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नाभा जेल में मारे गए डेरा प्रेमी बिट्टू के परिवार ने लगाए आरोप, बेटा बोला- साजिश रचकर मारा गया
Mon, 24 Jun 2019 10:30 AM IST
खुशबू गोयल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, फरीदकोट(पंजाब)
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, फरीदकोट(पंजाब)
Published by: खुशबू गोयल
Updated Mon, 24 Jun 2019 10:30 AM IST
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डेरा प्रेमी महिंदरपाल बिट्टू
- फोटो : अमर उजाला
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नाभा जेल में कत्ल किए गए डेरा प्रेमी मोहिंदर पाल सिंह बिट्टू का परिवार सामने आया और बेटे ने पिता की हत्या के पीछे बड़ी साजिश की आशंका जताई। डेरा प्रेमी के बेटे अरमिंदर ने अपने पिता की सुरक्षा में लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए जेल प्रशासन पर उंगली उठाई है।
अरमिंदर ने इस पूरे मामले को एक साजिश करार दिया है। अरमिंदर का कहना है कि वह वारदात से पहले ही अपने पिता को मिलकर आया था। पिता अकसर शिकायत करते थे कि जेल में उन्हें धमकियां दी जा रही हैं और कई लोग उन्हें घूरते रहते हैं। फरवरी में उनके पिता फरीदकोट जेल में बंद थे। वहां उनकी जान को खतरा होने की आशंका के चलते उन्हें नाभा जेल में शिफ्ट किया गया था।
ऐसे में जेल प्रशासन ने उसके पिता की सुरक्षा में कोताही क्यों बरतीं। उन्हें शनिवार शाम को अपने सेल से किस काम से और क्यों बाहर निकाला गया। साथ में सुरक्षा के लिए कोई मुलाजिम क्यों नहीं था।
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जेल मंत्री सुखजिंदर सिंह रंधावा ने बिट्टू के बेटे की ओर से लगाए आरोपों को गलत बताया। उन्होंने कहा कि जेल में बिट्टू को किसी तरह की कोई धमकियां नहीं मिल रही थीं। उसकी सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। सुरक्षा में दो संतरी भी तैनात किए गए थे, जो हर समय उसके साथ रहते थे।
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अरमिंदर ने इस पूरे मामले को एक साजिश करार दिया है। अरमिंदर का कहना है कि वह वारदात से पहले ही अपने पिता को मिलकर आया था। पिता अकसर शिकायत करते थे कि जेल में उन्हें धमकियां दी जा रही हैं और कई लोग उन्हें घूरते रहते हैं। फरवरी में उनके पिता फरीदकोट जेल में बंद थे। वहां उनकी जान को खतरा होने की आशंका के चलते उन्हें नाभा जेल में शिफ्ट किया गया था।
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ऐसे में जेल प्रशासन ने उसके पिता की सुरक्षा में कोताही क्यों बरतीं। उन्हें शनिवार शाम को अपने सेल से किस काम से और क्यों बाहर निकाला गया। साथ में सुरक्षा के लिए कोई मुलाजिम क्यों नहीं था।
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जेल मंत्री सुखजिंदर सिंह रंधावा ने बिट्टू के बेटे की ओर से लगाए आरोपों को गलत बताया। उन्होंने कहा कि जेल में बिट्टू को किसी तरह की कोई धमकियां नहीं मिल रही थीं। उसकी सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। सुरक्षा में दो संतरी भी तैनात किए गए थे, जो हर समय उसके साथ रहते थे।
