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बेअदबी मामलों की जांच को लेकर पंजाब सरकार का बड़ा फैसला, 5 सदस्यीय एसआईटी गठित
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Tue, 11 Sep 2018 10:27 AM IST
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श्री गुरू ग्रंथ साहिब की बेअदबी
- फोटो : अमर उजाला
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बेअदबी मामलों की जांच के लिए गठित जस्टिस रंजीत सिंह आयोग की सिफारिशों के आधार पर पंजाब सरकार ने पांच अधिकारियों की स्पेशल इंवेस्टीगेशन टीम (एसआईटी) का गठन कर दिया। ब्यूरो ऑफ इंवेस्टिगेशन के निदेशक प्रबोध कुमार के नेतृत्व में यह एसआईटी बेअदबी की घटनाओं से संबंधित आपराधिक मामलों की जांच करके उनमें जल्द से जल्द कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करेगी।
पंजाब सरकार के प्रवक्ता के अनुसार, राज्य पुलिस के डीजीपी ने सोमवार को उक्त एसआईटी के गठन संबंधी पत्र जारी कर दिया है। एसआईटी में आईजी क्राइम अरुण पाल सिंह, आईजी क्राइम कुंवर विजय प्रताप सिंह, एसएसपी कपूरथला सतिंदर सिंह और कमांडेंट पीआरटीसी जहां खेलां भूपिंदर सिंह हैं।
फरीदकोट जिले के कोटकपूरा थाने में 7 अगस्त 2018 को दर्ज एफआईआर नंबर 129 और फरीदकोट जिले के बाज खाना पुलिस स्टेशन में 21 अक्टूबर 2015 को दर्ज एफआईआर नंबर 130 की जांच पहले सीबीआई को सौंपी गई थी। पंजाब सरकार ने बाद में इसे वापस ले लिया था। एसआईटी को यह अधिकार दिया गया है कि वह है बेअदबी के केसों में आवश्यकता पड़ने पर किसी भी अधिकारी की मदद ले सकती है।
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पंजाब सरकार के प्रवक्ता के अनुसार, राज्य पुलिस के डीजीपी ने सोमवार को उक्त एसआईटी के गठन संबंधी पत्र जारी कर दिया है। एसआईटी में आईजी क्राइम अरुण पाल सिंह, आईजी क्राइम कुंवर विजय प्रताप सिंह, एसएसपी कपूरथला सतिंदर सिंह और कमांडेंट पीआरटीसी जहां खेलां भूपिंदर सिंह हैं।
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फरीदकोट जिले के कोटकपूरा थाने में 7 अगस्त 2018 को दर्ज एफआईआर नंबर 129 और फरीदकोट जिले के बाज खाना पुलिस स्टेशन में 21 अक्टूबर 2015 को दर्ज एफआईआर नंबर 130 की जांच पहले सीबीआई को सौंपी गई थी। पंजाब सरकार ने बाद में इसे वापस ले लिया था। एसआईटी को यह अधिकार दिया गया है कि वह है बेअदबी के केसों में आवश्यकता पड़ने पर किसी भी अधिकारी की मदद ले सकती है।
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