हरियाणा में मिला 25 साल के इतिहास का सबसे बड़ा अजगर, देखकर दांतों तले दबा लेंगे अंगुली
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हरियाणा के 25 साल के इतिहास में अब तक का सबसे बड़ा अजगर बुधवार को हिसार से रेस्क्यू किया गया। अजगर की लंबाई 15 फीट है। इसकी उम्र करीब 25 वर्ष बताई गई है।
अजगर के पेट में चोट लगी हुई है। रोहतक मिनी जू में उसे 15 दिन तक उपचार दिया जाएगा। रोहतक मिनी जू के डॉ अशोक खासा ने बताया कि फिलहाल उसने किसी बड़ी चीज को निगला है। वह अभी उसे पचा रहा है।
वहीं मंडलीय वन्य प्राणी अधिकारी दीपक एलावादी ने बताया कि उपचार के बाद उसे अरावली, मोरनी, कलेसर या फिर अन्य पहाड़ी क्षेत्र के जगलों में छोड़ दिया जाएगा।
हिसार रेंज के मंडलीय वन्य प्राणी अधिकारी पवन ग्रोवर को बुधवार सुबह एयरपोर्ट परिसर में इंडियन रॉक पायथन के मिलने की सूचना मिली। इसके बाद उन्होंने रोहतक रेंज के मंडलीय वन्य प्राणी अधिकारी दीपक एलावादी से संपर्क कर रोहतक चिड़ियाघर से रेस्क्यू टीम बुलाकर 11:30 बजे एयरपोर्ट से अजगर को पकड़ा।
उसके पेट में दो-तीन जगह चोट के निशान भी हैं। यहां अजगर को एक इंडियन रॉक पायथन के साथ बाड़े में छोड़ा गया है। मंडलीय वन्य प्राणी अधिकारी दीपक एलावादी ने बताया कि चोट लगने से अजगर घबराया हुआ है।
वह काफी आक्रामक भी हो रहा है। ऐसी स्थिति में उसका इलाज मुश्किल हो रहा है। रिलेक्स होने के साथ उसका इलाज किया जाएगा, इलाज के बाद उसे अरावली या फिर मोरनी के पहाड़ी क्षेत्र के जंगलों में छोड़ा जाएगा।
सामने छोड़ी गईं दो मुर्गियां नहीं खाईं
जू इंस्पेक्टर श्रीनिवास ने बताया कि अजगर के खाने के लिए बुधवार रात से ही दो मुर्गियां छोड़ी गई थीं लेकिन वह अपनी जगह से हिला तक नहीं। मुर्गियों के लिए बाड़े में दाना भी डाला गया है लेकिन वह डर के मारे एक जगह बैठी हुई हैं।
रेस्क्यू कर लाए गए थे दो इंडियन रॉक पायथन, अब बचा सिर्फ एक
रोहतक चिड़ियाघर में करीब एक साल पहले रेस्क्यू कर दो इंडियन रॉक पायथन लाए गए थे, जिनमें से फिलहाल सिर्फ एक ही बचा हुआ है। दोनों पायथन घायल अवस्था में थे, जिनमें से एक काफी ओल्ड एज भी था। जिसकी इलाज के दौरान मृत्यु हो गई थी।
मास्टर ले आउट प्लान की थीम पर तैयार किया जाएगा बाड़ा
जंगली कछुए और पायथन के लिए मास्टर ले आउट प्लान की थीम पर नया बाड़ा तैयार किया जाएगा। यह बाड़ा बिल्कुल जंगल जैसा अनुभव कराएगा। इसमें गर्मियों से बचने के लिए कूलरों और पेड़-पौधों व सर्दियों के लिए हीटर का इस्तेमाल किया जाएगा।
बड़े अजगर को देखने के लिए आए लोग
शहरवासी 15 दिनों तक अजगर को देख सकेंगे। अजगर को पहले दिन चिड़ियाघर में लाने के साथ ही शहरवासियों का तांता लग गया। अजगर को देखने, उसके साथ सेल्फी लेने के लिए युवा उतावले नजर आए।