सड़क हादसा : उत्तर प्रदेश के दो लोगों की बिहार में मौत; बक्सर-पटना फोर लेन पर एक्सीडेंट की वजह बनी लापरवाही
बिहार के बक्सर जिले में सोमवार सुबह एनएच-922 के बक्सर-पटना फोरलेन पर प्रतापसागर के पास भीषण सड़क हादसे में दो लोगों की मौत हो गई। बालू लदे एक ट्रेलर ने सड़क पर खड़े दूसरे ट्रेलर में पीछे से टक्कर मार दी। हादसे में ट्रेलर का केबिन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और चालक रामानंद यादव (25) तथा सहचालक ललित यादव (22) की मौके पर ही मौत हो गई।
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बिहार के बक्सर जिले में सोमवार सुबह राष्ट्रीय राजमार्ग-922 के बक्सर-पटना फोरलेन पर भीषण सड़क हादसा हो गया। नया भोजपुर थाना क्षेत्र के प्रतापसागर के समीप बालू लदे एक ट्रेलर ने सड़क पर खड़े दूसरे ट्रेलर में पीछे से जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि बालू लदे ट्रेलर का केबिन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और उसमें सवार चालक व सहचालक की मौके पर ही मौत हो गई। दोनों के शव केबिन में बुरी तरह फंस गए थे, जिन्हें बाहर निकालने के लिए जेसीबी मशीन की मदद लेनी पड़ी। हादसे के बाद घटनास्थल पर अफरातफरी मच गई और लोगों की भीड़ जुट गई।
खड़े ट्रेलर में पीछे से टकराया बालू लदा ट्रेलर
जानकारी के अनुसार, हादसा सोमवार सुबह NH-922 पर प्रतापसागर के पास हुआ। बक्सर-पटना फोरलेन पर सड़क किनारे खड़े एक ट्रेलर में पीछे से बालू लदे दूसरे ट्रेलर ने टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि ट्रेलर का अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। केबिन में फंसे चालक और सहचालक को निकालना मुश्किल हो गया। दुर्घटना की गंभीरता को देखते हुए राहत और बचाव कार्य के लिए जेसीबी मशीन बुलानी पड़ी।
गोरखपुर के रहने वाले थे मृतक
हादसे में जान गंवाने वालों की पहचान उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले के महराजगंज निवासी रामानंद यादव (25) और सहचालक ललित यादव (22) के रूप में हुई है। रामानंद यादव के पिता का नाम रामविलास यादव बताया गया है। टक्कर के बाद दोनों केबिन में बुरी तरह फंस गए थे। गंभीर दुर्घटना के कारण उन्हें बाहर निकालने में काफी परेशानी हुई और दोनों की जान नहीं बचाई जा सकी।
जेसीबी की मदद से निकाले गए शव
स्थानीय समाजसेवी कृष्णा शर्मा ने बताया कि दुर्घटना की सूचना मिलते ही वह अपनी टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और राहत एवं बचाव कार्य में जुट गए। घटना की जानकारी पुलिस को भी दी गई। क्षतिग्रस्त केबिन में फंसे चालक और सहचालक के शवों को बाहर निकालने के लिए जेसीबी मशीन की मदद लेनी पड़ी। इस दौरान घटनास्थल पर लोगों की भीड़ जमा हो गई।
सड़क सुरक्षा को लेकर फिर उठे सवाल
इस दर्दनाक हादसे ने दो परिवारों को गहरे सदमे में डाल दिया है। कम उम्र में दोनों की मौत से उनके परिजनों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। वहीं, इस दुर्घटना ने NH-922 फोरलेन पर सड़क सुरक्षा को लेकर एक बार फिर चिंता बढ़ा दी है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि ठंड के मौसम में कम दृश्यता के कारण सड़क दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ जाता है। गलत लेन में वाहनों का परिचालन और सड़क पर खड़े वाहनों के प्रति लापरवाही भी गंभीर हादसों की वजह बन सकती है। ऐसे में वाहन चालकों को यातायात नियमों का पालन करने, वाहनों के बीच सुरक्षित दूरी बनाए रखने और सड़क पर अतिरिक्त सतर्कता बरतने की जरूरत है।