{"_id":"9b678ffc75bd74c19739c4e8ecde6bd1","slug":"bank-chief-manager-suicide-case-reffred-to-commision","type":"story","status":"publish","title_hn":"आयोग पहुंचा चीफ मैनेजर की खुदकुशी का मामला","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
आयोग पहुंचा चीफ मैनेजर की खुदकुशी का मामला
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Sun, 06 Jul 2014 07:15 PM IST
विज्ञापन
पीएनबी के चीफ मैनेजर अजय सहगल को क्रोनिक नॉन परफार्मर कहकर आत्महत्या के लिए उकसाने का मामला अब राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग में पहुंच गया है। इस मामले में समाजसेवी एवं वकील पंकज चांदगोठिया ने आयोग में रविवार को अर्जी दर्ज करवाई है। शिकायत में दिल्ली स्थित वित मंत्रालय के सचिव, रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया के गवर्नर, न्यू दिल्ली स्थित हेड ऑफिस पंजाब नेशनल बैंक के चेयरमैन और सेक्टर-17 स्थित पंजाब नेशनल बैंक के रीजनल चेयरमैन को पार्टी बनाया है। गौरतलब है कि 2 जुलाई को चीफ मैनेजर अजय सहगल ने ट्रेन के नीचे आकर खुदकुशी कर ली थी।
विज्ञापन
शिकायत में यह की मांग
-पीएनबी मैनेजमेंट आरोपी अधिकारियों को निलंबित करने के आदेश जारी कर, उन्हें पुलिस के जांच अधिकारियों के समक्ष पेश करने के लिए कहे।
-बैंक मैनेजमेंट पीड़ित परिवार को 5 करोड़ रुपये का मुआवजा अदा करने के आदेश दे, क्योंकि चीफ मैनेजर अजय सहगल की मौत बैंक प्रशासन के अधिकारियों की लापरवाही के कारण हुई।
विज्ञापन
-ऐसी शिकायतें सुनने के लिए सभी बैंक एंटी हरासमेंट कमेटी का गठन करें।
कोट.......
बैंक प्रशासन आरोपी अधिकारियों को बचा रहा है। आरोपी अधिकारियों को निलंबित करने के बजाए बजाय उनका तबादला कर दिया गया है। सुविधा के अनुसार हर निवासी को जीवन निर्वाह के लिए बिना किसी दबाव के काम करने का अधिकार मिला है। जबकि, चीफ मैनेजर पर लगातार दबाव बनाया गया। ऐसे में बैंक प्रशासन ने ह्यूमन राइट की वॉयलेशन की है।
विज्ञापन
पकंज चांदगोठिया, वकील