बीते सालों में गुरुग्राम में 934, पानीपत में 879 ओर करनाल में 696 बने हैं, इनमें सबसे ज्यादा पैसा चला। अपराध बढ़ने का बड़ा कारण 20 हजार पुलिसकर्मी कम होना भी है।
प्रदेश में हर रोज तीन हत्याएं, चार बलात्कार और तीन सामूहिक दुष्कर्म होते हैं। पिछले आठ सालों में बलात्कार के मामलों में 65 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है। प्रदेश में 241 मोस्ट वांटेड अपराधी हैं, उनके नाम सरकार को उजागर करने चाहिए। प्रदेश में अवैध हथियारों की आपूर्ति बढ़ी है। वर्ष 2018-20 में 6788 अवैध हथियार जब्त किए गए हैं जिससे साफ होता है कि अपराधियों को सरकारी संरक्षण दिया जा रहा है। सोशल मीडिया तक पर हथियार बेचे जा रहे और पुलिस कोई कार्रवाई नहीं कर रही।
ये बोले कांग्रेस विधायक
रघुवीर कादियान ने कहा कि गैंगस्टर में खाकी का खौफ खत्म हो चुका। मैं अगर गृह मंत्री होता तो नैतिकता के आधार पर इस्तीफा दे देता। विधायकों को धमकी लोकतंत्र को खतरा है। कादियान की तीखी टिप्पणियों पर संसदीय कार्य मंत्री कंवर पाल, कांग्रेस विधायक गीता भुक्कल, राव दान सिंह, आफताब अहमद के बीच काफी गर्मागर्मी हुई।
शमशेर गोगी ने कहा, अपराध बढ़ने के लिए महंगाई, बेरोजगारी, जाति-धर्म की राजनीति भी जिम्मेदार है। एक हिंदू संगठन से जुड़े लोग फेसबुक पर हथियार का लाइसेंस लेने के लिए अपने नंबर का प्रचार कर रहे हैं, उन पर क्या कार्रवाई हुई। गोगी ने अनाज के थैलों पर मोदी की फोटो के अलावा तिरंगे को लेकर टिप्पणी की, जिस पर भाजपा विधायक असीम गोयल और महिपाल ढांडा भिड़ गए।
नीरज शर्मा ने कहा, हरियाणा के विधायकों को ही धमकियां क्यों मिल रही हैं। कानून व्यवस्था पटरी से उतर चुकी है। कौन से वाले विज साहब को याद करें, सरकार जिनके पत्रों पर कार्रवाई नहीं करती या फिर वह जो कड़ी कार्रवाई के लिए जाने जाते हैं।
मौन रहकर दिवंगतों को दी श्रद्धांजलि
हरियाणा विधानसभा के सोमवार को शुरू हुए मानसून सत्र के प्रथम दिन सदन में पिछले सत्र से लेकर इस सत्र की अवधि के दौरान मृत्यु को प्राप्त हुए हरियाणा के दिवंगत पूर्व संसदीय सचिव, विधायकों, स्वतंत्रता सेनानियों व शहीद जवानों के सम्मान में शोक प्रस्ताव पढ़े गए और शोक संतप्त परिवारों के सदस्यों के प्रति हार्दिक संवेदना व्यक्त की गई।
सर्वप्रथम सदन के नेता मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने शोक प्रस्ताव पढ़े। इनके अलावा विधानसभा अध्यक्ष ज्ञान चंद गुप्ता और विपक्ष के नेता भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने भी श्रद्धांजलि दी। सदन के सभी सदस्यों ने खड़े होकर दो मिनट का मौन रखा और दिवंगत आत्माओं की शांति के लिए प्रार्थना भी की।
सदन में जिनके शोक प्रस्ताव पढ़े गए, उनमें हरियाणा की पूर्व संसदीय सचिव डॉ. कृष्णा पंडित, हरियाणा विधानसभा के पूर्व सदस्य चौधरी हरि चंद हुड्डा और डॉ. राम कुवार सैनी शामिल हैं। सदन में अदम्य साहस दिखाते हुए मातृभूमि की रक्षा करने के लिए सर्वोच्च बलिदान देने वाले हरियाणा के 22 वीर शहीदों के निधन पर भी शोक व्यक्त किया गया।