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चंडीगढ़ में यूटी कर्मचारियों की हड़ताल, मांगों के लिए हंगामा-नारेबाजी
Wed, 10 Feb 2021 12:28 PM IST
निवेदिता वर्मा
संवाद न्यूज एजेंसी, चंडीगढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, चंडीगढ़
Published by: निवेदिता वर्मा
Updated Wed, 10 Feb 2021 12:28 PM IST
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चंडीगढ़ में नारेबाजी करते मुलाजिम।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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को आर्डिनेशन कमेटी के आह्वान पर मांगों को लेकर बुधवार को सेक्टर 17 के लोकल बस अड्डा के बाहर यूटी मुलाजिम इकट्ठे हो गए और हड़ताल कर रैली की। सीटीयू के मुलाजिम भी सीटीयू के लोकल बस अड्डा के गेट पर रैली करने आ गए। उन्होंने प्रशासन और सीटीयू प्रबंधन के खिलाफ जोरदार नारेबाजी कर रहे हैं। इस दौरान करीब एक घंटे बसों का संचालन बंद रखा गया।
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कोआर्डिनेशन कमेटी की मांग है कि आउट सोर्स पर काम कर रहे मुलाजिमों का डीसी रेट बढ़ाया जाए, मृतक कर्मचारियों के आश्रितों को पंजाब के तर्ज पर नौकरी दी जाए, डीए रिलीज किया जाए, आउटसोर्स कर्मचारियों को समय पर वेतन दिया जाए, वर्क चार्ज और डेली वेज मुलाजिमों को नियमित किया जाए।
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कोआर्डिनेशन कमेटी के नेताओं सत्येंद्र सिंह, राकेश कुमार किशोरी लाल, पी कामराज ने कर्मचारियों को संबोधित किया। करीब तीन हजार कर्मचारी हड़ताल पर हैं। को आर्डिनेशन कमेटी के प्रधान सतिंदर सिंह और महासचिव राकेश कुमार ने बताया कि कई प्रदर्शनों रैलियों और आंदोलनों के बाद भी प्रशासन कर्मचारियों की मांगों को हल करने को तैयार नहीं है। इससे कर्मचारियों में बहुत रोष है।
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इसी रोष के कारण यूटी के कर्मचारी हड़ताल कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि हड़ताली कर्मचारी सेक्टर 17 के लोकल बस अड्डा पर बड़ी रैली कर रहे हैं। रैली के बाद प्रशासक का पुतला जलाएंगे। हड़ताल प्रशासन के अधिकारियों के अड़ियल रवैया के कारण हो रही है।
राकेश कुमार ने कहा कि चंडीगढ़ के प्रशासक से भी कई बार अपील की जा चुकी है। कर्मचारियों की किसी भी मांग को हल नहीं किया जा रहा है। आउटसोर्स कर्मचारियों का आर्थिक शेषण हो रहा है। इसकी जानकारी सभी अधिकारियों को है लेकिन इसमें दखल नहीं दिया जा रहा है। डीसी रेट भी नहीं बढ़ाया गया। जबकि कोविड के दौरान कर्मचारी जान जोखिम में डालकर काम किया है।