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HCS पेपर लीक मामले में हाईकोर्ट में पेश हुए चंडीगढ़ के डीजीपी और बोले...
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Fri, 18 May 2018 11:24 AM IST
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Tejinder Singh Luthra
- फोटो : File Photo
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बहुचर्चित जज पेपर लीक मामले की जांच पर हाईकोर्ट की फटकार के बाद वीरवार को चंडीगढ़ के डीजीपी तजिंदर सिंह लूथरा हाईकोर्ट में पेश हुए। हाईकोर्ट में उन्होंने माना कि जांच में खामियां जरूर हैं लेकिन किसी तरह का कोई दबाव नही हैं। इसकेसाथ ही कहा कि अब वे जांच की निगरानी खुद करेंगे। उन्होंने बताया कि अब जांच तेजी से जारी है। बुधवार को हाईकोर्ट ने जज पेपर लीक मामले की जांच के लिए गठित एसआईटी की जांच पर सवालिया निशान लगाते हुए चंडीगढ़ के डीजीपी को तलब कर लिया था। डीजीपी लूथरा वीरवार को हाईकोर्ट में हाजिर हुए।
फुल बेंच ने उनसे पूछा कि क्या इस जांच से आप संतुष्ट हैं। लूथरा ने कहा कि जांच में कुछ गैप्स हैं, लेकिन अब जांच सही दिशा में जा रही है। कोर्ट ने कहा कि जिस तरह से पहले आरोपियों के 164 के बयान अन्य आरोपी को दिए गए वह यह बताने के लिए काफी है कि कितने लापरवाह रवैए के साथ जांच की जा रही है। हाईकोर्ट ने पूर्व रजिस्ट्रार (रिक्रूटमेंट) बलविंदर शर्मा द्वारा एसआईटी की कॉल डिटेल्स मांगे जाने पर जवाब मांगा। इस पर बताया गया कि जिला अदालत के कॉल डिटेल सौंपने के फैसले को चुनौती देने वाली याचिका को हाईकोर्ट में दाखिल कर दिया गया है। हाईकोर्ट जल्द ही सुनवाई कर सकती है।
प्रॉसिक्यूशन और जांच एजेंसी तालमेल से काम करें
हाईकोर्ट ने कहा कि इस मामले में प्रॉसिक्यूशन और जांच एजेंसी पूरे तालमेल के साथ के साथ काम करें। अभी तक दोनों में कोई भी तालमेल ही नजर नहीं आया है। यही कारण रहा है कि एक आरोपी ने पूरी एसआईटी और प्रॉसिक्यूशन को ही आरोपी बना दिया है। जबकि वह खुद मामले में आरोपी है प्रॉसिक्यूशन और एसआईटी बैठक कर ही आगे की कार्रवाई पर निर्णय लें इन्हीं आदेशों के साथ हाईकोर्ट ने याचिका पर सुनवाई अगले सप्ताह तक स्थगित कर दी है
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मामले में कुछ तो है जो जांच प्रभावित की जा रही: हाईकोर्ट
हाईकोर्ट ने कहा कि एसआईटी जिस तरह से मामले की जांच कर रही है उससे कई सवाल खड़े होते हैं कि इस मामले में कुछ तो है जो जांच प्रभावित की जा रही है। आरोपी बलविंदर शर्मा भी ट्रायल के दौरान दायर एक अर्जी में कह चुका है कि इस मामले में रसूखदार शामिल हैं इसीलिए एसआईटी सही जांच नहीं कर रही है। डीजीपी ने किसी भी प्रकार के दबाव से इनकार किया तो हाईकोर्ट ने उनसे कहा कि किसी प्रकार के दबाव की स्थिति में सबसे पहले हाईकोर्ट को सूचित करें।
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फुल बेंच ने उनसे पूछा कि क्या इस जांच से आप संतुष्ट हैं। लूथरा ने कहा कि जांच में कुछ गैप्स हैं, लेकिन अब जांच सही दिशा में जा रही है। कोर्ट ने कहा कि जिस तरह से पहले आरोपियों के 164 के बयान अन्य आरोपी को दिए गए वह यह बताने के लिए काफी है कि कितने लापरवाह रवैए के साथ जांच की जा रही है। हाईकोर्ट ने पूर्व रजिस्ट्रार (रिक्रूटमेंट) बलविंदर शर्मा द्वारा एसआईटी की कॉल डिटेल्स मांगे जाने पर जवाब मांगा। इस पर बताया गया कि जिला अदालत के कॉल डिटेल सौंपने के फैसले को चुनौती देने वाली याचिका को हाईकोर्ट में दाखिल कर दिया गया है। हाईकोर्ट जल्द ही सुनवाई कर सकती है।
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प्रॉसिक्यूशन और जांच एजेंसी तालमेल से काम करें
हाईकोर्ट ने कहा कि इस मामले में प्रॉसिक्यूशन और जांच एजेंसी पूरे तालमेल के साथ के साथ काम करें। अभी तक दोनों में कोई भी तालमेल ही नजर नहीं आया है। यही कारण रहा है कि एक आरोपी ने पूरी एसआईटी और प्रॉसिक्यूशन को ही आरोपी बना दिया है। जबकि वह खुद मामले में आरोपी है प्रॉसिक्यूशन और एसआईटी बैठक कर ही आगे की कार्रवाई पर निर्णय लें इन्हीं आदेशों के साथ हाईकोर्ट ने याचिका पर सुनवाई अगले सप्ताह तक स्थगित कर दी है
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मामले में कुछ तो है जो जांच प्रभावित की जा रही: हाईकोर्ट
हाईकोर्ट ने कहा कि एसआईटी जिस तरह से मामले की जांच कर रही है उससे कई सवाल खड़े होते हैं कि इस मामले में कुछ तो है जो जांच प्रभावित की जा रही है। आरोपी बलविंदर शर्मा भी ट्रायल के दौरान दायर एक अर्जी में कह चुका है कि इस मामले में रसूखदार शामिल हैं इसीलिए एसआईटी सही जांच नहीं कर रही है। डीजीपी ने किसी भी प्रकार के दबाव से इनकार किया तो हाईकोर्ट ने उनसे कहा कि किसी प्रकार के दबाव की स्थिति में सबसे पहले हाईकोर्ट को सूचित करें।