Raju Singh MLA : चार पार्टियों से एक-एक बार विधायक, नीतीश सरकार में मंत्री भी रहे थे राजू सिंह; अब क्या होगा?
दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने मुजफ्फरपुर के साहेबगंज से बीजेपी विधायक राजू कुमार सिंह को हर्ष फायरिंग के दौरान महिला की मौत के सात साल पुराने मामले में दोषी ठहराते हुए चार साल की साधारण कैद और 25 लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है।
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दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने मुजफ्फरपुर जिले के साहेबगंज से बीजेपी विधायक राजू कुमार सिंह को हर्ष फायरिंग के दौरान महिला की मौत के मामले में दोषी ठहराते हुए चार साल की साधारण कैद की सजा सुनाई है। अदालत ने उन पर 25 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया है। कोर्ट ने यह राशि पीड़ित परिवार को मुआवजे के रूप में देने का निर्देश दिया है। इस फैसले के बाद विधायक की सदस्यता पर भी संकट के बादल मंडराने लगे हैं।
राउज एवेन्यू कोर्ट ने सुनाई सजा
दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट के विशेष न्यायाधीश विशाल गोगने ने शनिवार को फैसला सुनाते हुए बीजेपी विधायक राजू कुमार सिंह को चार साल की साधारण कैद की सजा दी। इसके साथ ही अदालत ने उन पर 25 लाख रुपये का जुर्माना लगाया और निर्देश दिया कि यह राशि पीड़ित परिवार को मुआवजे के रूप में दी जाए।
चार दलों के टिकट पर जीत चुके हैं चुनाव
राजू कुमार सिंह का राजनीतिक सफर कई दलों से होकर गुजरा है। वह जेडीयू, लोक जनशक्ति पार्टी (एलजेपी), वीआईपी और बीजेपी के टिकट पर चुनाव जीतकर विधानसभा पहुंच चुके हैं। उन्होंने अपने राजनीतिक करियर में राजद के पूर्व विधायक रामविचार राय को हराकर पहली बार विधानसभा में प्रवेश किया था। इसके बाद क्षेत्र में लगातार अपनी राजनीतिक पकड़ बनाए रखी। अब तक वह पांच चुनाव लड़ चुके हैं, जिनमें चार बार जीत और एक बार हार का सामना किया है।
कई आपराधिक मामलों का कर चुके हैं खुलासा
चुनाव आयोग को दिए गए अपने शपथ पत्र में राजू कुमार सिंह ने अपने खिलाफ दर्ज 10 आपराधिक मामलों की जानकारी दी थी। इनमें हथियार के बल पर धमकी देने, मारपीट करने और सरकारी कर्मचारियों को गोली मारने की धमकी देने जैसे मामले शामिल हैं। इसके अलावा पारू थाने में अंचलाधिकारी (सीओ) से मारपीट के आरोप में उनके खिलाफ चार प्राथमिकी दर्ज हैं। साहेबगंज थाने में वर्ष 2020 और 2024 में भी उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई थी। वर्ष 2017 में पटना के गांधी मैदान थाने में मारपीट और धमकी देने का मामला दर्ज हुआ था, जबकि वर्ष 2010 में नगर थाने में भी उनके खिलाफ एक मामला दर्ज किया गया था।
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सजा के बाद सोशल मीडिया पर जारी किया संदेश
अदालत का फैसला आने के बाद राजू कुमार सिंह ने सोशल मीडिया पर एक संदेश जारी किया। उन्होंने लिखा कि न्यायालय के फैसले से समर्थकों की भावनाएं आहत हुई होंगी, लेकिन सभी धैर्य और संयम बनाए रखें। उन्होंने लोगों से न्यायपालिका का सम्मान करने और कानून पर विश्वास बनाए रखने की अपील की। साथ ही कहा कि आगे की कानूनी प्रक्रिया में वह पूरी मजबूती के साथ अपना पक्ष रखेंगे।
उन्होंने क्षेत्र की जनता, शुभचिंतकों और कार्यकर्ताओं का आभार जताते हुए कहा कि उनका स्नेह, विश्वास और आशीर्वाद ही उनकी सबसे बड़ी ताकत है। उन्होंने लोगों से किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान नहीं देने, शांति बनाए रखने और एकजुट रहने की अपील की। विधायक ने अपने संदेश में कहा कि संघर्ष जीवन का हिस्सा है, लेकिन जनता की सेवा और उनके प्रति समर्पण कभी नहीं बदलेगा तथा उन्हें विश्वास है कि सत्य और न्याय की जीत होगी।