मिशन 2019: हुड्डा के गढ़ में भाजपा ने खेला जाट आरक्षण के दौरान हुई हिंसा का कार्ड
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पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा के गढ़ में शनिवार को भाजपा ने फरवरी 2016 में जाट आरक्षण आंदोलन के दौरान हुई हिंसा का सियासी कार्ड खेला। डॉ. मंगलसेन की जयंती पर आयोजित कार्यक्रम में दो मंत्रियों धनखड़ और अभिमन्यु ने गरम होते हुए हिंसा पर भूपेंद्र सिंह हुड्डा का नाम लिए बिना घेरा। दोनों नेताओं ने आक्रामक अंदाज में कहा कि रोहतक को जलाने वाले को कभी माफ नहीं करना। दिल में धधक रही आग को जलाए रखना। वहीं, हुड्डा ने कहा कि भाजपा ने चार साल में तीन बार प्रदेश को जलवा दिया। प्रकाश आयोग की रिपोर्ट को दबाए बैठी है। प्रदेश की जनता ऐसे लोगों को माफ नहीं करेगी।
द्रोपदी, चाणक्य और ऊधम सिंह की तरह लो संकल्प : धनखड़
ओपी धनखड़ ने अपने भाषण में कहा कि फरवरी 2016 में मय्यड़ में पटरी पर दिए जा रहे धरने को खत्म करवाकर आया था। 15 फरवरी को रोहतक में पढ़ी-लिखी पंचायतों का कार्यक्रम में भाग लेना था। मय्यड़ से आने के बाद रात को बहादुरगढ़ में एक शादी समारोह में शामिल हुआ। सुबह पता चला कि सांपला में कुछ लोग सड़क पर बैठे हैं। मैं वहां गया और बुजुर्गों को समझा बुझाकर उठा दिया, लेकिन एक दल से संबंध रखने वाले कुछ लोग नहीं उठे।
तीन दिन बाद रोहतक में आग लग गई। उस आग को दिल में जलाए रखना, भूलना नहीं। मैं कभी नहीं भूल सकता। द्रोपदी ने कैसे केश खुले रखकर गुस्से को पाला, जबकि चाणक्य ने नंद के दरबार में अपमानित होने पर शिखा खोल ली थी। शहीद ऊधम सिंह ने जरनल डायर को मारकर अपने गुस्से को शांत किया। तुम लोग भी वोट देकर ऐसे लोगों को सबक सिखाना। ऐसे लोगों को क्षेत्र और शहर का प्रतिनिधित्व करने का अधिकार नहीं है। पार्टी कार्यकर्ता यह संकल्प लेकर जाएं।
संकल्प लीजिए, मगध को नंद से मुक्त कराना है : अभिमन्यु
कैप्टन अभिमन्यु ने कहा कि फरवरी 2016 की आगजनी में लाख प्रयास के बावजूद शहर और घर को नहीं बच सका। अब सच्चाई सामने आ गई है। पाप करने वाले लोग कौन थे। वीडियो देखें। भाषण करते हैं कि ये कहां से आ गए। सीएम के नाम पर गलत भाषण देते हैं। कहते हैं कि उन लोगों की संस्कृति मेल नहीं खाती। आप साथ दो, ऐसे लोगों को उसी जगह भेज दूंगा, जहां से आए थे।
रोहतक के लोगों को ऐसी बातें करने वाला प्रतिनिधि नहीं चाहिए। मैं चुनौती देता हूं कि रोहतक शहर आठ हलकों की लीड को भी खत्म कर देगा। ऐसे भाषण देने वाले लोग संसद का मुंह नहीं देख पाएंगे। अब रोहतक को दोबारा जलने नहीं देंगे। रोहतक की आत्मा परमात्मा बनकर ऐसे लोगों पर कहर ढाएगी। याद हमें भी है। याद आप को भी है। संकल्प लीजिए, मगध को नंद से मुक्त कराना है। अपने नेताओं को चंद्रगुप्त मौर्य बनाकर संसद में भेजें।
शिक्षा मंत्री रामबिलास शर्मा ने अपने भाषण में पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा पर कटाक्ष किए। बोले कि राहुल और हुड्डा को कुर्सी काटे का रोग लगा है। राहुल को प्रधानमंत्री बनने की जल्दी है। हुड्डा फिर कुर्सी चाहते हैं। हुड्डा से अच्छे तो चौटाला है, जो जेल में गीता तो पढ़ रहा है। हुड्डा को तो हथकड़ी भी नहीं दिखाई और परेशान हो गए। अशोक तंवर की साइकिल फतेहाबाद में पंक्चर हो गई। जबकि हुड्डा मेवात तक रथयात्रा ले गए। वे बताएं क्या अपनी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष हैं या विधायक दल के नेता? कुछ भी नहीं हैं तो क्यों जनभ्रांति यात्रा निकाल रहे?
