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नीट में नकलबाजी: 50 लाख रुपये में परीक्षा पास कराने की हुई थी डील, पुलिस ने त्रिपुरा से बेटी-पिता को किया गिरफ्तार

Tue, 07 Dec 2021 08:07 AM IST
प्रशांत कुमार झा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना 
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना  Published by: प्रशांत कुमार झा Updated Tue, 07 Dec 2021 08:07 AM IST
सार

डॉक्टर बनने के लिए होने वाली इंट्रेंस परीक्षा नीट में त्रिपुरा की अभ्यर्थी को गिरफ्तार किया गया है। पटना की स्कॉलर जूली अभ्यर्थी की जगह पर बैठकर परीक्षा दे रही थी। परीक्षा पास कराने के लिए 50 लाख रुपये में डील हुई थी। 

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Solver Gang and candidates arrested along With her father in tripura by police
नीट परीक्षा

विस्तार

नीट परीक्षआ में फर्जीवाड़ा का मामला सामने आया है। स्कॉलर के माध्यम से पास होने वाली अभ्यर्थी को गिरफ्तार कर लिया गया है। अभ्यर्थी त्रिपुरा के धलाई जिले की रहने वाली है।  वाराणसी के सारनाथ पुलिस ने त्रिपुरा के धलाई जिले से पकड़ा है। नाबालिग छात्रा का नाम उस समय सामने आया था, जब पटना के बहादुरपुर निवासी व बीडीएस की छात्रा जूली को स्कॉलर के तौर पर वाराणसी के परीक्षा केंद्र से पकड़ा गया था।

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स्कॉलर जूली ने पुलिस के सामने इसका खुलासा किया था। जूली ने नीट परीक्षा पास कराने के लिए त्रिपुरा के धलाई जिले की अभ्यर्थी से 50 लाख रुपये की मांग की थी। दोनों के बीच इस पर सहमति भी बन गई। उत्तर प्रदेश के वाराणसी में नीट की परीक्षा हुई, जिसमें पटना की स्कॉलर जूली बैठी। चेकिंग के दौरान पुलिस को इस पर थोड़ा शक हुआ। पुलिस ने  जूली से पूछताछ शुरू की, उस वक्त जूली कुछ भी बताने के इनकार कर दी।  पुलिस की सख्ती से पूछताछ में जूली ने पूरे मामले का खुलासा किया। वाराणसी पुलिस के समक्ष नीट में सेटिंग करने वाले गिरोह के सरगना समेत कई लोगों के नाम सामने आया था।
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सरगना को दिया गया था पांच लाख रुपये एडवांस
जानकारी के अनुसार, नाबालिग अभ्यर्थी के पिता ने सॉल्वर गिरोह का सहारा लेकर अपनी बेटी को नीट परीक्षा पास कराने की कोशिश की। उन्होंने इसके लिए सॉल्वर गिरोह से 50 लाख रुपये में डील की थी और एडवांस के रूप में पांच लाख रुपये भी दे चुके थे।  इन्होंने त्रिपुरा के रहने वाले मृत्युंजय देवनाथ व एक कोचिंग संचालक के माध्यम से सॉल्वर गिरोह के सरगना पीके से बात की थी और उसे ही पांच लाख रुपये दिये थे. काम पूरा होने पर 45 लाख रुपये देने का वादा किया था

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