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सावधान! पानी बर्बाद किया तो भरना पड़ेगा चालान
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Mon, 13 Apr 2015 02:41 PM IST
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गर्मी जैसे-जैसे अपने तेवर दिखा रही है, पानी की किल्लत शुरू हो गई है। अब पानी की बर्बादी पूरी तरह बंद करनी होगी।
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निगम के जनस्वास्थ्य विभाग ने पब्लिक नोटिस जारी कर कहा है कि 15 अप्रैल से शहर में गाड़ियों की धुलाई और बगीचों की सिंचाई करते कोई पकड़ा गया तो एक्शन होगा।
पेयजल बर्बाद करने वालों का दो हजार रुपये का चालान काटा जाएगा। चालान के बाद दोबारा पकड़े जाने पर जुर्माने के नोटिस के साथ ही पानी का कनेक्शन भी काट दिया जाएगा। नगर निगम अधिकारियों के अनुसार कनेक्शन काटने के लिए अलग से कोई नोटिस भी जारी नहीं किया जाएगा।
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निगम ने गर्मी शुरू होने पर पानी की किल्लत को दूर करने के लिए यह निर्णय लिया है। शहर में पानी की बर्बादी करने वालों पर नजर रखने के लिए नगर निगम ने एक दर्जन से ज्यादा टीमों का गठन कर दिया है।
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सबसे ज्यादा बागवानी के लिए पेयजल की बर्बादी उत्तरी सेक्टरों के वीआईपी इलाकों में होती है। क्योंकि वहां पर ही लोगों के ज्यादा बगीचे हैं और परिवार के हर सदस्य के पास कार भी है।
शहर में जिन घरों की छतों की टंकियों से पानी बहता है उनका भी चालान काटा जाएगा। जिस किसी के घर के बाहर पानी की लीकेज होगी उसका भी चालान होगा। पानी के मीटर की लीकेज और कूलर से पानी बहने पर भी चालान काटेगा।
निगम का यह कार्रवाई अभियान 15 अप्रैल से लेकर 30 जून तक जारी रहेगा। अगर कोई जुर्माने की राशि अदा नहीं करेगा तो पानी के बिल में यह राशि जुड़कर आ जाएगी।
बाल्टी का प्रयोग कर सकते हैं
अगर कोई बाल्टी में से कम पानी का प्रयोग कर गाड़ी साफ करता है या फिर सिंचाई करता है तो उस पर कार्रवाई नहीं की जाएगी।
गर्मी में पानी की मांग होती है ज्यादा
शहर में इस समय 87 एमजीडी पानी की सप्लाई हो रही है। गर्मी के दिनों में यह मांग बढ़कर 116 एमजीडी हो जाती है। 67 एमजीडी की सप्लाई कजौली वाटर वर्क्स से और 20 एमजीडी की सप्लाई ट्यूबवेल से हो रही है।
15 अप्रैल से पानी की बर्बादी करने वालों के खिलाफ मुहिम छेड़ी जाएगी। गाड़ियों को पीने के पानी से धोने और सिंचाई करने वालों पर नजर रखी जाएगी।
-मुकेश आनंद,
चीफ इंजीनियर