ठग बोला, मैं कांग्रेसी हूं और राहुल गांधी से मेरे अच्छे संबंध हैं
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हाई प्रोफाइल ठगी के आरोपी अजय पंडित ने कहा कि मैं 101 प्रतिशत कांग्रेसी हूं और राहुल गांधी समेत और अन्य नेताओं से अच्छे संबंध हैं। उसने कहा कि भाजपा वाले राजनीतिक साजिश के चलते मुझे फंसवा रहे हैं। अजय शर्मा की पेशी के दौरान भारी पुलिस बल तैनात रहा।
उधर, आरोपी अजय पंडित को पकड़कर पीठ थपथपाने वाली करनाल पुलिस नौ दिन के रिमांड के दौरान अजय शर्मा से कुछ खास नहीं उगलवा पाई। नौ दिन में केवल 50 हजार रुपये की बरामदगी की है और उसके एक साथी डॉ. मेहर ऋषि बिशनोई को ही गिरफ्तार कर सकी है। शुक्रवार को पुलिस ने आरोपी को अदालत में पेश किया गया, जहां से अदालत ने उसे जेल भेज दिया।
11 शिकायतें, 20 करोड़ की ठगी
पुलिस के पास अभी तक 11 शिकायतें आई हैं और इनसे करीब 15 से 20 करोड़ रुपये की ठगी की है। पुलिस अभी तक एक भी शिकायतकर्ता के पूरे रुपये नहीं दिलवा सकी है। इस बारे में एसपी पंकज नैन का कहना है कि अब पुलिस जिस भी जिले व राज्य की शिकायत हैं, वहीं पर शिकायत दर्ज करवाने के लिए रिपोर्ट भेज दी है। पुलिस ने काफी गंभीरता से इस केस को डील किया है और कई अहम सुराग उसके साथियों को लगे हैं। उनकी तलाश की जा रही है।
160 करोड़ का लोन दिलाने के नाम पर साढ़े 4 करोड़ की ठगी
गौरतलब है कि करनाल पुलिस ने दिल्ली निवासी हाई प्रोफाइल ठगी के आरोपी अजय शर्मा को दुनार फूड के संचालक सुरेंद्र से साढ़े चार करोड़ रुपये ठगने के मामले में गिरफ्तार किया था। अजय शर्मा ने सुरेंद्र को 160 करोड़ का लोन दिलाने का झांसा दिया था।
इस मामले में दो करोड़ रुपये की रिकवरी करने के बाद पुलिस ने अजय व उसके पांच अन्य साथियों के खिलाफ सेक्टर 9 निवासी वीरेंद्र की शिकायत पर डेढ़ करोड़ रुपये ठगने का केस दर्ज किया था। इस मामले में आरोपी पिछले नौ दिन से रिमांड पर था। रिमांड के दौरान सिविल लाइन थाना पुलिस अजय शर्मा से कोई खास राज नहीं उगलवा पाई और न ही उसके साथियों को गिरफ्तार कर पाई।
सिरसा, हिसार और दिल्ली में छापेमारी के बाद न तो ठगी की बड़ी राशि बरामद कर सकी और न ही गिरोह के सदस्य रितेश तिवारी, विनोद, पंकज व अन्य को गिरफ्तार कर सकी। पुलिस ने सिरसा स्थित आरोपी के घर से मात्र 50 हजार रुपये बरामद किए गए है।
पूरे नौ दिन तक अजय शर्मा पुलिस को गुमराह करता रहा और अपने ठिकाने कभी उत्तराखंड तो कभी अन्य स्थानों पर बताए। शुक्रवार को अजय शर्मा को सिविल लाइन थाना पुलिस ने सीजेएम डॉ. अमित गर्ग की अदालत में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।