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फ्लाइंग स्क्वैड पर रहेगी आयोग की नजर, वाहनों में लगेंगे जीपीएस डिवाइस
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Mon, 09 Jan 2017 01:19 AM IST
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Election commision
- फोटो : File Photo
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इस बार फ्लाइंग स्क्वैड के मूवमेंट पर चुनाव आयोग की पैनी नजर रहेगी। पहली बार पंजाब में फ्लाइंग स्क्वैड के वाहनों में जीपीएस लगाया जाएगा। ताकि आयोग कंट्रोल रूम में बैठ कर उनके मूवमेंट पर नजर रख सके।
चुनाव आयोग को पहले चुनावों में शिकायतें मिलती रही हैं कि फ्लाइंग स्क्वैड को कहीं गड़बड़ी की सूचना दी जाती थी तो वे किसी पार्टी विशेष को फायदा पहुंचाने के लिए कहीं और चले जाते थे। या फिर देरी से पहुंचते थे, ताकि गड़बड़ करने वालों को पूरा समय मिल जाए। जिसके चलते आयोग ने पहली बार पंजाब विधानसभा चुनाव में सभी फ्लाइंग स्क्वैड के वाहनों पर जीपीएस डिवाइस लगाने का फैसला किया है।
इससे आयोग को इन वाहनों के मूवमेंट का पता रहेगा। साथ ही अगर स्टेट कंट्रोल रूम या रिटर्निंग अफसरों की तरफ से कहीं भी गड़बड़ की शिकायत आती है तो जो स्क्वैड सबसे नजदीक होगा, उसे मौके पर भेजा जा सकेगा। हर विधानसभा हलके में तीन स्क्वैड तैनात किए जाएंगे।
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चुनाव आयोग को पहले चुनावों में शिकायतें मिलती रही हैं कि फ्लाइंग स्क्वैड को कहीं गड़बड़ी की सूचना दी जाती थी तो वे किसी पार्टी विशेष को फायदा पहुंचाने के लिए कहीं और चले जाते थे। या फिर देरी से पहुंचते थे, ताकि गड़बड़ करने वालों को पूरा समय मिल जाए। जिसके चलते आयोग ने पहली बार पंजाब विधानसभा चुनाव में सभी फ्लाइंग स्क्वैड के वाहनों पर जीपीएस डिवाइस लगाने का फैसला किया है।
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इससे आयोग को इन वाहनों के मूवमेंट का पता रहेगा। साथ ही अगर स्टेट कंट्रोल रूम या रिटर्निंग अफसरों की तरफ से कहीं भी गड़बड़ की शिकायत आती है तो जो स्क्वैड सबसे नजदीक होगा, उसे मौके पर भेजा जा सकेगा। हर विधानसभा हलके में तीन स्क्वैड तैनात किए जाएंगे।
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तैयारियों का जायजा लेने 11 को आएंगे जैदी
चुनाव आयोग की टीम
- फोटो : File Photo
पचास हजार रिकवरी पर देनी होगी आयकर को सूचना
चुनाव आयोग ने चुनाव के दौरान नकद राशि सीज किए जाने के नियमों में भी बदलाव किया है। अब फ्लाइंग स्क्वैड या सरवीलेंस टीमें अगर पचास हजार रुपये की भी रिकवरी करती हैं तो उन्हें आयकर विभाग को सूचित करना होगा। पहले दस लाख रुपये तक की रिकवरी पर आयकर विभाग को सूचित करने का प्रावधान था। लेकिन इस बार आयोग ने यह सीमा घटा कर पचास हजार रुपये कर दी है। रिकवरी के बाद आयकर अधिकारी संबंधित व्यक्ति से उसके स्रोत के बारे में पता करेंगे। पंजाब के मुख्य चुनाव अधिकारी वीके सिंह की ओर से सभी डीसी व एसएसपी को इस संबंध में निर्देश भेज दिए गए हैं।
तैयारियों का जायजा लेने 11 को आएंगे जैदी
मुख्य चुनाव आयुक्त डॉ. नसीम जैदी चुनाव की तैयारियों का जायज लेने खुद 11-12 को पंजाब आएंगे। जैदी के साथ उनके सहयोगी एके ज्योति और ओपी रावत भी रहेंगे। आयोग का दल पंजाब के सियासी दलों के प्रतिनिधियों के साथ बातचीत करेगा। इसके साथ ही मुख्य सचिव और डीजीपी के साथ बैठक करेगा। इसके बाद वे मुख्य चुनाव अधिकारी वीके सिंह और सभी डीसी व एसएसपी के साथ मीटिंग कर चुनाव की तैयारियों की समीक्षा करेंगे। सभी अधिकारियों से कहा गया है कि वे पूरी तैयारियों के साथ आएं। अधिकारियों को बताना होगा कि निष्पक्ष चुनाव कराने को अभी तक उन्होंने क्या कदम उठाए।
चुनाव आयोग ने चुनाव के दौरान नकद राशि सीज किए जाने के नियमों में भी बदलाव किया है। अब फ्लाइंग स्क्वैड या सरवीलेंस टीमें अगर पचास हजार रुपये की भी रिकवरी करती हैं तो उन्हें आयकर विभाग को सूचित करना होगा। पहले दस लाख रुपये तक की रिकवरी पर आयकर विभाग को सूचित करने का प्रावधान था। लेकिन इस बार आयोग ने यह सीमा घटा कर पचास हजार रुपये कर दी है। रिकवरी के बाद आयकर अधिकारी संबंधित व्यक्ति से उसके स्रोत के बारे में पता करेंगे। पंजाब के मुख्य चुनाव अधिकारी वीके सिंह की ओर से सभी डीसी व एसएसपी को इस संबंध में निर्देश भेज दिए गए हैं।
तैयारियों का जायजा लेने 11 को आएंगे जैदी
मुख्य चुनाव आयुक्त डॉ. नसीम जैदी चुनाव की तैयारियों का जायज लेने खुद 11-12 को पंजाब आएंगे। जैदी के साथ उनके सहयोगी एके ज्योति और ओपी रावत भी रहेंगे। आयोग का दल पंजाब के सियासी दलों के प्रतिनिधियों के साथ बातचीत करेगा। इसके साथ ही मुख्य सचिव और डीजीपी के साथ बैठक करेगा। इसके बाद वे मुख्य चुनाव अधिकारी वीके सिंह और सभी डीसी व एसएसपी के साथ मीटिंग कर चुनाव की तैयारियों की समीक्षा करेंगे। सभी अधिकारियों से कहा गया है कि वे पूरी तैयारियों के साथ आएं। अधिकारियों को बताना होगा कि निष्पक्ष चुनाव कराने को अभी तक उन्होंने क्या कदम उठाए।