मंत्रियों की बयानबाजी के मायने
1. लोकसभा चुनाव में छह माह बचे हैं। चुनाव से ठीक पहले भाजपा जाट और गैर जाट का कार्ड खेलना चाहती है, जो उसके लिए सटीक बैठता है।
2. पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा की सियासत के लिए जाट के साथ गैर जाट वोट बैंक होना जरूरी माना जाता है। ऐसे में रोहतक आकर जाट आरक्षण के दौरान हुई हिंसा को याद दिलाकर पूर्व सीएम को घेरने का मौका भाजपा नहीं छोड़ना चाहती।
3. मनोहर सरकार के मंत्री कैप्टन अभिमन्यु और ओमप्रकाश धनखड़ ने जाट आरक्षण के दौरान हुई हिंसा का जिक्र करके आक्रामक भाषण दिया। जबकि रामबिलास शर्मा ने हुड्डा पर कटाक्ष किया। वहीं, सीएम नरम नजर आए। इससे साफ है कि भाजपा मनोहर लाल को पूर्व पीएम अटल बिहारी वाजपेयी की तरह प्रस्तुत करना चाहती है, ताकि जनता को बताया जा सके कि विपक्ष भी मनोहर लाल की तारीफ करता है।
4. जनसभा में सीएम मनोहर लाल और उनके चार मंत्री रामबिलास शर्मा, कैप्टन अभिमन्यु, ओमप्रकाश धनखड़ और मनीष ग्रोवर मौजूद रहे। किसी ने भी इनेलो या चौटाला पर हमला नहीं बोला। केवल कांग्रेस और हुड्डा को घेरा। इससे संकेत मिलता है कि भाजपा भविष्य में इनेलो से गठबंधन की संभावनाएं खत्म नहीं करना चाहती।
भाजपा ने चार साल में तीन बार प्रदेश को जलाया : हुड्डा
भाजपा ने अपने चार साल के कार्यकाल में तीन बार प्रदेश को जलाया है। दूसरा, खुद भाजपा सरकार ने प्रकाश आयोग गठित किया। आयोग ने भाजपा सरकार को ही हिंसा के लिए जिम्मेदार ठहराया। भाजपा समाज को बांटकर राजनीतिक करती रही है। प्रदेश की जनता इन्हें कभी माफी नहीं करेगी। -भूपेंद्र सिंह हुड्डा, पूर्व सीएम
भाईचारा खराब कर रही भाजपा : मलिक
प्रदेश के अंदर भाजपा राजनीतिक फायदे के लिए भाईचारा खराब करने का प्रयास कर रही है। इसके लिए नेताओं की दो टीमें बना रखी हैं। टीम ए में राजकुमार सैनी, मनीष ग्रोवर व करनाल से सांसद अश्वनी चोपड़ा हैं। जबकि बी टीम में ओमप्रकाश, कैप्टन अभिमन्यु व सुभाष बराला शामिल हैं। दोनों टीमें अपने-अपने तरीके से माहौल खराब कर रही हैं, लेकिन जाट आरक्षण संघर्ष समिति माहौल नहीं बिगड़ने देगी।- यशपाल मलिक, अध्यक्ष, अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष समिति