{"_id":"5c31b7cbbdec2256db0629bc","slug":"consumer-forum-chandigarh-decision-against-retailer-of-elante-mall","type":"story","status":"publish","title_hn":"फरमानः सामान खरीदकर ग्राहक हाथ में नहीं ले जा सकता, तो दुकानदार मुफ्त में दें कैरी बैग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
फरमानः सामान खरीदकर ग्राहक हाथ में नहीं ले जा सकता, तो दुकानदार मुफ्त में दें कैरी बैग
Sun, 06 Jan 2019 01:39 PM IST
खुशबू गोयल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: खुशबू गोयल
Updated Sun, 06 Jan 2019 01:39 PM IST
विज्ञापन
उपभोक्ता आयोग
- फोटो : DEMO Pics
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कंज्यूमर फोरम ने इंडस्ट्रियल एरिया स्थित एलांते मॉल के ‘लाइफ इंटरनेशनल रिटेल स्टोर’को अपने ग्राहकों के लिए मुफ्त कैरी बैग देने के आदेश दिए हैं। फोरम यह आदेश शिकायतकर्ता पंकज चांदगोटिया और उनकी पत्नी संगीता के केस में सुनाया है। फोरम ने साथ ही रिटेल स्टोर द्वारा शिकायतकर्ता को कैरी बैग के 5 रुपये वापस करने तीन हजार रुपये केस खर्च और मुआवजे के रूप में देने के आदेश भी दिए हैं। शिकायत के मुताबिक पति-पत्नी दोनों ने एलांते मॉल की लाइफ इंटरनेशनल रिटेल स्टोर से कुछ सामान खरीदा था।
बिल देने के लिए जब वे काउंटर पर गए तो उनके पैसे काटकर खरीदा गया सामान बिना कैरी बैग के उन्हें दे दिया गया। जब उन्होंने कैरी बैग मांगा तो एक कैरी बैग के लिए अलग से 5 रुपये की मांग की गई। मजबूरी में दंपती ने 5 रुपये का कैरी बैग खरीदा। इसके बाद उन्होंने कंज्यूमर फोरम में मामले की शिकायत की। वहीं रिटेल स्टोर की तरफ से दलील दी गई कि सरकार द्वारा पॉलीथिन कैरी बैग बंद करने के बाद उन्हें पेपर के कैरी बैग खरीदने पड़ रहे हैं, जिसकी कीमत पॉलीथिन के कैरी बैग से ज्यादा है।
ऐसे में वह पेपर बैग मुफ्त में नहीं दे सकते। दोनों पक्षों की दलीलों को सुनने के बाद फोरम ने कहा कि कंपनी के देशभर में कई स्टोर हैं। ग्राहक जो सामान खरीदता है, वह उसको हाथ में नहीं ले जा सकता। सभी को कैरी बैग देना चाहिए। फोरम ने कहा कि स्टोर जिस बैग के चार्ज लेने की बात कर रहा है उस बैग के दोनों साइड पर उक्त स्टोर का ही विज्ञापन छपा होता है। ऐसे में उनके स्टोर का प्रचार भी हो रहा है। ग्राहकों को कैरी बैग देना सभी स्टोर के लिए अनिवार्य है। फोरम ने फैसला सुनाते हुए लाइफ इंटरनेशनल रिटेल स्टोर को फोरम के अकाउंट में 10 हजार रुपये जमा कराने के आदेश दिए हैं।
विज्ञापन
साथ ही शिकायतकर्ता को खरीदे गए कैरी बैग के 5 रुपये लौटाने के साथ मानसिक परेशानी के लिए 1500 रुपये और 1500 रुपये केस खर्च देने के भी आदेश दिए हैं।
विज्ञापन
बिल देने के लिए जब वे काउंटर पर गए तो उनके पैसे काटकर खरीदा गया सामान बिना कैरी बैग के उन्हें दे दिया गया। जब उन्होंने कैरी बैग मांगा तो एक कैरी बैग के लिए अलग से 5 रुपये की मांग की गई। मजबूरी में दंपती ने 5 रुपये का कैरी बैग खरीदा। इसके बाद उन्होंने कंज्यूमर फोरम में मामले की शिकायत की। वहीं रिटेल स्टोर की तरफ से दलील दी गई कि सरकार द्वारा पॉलीथिन कैरी बैग बंद करने के बाद उन्हें पेपर के कैरी बैग खरीदने पड़ रहे हैं, जिसकी कीमत पॉलीथिन के कैरी बैग से ज्यादा है।
विज्ञापन
ऐसे में वह पेपर बैग मुफ्त में नहीं दे सकते। दोनों पक्षों की दलीलों को सुनने के बाद फोरम ने कहा कि कंपनी के देशभर में कई स्टोर हैं। ग्राहक जो सामान खरीदता है, वह उसको हाथ में नहीं ले जा सकता। सभी को कैरी बैग देना चाहिए। फोरम ने कहा कि स्टोर जिस बैग के चार्ज लेने की बात कर रहा है उस बैग के दोनों साइड पर उक्त स्टोर का ही विज्ञापन छपा होता है। ऐसे में उनके स्टोर का प्रचार भी हो रहा है। ग्राहकों को कैरी बैग देना सभी स्टोर के लिए अनिवार्य है। फोरम ने फैसला सुनाते हुए लाइफ इंटरनेशनल रिटेल स्टोर को फोरम के अकाउंट में 10 हजार रुपये जमा कराने के आदेश दिए हैं।
विज्ञापन
साथ ही शिकायतकर्ता को खरीदे गए कैरी बैग के 5 रुपये लौटाने के साथ मानसिक परेशानी के लिए 1500 रुपये और 1500 रुपये केस खर्च देने के भी आदेश दिए हैं।