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Chandigarh: बिना फायर एनओसी चल रहा चंडीगढ़ पीजीआई, 16 में से 15 इमारतों में इंतजाम पूरे नहीं

Wed, 11 Oct 2023 10:13 AM IST
निवेदिता वर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: निवेदिता वर्मा Updated Wed, 11 Oct 2023 10:13 AM IST
सार

शहर में जब भी कहीं आग लगती है तो अग्निशमन विभाग की आंख खुलती है उन सभी को नोटिस जारी किया जाता है, जिनके पास फायर एनओसी नहीं होता। इस बार भी ऐसा ही हुआ है। पीजीआई में हुए अग्निकांड के बाद मंगलवार को अग्नि विभाग ने पंजाब यूनिवर्सिटी समेत कई संस्थाओं व इमारतों को नोटिस जारी किया है।

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Chandigarh PGI is running without fire NOC
पीजीआई में लगी आग - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी।

विस्तार

हर साल लाखों लोगों का इलाज करने वाला चंडीगढ़ का सबसे बड़ा अस्पताल पीजीआई बिना फायर एनओसी (नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट) के चल रहा है। पीजीआई ने अपने स्तर पर आग से सुरक्षा के लिए कुछ उपकरण लगाए हुए हैं लेकिन वो फायर एनओसी के मानदंड को पूरा नहीं करते। हैरानी की बात है कि पीजीआई की 16 इमारतों में से 15 के पास एनओसी ही नहीं है।

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पीजीआई में सोमवार रात को हुए अग्निकांड के बाद यूटी के अग्निशमन विभाग की तरफ से बताया गया कि पीजीआई में सिर्फ नेहरू एक्सटेंशन की इमारत के पास ही फायर एनओसी है। पीजीआई की अन्य कोई भी इमारत अग्नि के मानदंडों को पूरा नहीं करती। वर्ष 2021 में पीजीआई ने 16 इमारतों के फायर एनओसी के लिए आवेदन किया था। इसके बाद अग्निशमन विभाग ने सभी इमारतों की जांच की और कई कमियां बताईं।

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अस्पताल के लिए अलग होते हैं फायर एनओसी के मानदंड
सभी इमारतों के लिए अलग-अलग एनओसी की जरूरत होती है। किसी अस्पताल के लिए फायर एनओसी के मानदंड काफी अलग होते हैं। विभाग ने कई कमियों को उजागर करते हुए कहा कि अगर पीजीआई इन्हें पूरा कर लेता है तो उन सभी इमारत को भी फायर एनओसी जारी कर दी जाएगी। नेहरू एक्सटेंशन ब्लॉक ने मानदंडों को पूरा कर लिया, जिसके बाद उसे एनओसी जारी कर दी गई। हालांकि अन्य 15 इमारतों ने दो साल बीतने के बाद भी कमियों को दूर नहीं किया और न ही अग्निशमन विभाग ने पीजीआई को नोटिस जारी कर याद दिलाया। दोनों की लापरवाही का खामियाजा सोमवार देर रात सैंकड़ों मरीजों और तीमारदारों ने भुगता।

पीजीआई के नाम सात को नोटिस, मंगलवार को भेजने से पहले ही लगी आग
शहर के मुख्य अग्निशमन अधिकारी गुरिंदर सिंह सोढ़ी ने कहा कि फायर एनओसी नहीं होने पर कई संस्थानों के साथ पीजीआई को भी सात अक्तूबर को नोटिस जारी किया गया था। उन नोटिसों को मंगलवार को डिलीवर किया जाना था, लेकिन उससे पहले ही आग लग गई। उन्होंने बताया कि स्टाफ की कमी की वजह से नोटिस को उसी दिन डिलीवर नहीं किया जा सका। हालांकि अब पीजीआई को नोटिस भेजकर तुरंत फायर एनओसी के लिए मानदंडों को पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं।

जागा विभाग, पीयू समेत कई संस्थाओं को नोटिस
शहर में जब भी कहीं आग लगती है तो अग्निशमन विभाग की आंख खुलती है उन सभी को नोटिस जारी किया जाता है, जिनके पास फायर एनओसी नहीं होता। इस बार भी ऐसा ही हुआ है। पीजीआई में हुए अग्निकांड के बाद मंगलवार को अग्नि विभाग ने पंजाब यूनिवर्सिटी समेत कई संस्थाओं व इमारतों को नोटिस जारी किया है। मुख्य अग्निशमन अधिकारी ने इसकी पुष्टि की है। उन्होंने कहा कि सभी को नोटिस देने के साथ चेतावनी दी गई है कि अगर वो जल्द मानदंडों को पूरा नहीं करेंगे तो उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। 50 हजार रुपये तक का जुर्माना भी लगाया जा सकता है।

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