दो कैदियों ने लोहे के सरिये से हमला करके मार डाला
नाभा जेल में बरगाड़ी बेअदबी मामले के मुख्य आरोपी डेरा प्रेमी महिंदरपाल सिंह बिट्टू (49) निवासी फरीदकोट की दो अन्य कैदियों ने लोहे के सरिये से हमलाकर हत्या कर दी। महिंदरपाल सिंह अंडर ट्रायल कैदी था। सदर थाना नाभा में दोनों आरोपी कैदियों के खिलाफ हत्या का केस दर्ज कर लिया है।
जेल के सहायक सुपरिंटेंडेंट अमरजीत भंगू ने बताया कि घटना शाम सवा पांच बजे की है। बरगाड़ी बेअदबी मामले के मुख्य आरोपी महिंदरपाल सिंह बिट्टू का जेल में हत्या के मामले में सजा काट रहे मनिंदर सिंह व गुरसेवक सिंह के साथ झगड़ा हो गया। इसी दौरान मनिंदर और गुरसेवक जेल परिसर में पड़े लोहे के सरिये उठा लाए और महिंदरपाल पर हमला करके उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया। जेल अधिकारी ने बताया कि जेल में निर्माण कार्य के लिए सरिया रखा हुआ था।
घटना की सूचना मिलते ही जेल प्रशासन घायल महिंदरपाल सिंह को नाभा के सिविल अस्पताल ले गया, जहां डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। महिंदरपाल सिंह के सिर में गंभीर चोटें लगी थीं। गौरतलब है कि महिंदरपाल सिंह को एसआईटी की ओर से पिछले साल गिरफ्तार किया गया था और वह तभी से नाभा जेल में बंद था। वह डेरा सिरसा की 45 मेंबरी कमेटी का सदस्य था।
जेल के सहायक सुपरिंटेंडेंट अमरजीत भंगू ने बताया कि घटना शाम सवा पांच बजे की है। बरगाड़ी बेअदबी मामले के मुख्य आरोपी महिंदरपाल सिंह बिट्टू का जेल में हत्या के मामले में सजा काट रहे मनिंदर सिंह व गुरसेवक सिंह के साथ झगड़ा हो गया। इसी दौरान मनिंदर और गुरसेवक जेल परिसर में पड़े लोहे के सरिये उठा लाए और महिंदरपाल पर हमला करके उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया। जेल अधिकारी ने बताया कि जेल में निर्माण कार्य के लिए सरिया रखा हुआ था।
घटना की सूचना मिलते ही जेल प्रशासन घायल महिंदरपाल सिंह को नाभा के सिविल अस्पताल ले गया, जहां डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। महिंदरपाल सिंह के सिर में गंभीर चोटें लगी थीं। गौरतलब है कि महिंदरपाल सिंह को एसआईटी की ओर से पिछले साल गिरफ्तार किया गया था और वह तभी से नाभा जेल में बंद था। वह डेरा सिरसा की 45 मेंबरी कमेटी का सदस्य था।
चार दिन के रिमांड पर दोनों आरोपी
बिट्टू की हत्या के दोनों आरोपियों मनिंदर सिंह व गुरसेवक सिंह को रविवार को पटियाला में सीनियर जज गुरविंदर सिंह जौहल की कोर्ट में पेश किया गया। कोर्ट ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद आरोपियों को चार दिनों के रिमांड पर भेज दिया। रिमांड के दौरान आरोपियों से पता लगाया जाएगा कि उन्होंने किस वजह से डेरा प्रेमी की हत्या की है।
पेशी से पहले दोनों आरोपियों को स्पेशल इनवेस्टीगेशन पुलिस टीम ने पहले पटियाला के माता कौशल्या अस्पताल में ले जाकर दोनों का मेडिकल कराया। इसके बाद नाभा में रविवार की छुट्टी होने के कारण पटियाला में ड्यूटी मजिस्ट्रेट गुरविंदर सिंह जौहल की अदालत में पेश किया।
