Bihar: बिहार में मछुआरों के लिए राहत की बड़ी पहल, 'राहत-सह-बचत योजना' के लिए 31 मई 2025 तक ऑनलाइन करें आवेदन
Patna News: बिहार में मछुआरों के लिए राहत की बड़ी पहल के तहत सरकार ने 'राहत-सह-बचत योजना' शुरू की है। इसके लिए 31 मई 2025 तक ऑनलाइन आवेदन मांगे गए हैं। पढ़ें पूरी खबर...।
विस्तार
बिहार सरकार के मत्स्य निदेशालय द्वारा राज्य के नदियों में मछली पकड़ने का कार्य करने वाले गरीबी रेखा से नीचे जीवनयापन करने वाले मछुआरों के लिए वित्तीय वर्ष 2024-25 के लिए राहत-सह-बचत योजना के अंतर्गत ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। आवेदन की अंतिम तिथि 31 मई 2025 है। यह योजना राज्य की नदियों में मत्स्य संपदा के संरक्षण एवं मछुआरों को आर्थिक सहारा प्रदान करने के उद्देश्य से शुरू की गई है।
योजना का उद्देश्य
इस योजना का मुख्य उद्देश्य मछली प्रजनन अवधि में मत्स्य शिकारमाही पर रोक लगाकर मछलियों को प्रजनन का पर्याप्त अवसर देना तथा इस अवधि में पूर्णतः मछली पकड़ने पर निर्भर मछुआरों को आर्थिक राहत प्रदान करना है। इस पहल से नदियों में मत्स्य बीज का प्राकृतिक संचयन बढ़ेगा और उत्पादन एवं उत्पादकता में भी सकारात्मक वृद्धि होगी।
यह भी पढ़ें- Bihar: खनिज के अवैध खनन पर सरकार का शिकंजा तेज, बालू माफियाओं से मिलीभगत पर मुजफ्फरपुर के थानाध्यक्ष सस्पेंड
योजना के प्रमुख बिंदु
योजना के तहत प्रत्येक मछुआरे से ₹1500 का वार्षिक अंशदान प्राप्त किया जाएगा। इसके साथ राज्य सरकार एवं केंद्र सरकार द्वारा भी ₹1500-₹1500 का अंशदान दिया जाएगा। इस प्रकार मछुआरों के लिए कुल ₹4500 की राशि राहत स्वरूप प्रतिवर्ष प्रतिबंधित महीनों (जून से अगस्त) में उपलब्ध कराई जाएगी।
योजना का लाभ
• जून से अगस्त तक के प्रतिषेधित महीनों में मछुआरों को आर्थिक सहायता मिलेगी।
• नदियों में मछलियों के प्राकृतिक प्रजनन में वृद्धि होगी।
• पूर्णकालिक मछुआरों को जीविकोपार्जन में सहूलियत मिलेगी।
• बाढ़ जैसे संकट के समय में भी मछुआरों को राहत प्राप्त होगी।
क्या हैं पात्रता मानदंड?
• आवेदक की आयु 18 से 60 वर्ष के बीच होनी चाहिए।
• आवेदक पूर्णकालिक मछली पकड़ने का कार्य करता हो।
• वह मत्वजीवी सहयोग समिति/निबंधित फेडरेशन/वेलफेयर सोसायटी/समूह का सदस्य हो।
• जिला मत्स्य पदाधिकारी द्वारा निर्गत निःशुल्क मत्स्य शिकारमाही प्रमाण-पत्र धारक हो।
• आवेदक गरीबी रेखा से नीचे जीवन यापन करता हो।
आवेदन के लिए इन दस्तावेजों की होगी जरूरत
• स्व-अभिप्रमाणित दो पासपोर्ट साइज फोटो
• आधार कार्ड
• त्रिस्तरीय पंचायत समिति या समिति सदस्य द्वारा अनुशंसा
• आय प्रमाण पत्र
• वार्षिक अंशदान की सहमति
• समिति/संघ की सदस्यता प्रमाण पत्र
• मत्स्य शिकारमाही प्रमाण-पत्र (निःशुल्क)
यह भी पढ़ें- Bihar News: ग्रामीण इलाकों में अब नहीं टूटेगा सड़क संपर्क, मुख्यमंत्री ग्रामीण सेतु योजना से बनेंगे 700 नए पुल
क्या है आवेदन प्रक्रिया?
आवेदन केवल ऑनलाइन माध्यम से fisheries.bihar.gov.in पर किए जाएंगे। आवेदन की अंतिम तिथि 31 मई 2025 निर्धारित की गई है। योजना से संबंधित विस्तृत जानकारी राज्यादेश संख्या: 6 एस. एस. (6)20/2022 -2740, दिनांक 11.08.2022 में उपलब्ध है, जिसे विभागीय वेबसाइट https://state.bihar.gov.in/ahd/CitizenHome.html पर देखा जा सकता है। तकनीकी सहायता के लिए टोल-फ्री नंबर 18003456185 पर संपर्क करें। इसके अतिरिक्त, इच्छुक लाभार्थी अपने संबंधित जिलों के जिला मत्स्य पदाधिकारी से भी संपर्क कर सकते हैं। इस योजना के माध्यम से राज्य सरकार मछुआरों को आर्थिक सुरक्षा प्रदान करते हुए, नदियों की जैव विविधता के संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठा रही है।
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.