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सुनहरा मौकाः टेस्ट बताएगा आपके लाडले का भविष्य किस फील्ड में बनेगा बेहतर, करें ऑनलाइन अप्लाई
Mon, 23 Sep 2019 09:35 AM IST
पंचकुला ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: पंचकुला ब्यूरो
Updated Mon, 23 Sep 2019 09:35 AM IST
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आपके लाडले का भविष्य किस फील्ड में बेहतर बनेगा, यह एप्टीट्यूड टेस्ट के जरिये पता चलेगा। इस टेस्ट का आयोजन भारत सरकार, नेशनल एसोसिएशन ऑफ साइकोलॉजिक साइंस, पंजाब यूनिवर्सिटी का मनोविज्ञान विभाग व प्रसार भारती की ओर से किया जा रहा है। इस टेस्ट में चंडीगढ़, पंजाब, हरियाणा व हिमाचल प्रदेश के कक्षा छह से 12वीं तक के लाखों बच्चे हिस्सा लेंगे।
सरकार का उद्देश्य केवल टेस्ट तक ही सीमित नहीं है, जो बच्चे की पसंद होगी उसे उसी फील्ड के लिए भी प्रशिक्षित किया जाएगा। यह प्रस्ताव केंद्र सरकार की संस्था प्रज्ञा भारत ने तैयार किया था, जिसे सरकार ने स्वीकार कर लिया है। यह कार्यक्रम प्रसार भारती और एक एनजीओ की ओर से सहयोग किया जाएगा।
पीयू का मनोविज्ञान विभाग भी इस पूरे टेस्ट के आयोजन में हिस्सा लेगा और बच्चों को जानकारियां उपलब्ध कराएगा। वैज्ञानिकों का मानना है कि कई अभिभावक बच्चे की पसंदीदा फील्ड या पसंद के बारे में नहीं जान पाते और वह उन्हें डॉक्टर व इंजीनियर बनने के लिए कहते हैं। ऐसे में वह उस फील्ड में पूरी तरह कारगर नहीं हो पाते। इसी को ध्यान में रखते हुए छात्रों का एप्टीट्यूड टेस्ट करवाया जा रहा है।
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सरकार का उद्देश्य केवल टेस्ट तक ही सीमित नहीं है, जो बच्चे की पसंद होगी उसे उसी फील्ड के लिए भी प्रशिक्षित किया जाएगा। यह प्रस्ताव केंद्र सरकार की संस्था प्रज्ञा भारत ने तैयार किया था, जिसे सरकार ने स्वीकार कर लिया है। यह कार्यक्रम प्रसार भारती और एक एनजीओ की ओर से सहयोग किया जाएगा।
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पीयू का मनोविज्ञान विभाग भी इस पूरे टेस्ट के आयोजन में हिस्सा लेगा और बच्चों को जानकारियां उपलब्ध कराएगा। वैज्ञानिकों का मानना है कि कई अभिभावक बच्चे की पसंदीदा फील्ड या पसंद के बारे में नहीं जान पाते और वह उन्हें डॉक्टर व इंजीनियर बनने के लिए कहते हैं। ऐसे में वह उस फील्ड में पूरी तरह कारगर नहीं हो पाते। इसी को ध्यान में रखते हुए छात्रों का एप्टीट्यूड टेस्ट करवाया जा रहा है।
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ये रहेगी प्रक्रिया
इसके लिए 30 अक्टूबर तक रजिस्ट्रेशन prajnabharat.org पर होंगे। परीक्षा 24 नवंबर से 7 दिसंबर के मध्य ऑनलाइन होगी। परीक्षा में 230 प्रश्न आएंगे, जिनका आसानी से बच्चे जवाब दे पाएंगे, उनके मानसिक स्तर के अलावा उनकी पसंद के बारे में इससे पता लग जाएगा। टेस्ट परिणाम 24 दिसंबर तक जारी हो जाएंगे। जनवरी व फरवरी में इन विद्यार्थियों का राज्य स्तरीय शिविर लगाया जाएगा। इसमें अभिभावकों को भी आमंत्रित किया जाएगा। इस पूरे प्रोग्राम को प्रज्ञा भारत नाम दिया गया है।
ये हैं विशेषताएं
- पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन रहेगी।
- किसी पूर्व तैयारी की आवश्यकता नहीं।
- कोई भी पेन या पेपर की आवश्यकता नहीं होगी।
- विद्यालय, घर या किसी भी जगह छात्र अपनी परीक्षा का समय चुन सकते हैं।
- छात्रों को एग्जाम के लिए लॉगिन व पासवर्ड दिए जाएंगे।
प्रज्ञा भारत की पहल के तहत यह एप्टीट्यूड टेस्ट करवाया जा रहा है। इसमें पीयू का मनोविज्ञान विभाग भी सहयोग कर रहा है। चार राज्यों के बच्चे इसमें हिस्सा लेंगे। पूरी व्यवस्था ऑनलाइन रहेगी। इस टेस्ट के जरिये बच्चों व अभिभावकों को पता लग जाएगा कि उनके बच्चे का इंट्रेस्ट किस क्षेत्र में है।
- डॉ. रोशन लाल, मनोविज्ञान विभाग पीयू
ये हैं विशेषताएं
- पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन रहेगी।
- किसी पूर्व तैयारी की आवश्यकता नहीं।
- कोई भी पेन या पेपर की आवश्यकता नहीं होगी।
- विद्यालय, घर या किसी भी जगह छात्र अपनी परीक्षा का समय चुन सकते हैं।
- छात्रों को एग्जाम के लिए लॉगिन व पासवर्ड दिए जाएंगे।
प्रज्ञा भारत की पहल के तहत यह एप्टीट्यूड टेस्ट करवाया जा रहा है। इसमें पीयू का मनोविज्ञान विभाग भी सहयोग कर रहा है। चार राज्यों के बच्चे इसमें हिस्सा लेंगे। पूरी व्यवस्था ऑनलाइन रहेगी। इस टेस्ट के जरिये बच्चों व अभिभावकों को पता लग जाएगा कि उनके बच्चे का इंट्रेस्ट किस क्षेत्र में है।
- डॉ. रोशन लाल, मनोविज्ञान विभाग पीयू