ओपी सोनी ने तोड़ी चुप्पी: कहा- सरकार को गुमराह कर रहे अधिकारी, सीबीआई, ईडी और विजिलेंस से भी जांच कराकर देख ले
पूर्व उपमुख्यमंत्री ओपी सोनी ने कहा कि उन्हें दुख है कि जो भी आरोप लगाए जा रहे हैं वे निराधार हैं। उनके तीन महीने के कार्यकाल में सिर्फ 2.5 करोड़ रुपये के सैनिटाइजर खरीदने की अनुमति दी। विभाग की विशेषज्ञ समिति की स्वीकृति के बाद सैनिटाइजर खरीदा गया।
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पंजाब के पूर्व उपमुख्यमंत्री और स्वास्थ्य मंत्री ओपी सोनी ने घोटालों के लग रहे आरोपों के बीच शुक्रवार को अपनी चुप्पी तोड़ी। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार को स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी गुमराह करने में लगे हैं। मुख्यमंत्री सेहत बीमा योजना में पंजाब में सेवाएं दे रही इंश्योरेंस कंपनी को खामियां मिलने पर उन्होंने अपने कार्यकाल में टर्मिनेट करने और जुर्माना लगाने के आदेश दिए थे लेकिन अधिकारियों ने इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं की। उन पर जो भी आरोप लगाए जा रहे हैं वह निराधार हैं। वे हर जांच को तैयार हैं। सरकार यदि चाहे तो इस मामले की सीबीआई, ईडी और विजिलेंस से भी जांच कराकर देख ले।
चंडीगढ़ में शुक्रवार को पत्रकारों से बातचीत करते हुए पूर्व उपमुख्यमंत्री ओपी सोनी ने कहा कि मुख्यमंत्री सेहत सरबत बीमा योजना को लेकर उन पर 500 करोड़ रुपये घोटाले के तथ्यहीन आरोप लगाए जा रहे हैं, जबकि इस मामले की सच्चाई कुछ और है। उन्होंने अपने 111 दिन के कार्यकाल के दौरान जब उपमुख्यमंत्री और स्वास्थ्य मंत्री का दायित्व संभाला तो उन्हें जानकारी मिली की कि जो इंश्योरेंस कंपनी योजना के तहत कार्य कर रही है वह अस्पतालों के भुगतान में लापरवाही कर रही है।
लोगों को अच्छी स्वास्थ्य सुविधाएं मिल सकें इसके लिए उनके द्वारा इस मामले को लेकर स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के साथ कई दौर की बैठक की। साथ ही पूरा मामला तत्कालीन मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी के संज्ञान में भी लाया गया। मुख्यमंत्री के कार्रवाई के निर्देश दिए जाने के बाद उनके द्वारा इंश्योरेंस कंपनी के खिलाफ कार्रवाई करने का आदेश दिया गया।
उन्होंने अधिकारियों को कंपनी को टर्मिनेट करने और उस पर जुर्माना लगाने का आदेश जारी किया लेकिन सरकार बनने के तीन महीने बाद भी अधिकारियों ने कोई कार्रवाई नहीं की। अधिकारी चाहते तो इंश्योरेंस कंपनी को टर्मिनेट कर उस पर 200 से 300 करोड़ जुर्माना लगा सकते थे। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों से पूछा कि उन्होंने अभी तक कंपनी के खिलाफ क्यों नहीं कार्रवाई की।
मैंने सिर्फ 2.5 करोड़ रुपये की दी अनुमति
12 करोड़ रुपये के सैनिटाइजर खरीद घोटाले को लेकर पूर्व उपमुख्यमंत्री ओपी सोनी ने कहा कि उन्हें दुख है कि जो भी आरोप लगाए जा रहे हैं वे निराधार हैं। उनके तीन महीने के कार्यकाल में सिर्फ 2.5 करोड़ रुपये के सैनिटाइजर खरीदने की अनुमति दी। विभाग की विशेषज्ञ समिति की स्वीकृति के बाद सैनिटाइजर खरीदा गया।
वकीलों के साथ पहुंचे सोनी
पत्रकार वार्ता के दौरान उपमुख्यमंत्री ओपी सोनी अपने साथ अधिवक्ताओं की टीम के साथ प्रेस क्लब पहुंचे। उनके साथ पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट की अधिवक्ता मधु दयाल ने मंच साझा किया। साथ ही उनकी टीम के अन्य अधिवक्ता सदस्य भी वहां मौजूद रहे।
मैंने अपने कार्यकाल के दौरान पूरी ईमानदारी से काम किया है। जो भी काम किए हैं वह पंजाब के लोगों के लिए किए हैं। मैं इस लड़ाई को पूरी शिद्दत से लड़ूंगा। - ओपी सोनी, पूर्व उपमुख्यमंत्री, पंजाब