अमृतसर आतंकी हमले पर बोले सीएम अमरिंदर सिंह, खालिस्तानी या कश्मीरी ग्रुप का हो सकता हाथ
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सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कहा है कि अमृतसर बम ब्लास्ट में आईएसआई आधारित खालिस्तानी या कश्मीरी कट्टरपंथी ग्रुप शामिल हो सकते हैं। पिछले 18 माह में ऐसे 18 आतंकवादी गिरोहों को काबू किया गया है, जिनमें कश्मीरी आतंकियों का संबंध होने के भी संकेत मिले हैं। इसकी पुष्टि जालंधर के मकसूदां पुलिस थाने पर ग्रेनेड हमले के केस और जालंधर से ही कश्मीरी विद्यार्थियों की गिरफ्तारी से होती है।
सीएम ने राजासांसी के गांव अदलीवाल में निरंकारी सत्संग भवन में हुए बम धमाके के बाद स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने फौरन गृह सचिव, डीजीपी, डीजीपी (कानून व्यवस्था) और डीजीपी इंटेलिजेंस को घटनास्थल पर पहुंचने के आदेश दिए। सीएम ने पुलिस को निर्देश दिए कि हमले के मद्देनजर संवेदनशील जगहों पर सुरक्षा प्रबंध और मजबूत किए जाएं। सीएम ने बताया कि फोरेंसिक टीमों को घटनास्थल पर भेज दिया गया है, हर पक्ष से जांच की जा रही है।
हमले के पीछे आईएसआई समर्थित खालिस्तानी या कश्मीरी कट्टरपंथी गुट हो सकते हैं। उनकी सरकार जल्द ही मामले की तह तक जाकर दोषियों को काबू करके कानून के कठघरे में खड़ा करेगी। उन्होंने चेतावनी दी कि सूबे की अमन-शांति और सद्भावना को भंग करने की कोशिश की हरगिज इजाजत नहीं दी जाएगी। सीएम ने मृतकों के परिजनों को 5-5 लाख की सहायता देने के एलान के साथ घायलों को मुफ्त चिकित्सा सुविधा मुहैया कराने के निर्देश दिए।
सीएम ने बताया कि शुरुआती पड़ताल में सामने आया है कि दो व्यक्ति थे, जिनमें से एक की बड़ी दाढ़ी थी, उन्होंने चेहरे ढके हुए थे, पिस्तौल तान कर जबरन हॉल में दाखिल हुए। उन्होंने सेवादार को नजरबंद करके ग्रेनेड फेंका और बाइक पर फरार हो गए। धमाके वाली जगह पर तीन फुट का गड्ढा बन गया है, फोरेंसिक टीमें उसकी जांच कर रही हैं। मौके से मिले ग्रेनेड के सेफ्टी वाल्व की भी पड़ताल की जा रही है। सीएम ने लोगों से कहा कि वे खौफजदा न हों और अमन शांति बनाए रखें। सरकार भी घटना के मद्देनजर किसी तरह की बेचैनी पैदा न होना यकीनी बनाएगी।
जारी हैं पाक की नापाक सरगर्मियां
सीएम ने कहा कि भले ही 2015-16 में सूबे को साजिश के तहत हुए हमलों का सामना करना पड़ा था। पर पिछले कुछ समय से ऐसी हत्याओं के जरिए शांति भंग करने की यह पहली कोशिश है। इससे यह विश्वास और पक्का हो गया है कि सूबे की अमन-शांति को तार-तार करने को पाक ने अपनी नापाक सरगर्मियां जारी रखी हैं।