सहायक सुपरिंटेंडेंट और दो वार्डर सस्पेंड, सुपरिंटेंडेंट पर कार्रवाई की सिफारिश
जेल मंत्री सुखजिंदर सिंह रंधावा ने मामले में जांच रिपोर्ट मांगी है। दरअसल, नाभा जेल में महिंदरपाल को एक अलग सेल में रखा गया था। ऐसे में मनिंदर और गुरसेवक उस तक कैसे पहुंच गए। यह सवाल पूछा जा रहा है। इस बीच जेल मंत्री ने स्पेशल सिक्योरिटी सेल के असिस्टेंट सुपरिंटेंडेंट अजमेर सिंह और बिटटू की बैरक में संतरी की ड्यूटी पर तैनात वार्डर मेजर सिंह और अमन गिरी को सस्पेंड कर दिया है। साथ ही जेल सुपरिंटेंडेंट बलकार सिंह के खिलाफ कार्रवाई की सिफारिश की है।
पेशी से पहले दोनों आरोपियों को स्पेशल इनवेस्टीगेशन पुलिस टीम ने पहले पटियाला के माता कौशल्या अस्पताल में ले जाकर दोनों का मेडिकल कराया। इसके बाद नाभा में रविवार की छुट्टी होने के कारण पटियाला में ड्यूटी मजिस्ट्रेट गुरविंदर सिंह जौहल की अदालत में पेश किया।
सहायक सुपरिंटेंडेंट और दो वार्डर सस्पेंड, सुपरिंटेंडेंट पर कार्रवाई की सिफारिश
जेल मंत्री सुखजिंदर सिंह रंधावा ने मामले में जांच रिपोर्ट मांगी है। दरअसल, नाभा जेल में महिंदरपाल को एक अलग सेल में रखा गया था। ऐसे में मनिंदर और गुरसेवक उस तक कैसे पहुंच गए। यह सवाल पूछा जा रहा है। इस बीच जेल मंत्री ने स्पेशल सिक्योरिटी सेल के असिस्टेंट सुपरिंटेंडेंट अजमेर सिंह और बिटटू की बैरक में संतरी की ड्यूटी पर तैनात वार्डर मेजर सिंह और अमन गिरी को सस्पेंड कर दिया है। साथ ही जेल सुपरिंटेंडेंट बलकार सिंह के खिलाफ कार्रवाई की सिफारिश की है।
मुख्यमंत्री ने बनाई जांच कमेटी
मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने घटना की निंदा करते हुए भरोसा दिलाया कि आरोपियों को कड़ी सजा दिलाई जाएगी। सीएम ने एडीजीपी (जेल) रोहित चौधरी के नेतृत्व में जांच कमेटी बनाई है, जो तीन दिन के भीतर रिपोर्ट देगी। उन्होंने पूरे प्रदेश की जेलों में सिक्योरिटी को और कड़ा करने के भी आदेश दिए हैं। आधिकारिक प्रवक्ता के अनुसार, पिछले साल गिरफ्तार आरोपी महिंदरपाल बिट्टू की हत्या के मामले में अनिवार्य न्यायिक जांच के अलावा यह जांच की जाएगी।
बिट्टू से पूछताछ करना चाहती थी एसआईटी
सूत्रों के अनुसार, बेअदबी मामले से जुड़ी घटनाओं की जांच कर रही एसआईटी महिंदर पाल बिट्टू से पूछताछ करना चाहती थी और इन घटनाओं में डेरा प्रमुख की भूमिका का पता लगाना चाहती थी। एसआईटी के सदस्य कुंवर विजय प्रताप सिंह ने कहा कि तफ्तीश काफी नजदीक पहुंच चुकी थी, लेकिन बिट्टू की हत्या से जांच प्रभावित हुई है।
बिट्टू से पूछताछ करना चाहती थी एसआईटी
सूत्रों के अनुसार, बेअदबी मामले से जुड़ी घटनाओं की जांच कर रही एसआईटी महिंदर पाल बिट्टू से पूछताछ करना चाहती थी और इन घटनाओं में डेरा प्रमुख की भूमिका का पता लगाना चाहती थी। एसआईटी के सदस्य कुंवर विजय प्रताप सिंह ने कहा कि तफ्तीश काफी नजदीक पहुंच चुकी थी, लेकिन बिट्टू की हत्या से जांच प्रभावित हुई है।