फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   72 hours before the ban on prisoners voting meeting, these rules apply

मतदान से 72 घंटे पहले कैदियों से मिलने पर रोक, ये नियम भी लागू

Fri, 13 Jan 2017 08:34 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Fri, 13 Jan 2017 08:34 PM IST
विज्ञापन
72 hours before the ban on prisoners voting meeting, these rules apply
चुनाव

पंजाब गृह विभाग ने राज्य में केंद्रीय, जिला एवं सब जेलों में चार फरवरी को विधानसभा के लिए होने वाले मतदान से 72 घंटे पहले से पोलिंग बूथ तक कैदियों से मुलाकात करने पर रोक लगाने के आदेश जारी किए हैं।

विज्ञापन


इस संबंधी फैसला पंजाब सरकार के उच्च अधिकारियों की ओर से भारतीय चुनाव आयोग से बीती सांय हुई बैठक के बाद लिया गया। अतिरिक्त मुख्य सचिव (गृह) केबीएस सिद्धू ने बताया कि चार फरवरी को चुनाव के मद्देनजर पंजाब सरकार की ओर से पहले ही छुट्टी की घोषणा की जा चुकी है। 
विज्ञापन


इस कारण चार फरवरी को भी जेलों में मुलाकात पर रोक जारी रहेगी। उन्होंने बताया कि किसी विशेष स्थति में मुलाकात करने की आज्ञा केवल अतिरिक्त डीजीपी (जेल) की स्वीकृति से ही दी जाएगी। 
विज्ञापन
विज्ञापन


उन्होंने बताया कि 5 फरवरी को आम स्थितियों में मुलाकातों पर रोक रहती है, लेकिन चुनाव के मद्देनजर इस रविवार को लोग कैदियों से मुलाकात कर सकेंगे।

माफी, रिहाई या सजा में छूट भी नहीं दी जाएगी

72 hours before the ban on prisoners voting meeting, these rules apply
जेल

सरकारी प्रवक्ता ने बताया कि आदर्श चुनाव आचार संहिता तहत गृह विभाग की ओर से अरजी रिहाई, समय से पूर्व रिहाई, सजा में छूट और माफी की प्रक्रिया पर भी रोक लगा दी गई है। 

उन्होंने बताया कि यदि किसी सक्षम अथारिटी की ओर से उपरोक्त रिहाइयों संबंधी आदेश जारी किए जा चुके हैं पंरतु अभी लागू नहीं हुए, उन स्थितियों में यह आदेश मतदान तक लागू नही होंगे। 

किसी सक्षम न्यायिक अदालत की ओर से किसी विशेष केस में समयबद्ध रिहाई संबंधी आदेशों पर यह आदेश लागू नही होंगे। इसके अतिरिक्त यह स्पष्ट किया गया है कि सक्षम न्यायिक अदालत की ओर से जारी रिहाई आदेशों और जमानतों पर भी यह आदेश लागू नही होंगे।

प्रवक्ता ने बताया कि विधानसभा चुनाव के दौरान जेलों में बंद कैदियों की ओर से किसी भी प्रकार की गड़बड़ी फैलाये जाने को रोकने के लिए यह थोडे़ समय की योजना लागू की गई है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed