{"_id":"3f3834daf743e53d0ff4df590a040c4c","slug":"board-exam-might-be-start-in-class-5-and-8-in-haryana-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"यहां शुरू हो सकती है पांचवीं और आठवीं कक्षा में बोर्ड की परीक्षा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
यहां शुरू हो सकती है पांचवीं और आठवीं कक्षा में बोर्ड की परीक्षा
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Fri, 12 Feb 2016 09:12 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हरियाणा के शिक्षा मंत्री रामबिलास शर्मा ने कहा है कि राज्य सरकार ने हरियाणा में पांचवीं व आठवीं कक्षा की बोर्ड परीक्षाएं लेने को केंद्र सरकार से मंजूरी के लिए प्रस्ताव भेजा है।
विज्ञापन
शिक्षा मंत्री ने यह जानकारी शुक्रवार को नई दिल्ली में मानव संसाधन विकास राज्यमंत्री उपेन्द्र कुशवाहा की अध्यक्षता में आयोजित नेशनल कमिशन फॉर प्रोटेक्शन आफ चाइल्ड राइट्स की एजूकेशन डिवीजन की सेंट्रल एडवाइजरी बोर्ड फॉर एजूकेशन की सब-कमेटी की बैठक में जानकारी दी। इस कमेटी के चेयरमैन उपेन्द्र कुशवाहा हैं और हरियाणा के शिक्षा मंत्री इस कमेटी के डिप्टी चेयरमैन हैं।
विज्ञापन
बैठक में शिक्षा मंत्री शर्मा ने बताया कि 22 राज्यों ने नो-डिटेंशन पालिसी को हटाने का प्रस्ताव भी केंद्र सरकार को भेजा है ताकि ड्राप आउट रेट को कम किया जा सके। उन्होंने बताया कि ड्राप-आउट का मूल कारण गरीबी है। इस मौके पर एक दर्जन सदस्य, जो विभिन्न राज्यों से थे, उन्होंने ड्राप-आउट रोकने के सुझाव भी दिए।
विज्ञापन
शिक्षा मंत्री ने बताया कि स्कूल को वातावरण स्वच्छ एवं संस्कारमय होना चाहिए। शिक्षा अधिकारियों को एक-एक गांव गोद लेना चाहिए। माडल संस्कृति विद्यालय और आरोही स्कूल विद्यालय की स्थापना भी होनी चाहिए।
उन्होंने बताया कि अध्यापक में अंदर का अध्यापक जगाया जाए तो बच्चों का सर्वांगीण विकास हो सकता है और जिसके लिए उन्हें कृत संकल्प होना चाहिए।
उन्होंने बैठक में बताया कि राज्य सरकार ने बेटी बचाओ-बेटी पढाओ कार्यक्रम के तहत अच्छा कार्य किया, जिसकी वजह से पिछले 15 महीनों बाद एक हजार लड़कों के पीछे 905 लड़कियों की संख्या हो गई है। उन्होंने राज्य सरकार द्वारा पंचायती राज चुनावों में शिक्षा की शर्त को लगाए जाने की उपलब्धि बताते हुए कहा कि इन नियमों के कारण चुनावों में अच्छे परिणाम और अच्छे लोग आगे आए हैं।
उन्होंने कहा कि शिक्षा मित्रों को भी जीविका से जोड़ना चाहिए और स्वास्थ्य व शिक्षा के क्षेत्र में बजट को बढ़ाए जाने की जरूरत की सलाह भी दी। शिक्षा मंत्री ने इस कमेटी की अगली बैठक हरियाणा में करवाए जाने का सुझाव भी दिया। इस मौके पर विभिन्न राज्यों से आए हुए सदस्य भी उपस्थित थे।