फिरोजपुर: नाके पर तैनात दो पुलिसकर्मियों पर हमला, इधर मां-बेटी ने महिला एसआई को थाने में पीटा
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जलालाबाद क्षेत्र के मन्नेवाला रोड पर नाके पर तैनात कांस्टेबल बलविंदर सिंह निवासी झाड़ीवाला और बलविंदर सिंह निवासी बाहमनी वाला पर चार नकाबपोशों ने लाठियों से हमलाकर जख्मी कर दिया। दोनों जख्मी कांस्टेबलों को सरकारी अस्पताल में दाखिल करवाया है। पुलिस ने दो हमलावरों की पहचान कर ली है। थाना सिटी पुलिस ने चार हमलावरों के खिलाफ मामला दर्जकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
सूचना मिलते ही डीएसपी जसपाल सिंह ढिल्लों और थाना सिटी के प्रभारी अमरिंदर सिंह घटनास्थल पर पहुंचे। डीएसपी जसपाल सिंह ढिल्लों ने बताया कि सोमवार रात को उक्त दोनों मुलाजिम नाके पर तैनात थे। इन पर चार नकाबपोशों ने हमला कर दिया। ढिल्लों ने कहा कि दो शातिरों की पहचान हो गई है, उनकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है, उनके काबू होते ही दो अन्य शातिरों को भी पकड़ लिया जाएगा। आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
अस्पताल में दाखिल कांस्टेबल बलविंदर सिंह ने बताया कि मन्नेवाला रोड पर नाके पर एएसआई जगदीश की ड्यूटी थी। एक कार पर एक जत्थेबंदी के कुछ लोग वहां आए, जिनकी एएसआई से बहस हो गई। जत्थेबंदी के लोग एएसआई को ये कह कर चले गए कि उसे देख लेंगे।
बलविंदर ने बताया कि सोमवार रात आठ बजे एएसआई ड्यूटी के बाद घर चला गया। उसके बाद उनकी ड्यूटी वहां लग गई। क्षेत्र पूरी तरह सील है। सोमवार रात्रि नाके पर तैनात थे कि चार नकाबपोशों ने उन पर लाठियों से हमला बोल दिया। उन्हें जख्मी करके वहां से फरार हो गए। दोनों कांस्टेबलों के सिर पर चोट लगी है।
उधर, एएसआई जगदीश सिंह ने बताया कि मन्ने वाला रोड पर ड्यूटी दे रहे थे। तार लगाकर पूरा क्षेत्र सील किया गया था। वहां पर एक जत्थेबंदी के कुछेक लोग कार पर आए और तार खोलने को कहने लगे। तार नहीं खोलने पर जत्थेबंदी के लोग उसे देख लेने की धमकी देकर चले गए। उन्हीं लोगों ने दोनों मुलाजिमों पर हमला किया है। दो आरोपियों की पहचान हो गई है, जिन्हें जल्द काबू किया आएगा।
फिरोजपुर: मां-बेटी ने महिला एसआई को थाने में पीटा
थाना लक्खोके बहराम में बुलाकर दोनों पक्षों के बीच राजीनामा करवा रही महिला सब इंस्पेक्टर को मां-बेटी ने पीटा और उसकी वर्दी फाड़ दी। हेल्पलाइन 112 पर दर्ज शिकायत के चलते सब इंस्पेक्टर ने दोनों पक्षों में राजीनामा करवाने के लिए थाने बुलाया था। थाना लक्खोके बहराम पुलिस ने मंगलवार को महिला सब इंस्पेक्टर के बयान पर आरोपी मां-बेटी के खिलाफ मामला दर्जकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
महिला सबइंस्पेक्टर जोगिंदर कौर ने पुलिस को दिए बयान में कहा कि हेल्पलाइन-112 के जरिये रणदीप कौर ने तारा सिंह के खिलाफ एक शिकायत दर्ज करवाई थी। इसी संबंधी दोनों पक्षों को थाना लक्खोके बहराम बुलाया था। दोनों पक्षों की बात सुनी जा रही थी कि आरोपी रणदीप कौर और रणदीप कौर की मां सुखपाल कौर निवासी बाबा जीवन सिंह नगर उत्तेजित हो गई। मां-बेटी दूसरे पक्ष के लोगों पर हमला करने लगी।
महिला सब इंस्पेक्टर ने रणदीप कौर को पकड़ने का प्रयास किया। इस पर सुखपाल कौर ने सब इंस्पेक्टर जोगिंदर कौर का हाथ पकड़ लिए और दोनों ने उसे पीटना शुरू कर दिया। यही नहीं मां-बेटी ने उनकी वर्दी फाड़ दी और नेम प्लेट तक उखाड़ दी। सब इंस्पेक्टर पर हमले के बाद थाने में अफरा-तफरी मच गई।
दोनों मां-बेटी को पुलिस ने काबू किया और दोनों के खिलाफ मामला दर्जकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी। मामले की तफ्तीश कर रहे एसआई अमरजीत कौर के मुताबिक आरोपी मां-बेटी के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। दोनों गिरफ्तार है। उक्त मामले की बारीकी से जांच की जाएगी।
राशन न मिलने पर भड़के प्रवासी सड़क पर उतरे, पुलिस ने चलाई लाठियां
इस बारे में कोई कुछ बताने के लिए तैयार नहीं है। प्रवासियों के नेशनल हाईवे जाम करने की खबर लगते पुलिस बल भी मौके पर पहुंच गया। पहले तो प्रदर्शनकारियों को समझाने का प्रयास किया गया। जब कोई बात नहीं बनी तो पुलिस ने लाठीचार्ज कर सभी को खदेड़ दिया। बता दें कि कुछ दिन पहले भी ढंढारी में प्रवासी इसी तरह सड़क पर उतर आए थे। वहां पर उन्होंने पत्थरबाजी करते एक बस को भी तोड़ दिया था।
सभी प्रवासियों का यही कहना था कि उन्हें पंजाब सरकार की तरफ से भेजा जा रहा कोई राशन नहीं मिल रहा है। लॉकडाउन के चलते उन्हें मजदूरी तक नहीं मिल रही है, बीते 50 दिन से वह किसी तरह गुजारा कर रहे है। लेकिन अब उनके पास खाने के लिए अनाज नहीं है, कुछ खरीद ले इसके लिए पैसा नहीं है। ऐसे में अब भूखे मरने की नौबत आ चुकी है।