देश में पहली बार: चंडीगढ़ की बुड़ैल जेल में लगेंगे 5G जैमर, नंबर को ट्रैक कर नेटवर्क को करेगा डिस्कनेक्ट
चंडीगढ़ की बुड़ैल जेल पहली जेल होगी जहां 5जी जैमर लगेंगे। दिल्ली, हरियाणा, पंजाब समेत अन्य राज्यों की जेलों में ज्यादातर 3जी जैमर लगे हैं, जो 4जी और 5जी नेटवर्क को ब्लॉक नहीं कर पाते।
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आतंकियों के सिग्नल तोड़ने के लिए चंडीगढ़ की बुड़ैल जेल में 5जी जैमर लगेंगे। बुड़ैल जेल देश की पहली जेल होगी, जहां 5जी जैमर लगाए जाएंगे। यह जैमर जेल में चलने वाले मोबाइल नंबर को तुरंत ट्रैक करने के साथ लोकेशन का पता लगा लेगा।
इसके बाद ऑटोमैटिक नेटवर्क को डिस्कनेक्ट कर देगा। जेल प्रशासन ने 5जी जैमर लगाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। दिल्ली, गुड़गांव, पंचकूला सहित कई अन्य जगहों की कंपनियों ने जेल में सर्वे किया है। जल्द ही एक कंपनी को जैमर लगाने का टेंडर दिया जाएगा। यह प्रोजेक्ट करोड़ों का होगा।
सिर्फ जेल के अंदर काम करेगा जैमर
5जी जैमर से जेल के बाहर रिहायशी इलाके में रहने वाले लोगों को दिक्कत आ सकती है इसलिए जेल प्रशासन उस कंपनी से 5जी जैमर लगवाएगा, जो सिर्फ जेल के अंदर नेटवर्क को डिस्कनेक्ट करे। जेल में पुलिस अधिकारियों के अलावा कई मुलाजिम भी रहते हैं। इसके अलावा सीआरपीएफ के जवान भी रहते हैं। जेल प्रशासन दिल्ली की एक कंपनी से जैमर लगवा सकती है।
तिहाड़ जेल में भी 3जी जैमर
तिहाड़ जेल में भी 3जी जैमर है, लेकिन यहां 4जी को ट्रैक करने के लिए है 4जी हारमोनियस कॉल ब्लॉकिंग सिस्टम लगाया गया है। फिर भी मैसेज और वॉयस रिकॉर्डिंग डिलीवर हो जाते हैं।
सूत्रों के मुताबिक तिहाड़ जेल में मोबाइल ऑन करने के साथ दो सेकंड तक मोबाइल नेटवर्क से कनेक्ट करता है, जिससे मैसेज और वॉयस रिकॉर्डिंग तत्काल डिलीवर हो जाते हैं इसलिए बुड़ैल जेल 5जी जैमर लगाने जा रहा है। इससे 5जी से नीचे वाले सभी नेटवर्क डिस्कनेक्ट हो जाएंगे।
जेल ब्रेक कांड के बाद लगाए थे 2जी जैमर
पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री बेअंत सिंह की हत्या के मामले में दोषी आतंकी जगतार सिंह हवारा, परमजीत सिंह भ्यौरा और जगतार सिंह तारा बुडै़ल जेल में सुरंग खोदकर फरार हो गए थे। उनके साथ हत्या के मामले में पकड़ा गया देवी भी फरार हो गया था, जिसका आज तक पुलिस सुराग नहीं लगा सकी। इस घटना के बाद 2006 में 2जी जैमर लगाए गए थे।
2023 में जेल में मिले थे कई मोबाइल
10 अगस्त 2023 को बुड़ैल जेल में खरड़ निवासी सुलखन सिंह, सेक्टर-25 के मोनू, बुड़ैल के शिवा ठाकुर और जसविंदर सिंह से तीन मोबाइल फोन, सिम कार्ड और एक बैटरी बरामद की थी।
16 अगस्त को जेल में शुभम अरोड़ा और अभिषेक से दो मोबाइल बरामद हुए थे।
23 अगस्त को जेल की दीवार के पास एक मोबाइल बरामद हुआ था।
7 सितंबर को राजन तिवारी से एक मोबाइल मिला था।
12 नवंबर को अश्वनी कुमार उर्फ कालू से एक मोबाइल और सिम बरामद हुआ।
17 दिसंबर को दीपक उर्फ रंग से एक मोबाइल मिला था।
दो महिला कैदियों से भी मोबाइल मिल चुका है। इनमें 12 अगस्त 2023 को जेल में बंद महिला पूजा महाजन से एक मोबाइल और चार्जर बरामद मिला था, जबकि 6 दिसंबर 2023 को एक महिला से मोबाइल और चार्जर बरामद हुआ था। इसके बाद जेल अधिकारियों ने कैदियों के अंदर जाने वाले गेट पर सुरक्षा बढ़ा दी।
गेट पर बढ़ाई सुरक्षा, 2024 में नहीं पहुंच सका एक भी मोबाइल
आईजी (जेल) राजकुमार ने जेल के अंदर के साथ गेट पर भी मुस्तैदी से चेकिंग करने के आदेश दिए हैं। साल 2024 में एक भी मोबाइल जेल में नहीं मिला। वहीं, जेल में नशा पहुंच रहा था, जिसे चेकिंग के दौरान पकड़ लिया गया। एक कैदी गुप्तांग में बीडी के बंडल लेकर जा रहा था, जिसे गेट पर ही पकड़ लिया गया। कैदी को बाद में अस्पताल में भर्ती भी करवाया गया था। आईजी के निर्देश पर रोजाना सुबह-शाम चेकिंग के आदेश दिए गए हैं। गेट पर जेल कर्मचारियों के साथ सीआरपीएफ जवानों को भी तैनात किया गया है।
जेल में बंद हैं दो आतंकी
बेअंत सिंह हत्याकांड के दोषी आतंकी जगतार सिंह उर्फ तारा और परमजीत सिंह भ्यौरा बुड़ैल जेल में बंद हैं। हालांकि, इससे पहले और भी आतंकी बंद थे। आतंकी जगतार सिंह हवारा भी इसी जेल में बंद था। हवारा अभी दिल्ली की तिहाड़ जेल में बंद है।