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प्लास्टिक कैरी बैग्स बैन, इस्तेमाल करेंगे तो देना होगा जुर्माना

Sun, 06 Dec 2015 04:35 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Sun, 06 Dec 2015 04:35 PM IST
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Ban on plastic carry bags, fine of 5 thousand rupees on using

शहरों को प्रदूषण मुक्त बनाने की मुहिम में नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) ने चंडीगढ़ में प्लास्टिक कैरी बैग्स पर पूर्ण रूप से प्रतिबंध लगाने का निर्देश दिया है।

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साथ ही कहा है कि संबंधित प्राधिकरण यह सुनिश्चित करें कि शहर के भीतर किसी भी तरीके से प्लास्टिक कैरी बैग्स का प्रयोग न किया जाए। यदि कोई ऐसा करते हुए पाया जाता है तो संबंधित व्यक्ति से 5 हजार रुपये का पर्यावरणीय जुर्माना भी वसूला जाए।
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जस्टिस स्वतंत्र कुमार की अध्यक्षता वाली पीठ ने शुक्रवार को मामले की सुनवाई की। इस दौरान एनजीटी ने कहा कि किसी भी तरह के मकसद के लिए प्लास्टिक कैरी बैग का इस्तेमाल नहीं किया जाना चाहिए। यदि किसी भी व्यक्ति को ऐसा करते हुए पाया जाता है तो उसे पर्यावरण प्रदूषित करने के लिए प्रत्येक बार आर्थिक तौर पर दंडित किया जाए।
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ट्रिब्यूनल ने यह गौर किया कि शहर में प्रतिदिन 370 मीट्रिक टन कचरा निकलता है जिसको वैज्ञानिक तौर पर निपटारा नहीं किया जाता है।

चंडीगढ़ प्रशासन और नागरिक संस्थाओं को फटकार

Ban on plastic carry bags, fine of 5 thousand rupees on using

इससे पहले भी एनजीटी ने चंडीगढ़ में  प्लास्टिक कैरी बैग्स पर प्रतिबंध लगाया था, हालांकि प्राधिकरण और प्रशासन इस आदेश का पालन करने में विफल रहे हैं। इसको लेकर ग्रीन ट्रिब्यूनल ने चंडीगढ़ प्रशासन और नागरिक संस्थाओं को फटकार भी लगाई है।

पूरी तरह विफल है व्यवस्था: एनजीटी का यह आदेश चंडीगढ़ की स्थानीय निवासी ऋषिदेव आनंद की ओर से दाखिल की गई याचिका के बाद आया है। उन्होंने अपनी याचिका में आरोप लगाया था कि केंद्र शासित इस शहर में कूड़े और मलबे के प्रबंधन और निस्तारण को लेकर व्यवस्था पूरी तरह बर्बाद और विफल है।

याची ने मांग की थी कि पर्यावरण को प्रदूषण से बचाने के लिए तत्काल कूड़े और कचरे के प्रबंधन और निस्तारण की वैज्ञानिक व्यवस्था बननी चाहिए। याची ने चंडीगढ़ में सेक्टर के हिसाब से कूड़े के संग्रहण, प्रबंधन और निस्तारण को लेकर स्टेटस रिपोर्ट की भी मांग की थी।

फैसले का किया स्वागत
चंडीगढ़ प्रशासन ने एनजीटी के इस फैसला का स्वागत किया है। एसडीएम ईस्ट दानिश अशरफ ने इसे सभी चंडीगढ़ वासियों केलिए नए साल का तोहफा बताया है। उन्होंने कहा कि  प्रशासन पहले से पॉलिथीन मुक्त बनाने केलिए ड्राइव चलाता रहा है। क्विंटलाें पॉलिथीन इस दौरान जब्त किया जा चुका है। इस फैसले केबाद शहरवासियों को भी सिटी को क्लीन बनाने में मदद करने चाहिए और प्लास्टिक कैरी बैग्स का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए।

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