{"_id":"63e89461e08f63615a0cb79a","slug":"main-accused-of-saran-mob-lynching-killing-two-people-not-found-in-10-days-brother-arrested-in-siwan-2023-02-12","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mob Lynching in Bihar : सारण में दो लोगों की हत्या का मुख्य आरोपी 10 दिन में नहीं मिला, भाई पकड़ाया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mob Lynching in Bihar : सारण में दो लोगों की हत्या का मुख्य आरोपी 10 दिन में नहीं मिला, भाई पकड़ाया
Sun, 12 Feb 2023 12:55 PM IST
कुमार जितेंद्र ज्योति
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सीवान
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सीवान
Published by: कुमार जितेंद्र ज्योति
Updated Sun, 12 Feb 2023 12:55 PM IST
सार
सारण में मांझी के मुबारकपुर में कमरे में बंद कर तीन युवकों को बुरी तरह पीटने वाले मुखिया-पति विजय यादव उर्फ विजय राय तक पुलिस 10 दिनों में नहीं पहुंच सकी है। इस बीच सीवान से इस दोहरे हत्याकांड के मुख्य आरोपी का भाई अजय यादव गिरफ्तार किया गया है।
विज्ञापन
मुख्य आरोपी अबतक गिरफ्त से दूर, सीवान में उसका भाई अजय यादव गिरफ्तार।
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
सारण में मांझी के मुबारकपुर में मुर्गा फार्म हाउस पर कमरे में बंद कर तीन युवकों को बुरी तरह पीटने वाले मुखिया-पति विजय यादव उर्फ विजय राय तक पुलिस 10 दिनों में नहीं पहुंच सकी है। तीन युवकों में से दो युवकों की मौत के बाद चिता ठंडी होने के बावजूद तनाव खत्म नहीं हुआ है। इस बीच सीवान से खबर आ रही है कि मॉब लिंचिंग के दोहरे हत्याकांड के मुख्य आरोपी विजय यादव का भाई अजय यादव गिरफ्तार किया गया है। सीवान जिले के सिसवन प्रखंड के भागर दियारा से अजय यादव को गिरफ्तार किया गया है।
विज्ञापन
एक-एक कर दो मौतों से तनाव अब भी
दो फरवरी को मुखिया-पति विजय यादव पर फायरिंग का आरोप लगाते हुए मुबारकपुर के ही राजपूत जाति के तीन युवकों को बुरी तरह पीटा गया था। जातिगत तनाव की आशंका उसी समय बन गई थी, जब एक की मौत की खबर सामने आई थी। तीन फरवरी को मृतक अमितेश कुमार सिंह का शव गांव पहुंचा तो घर की महिलाओं ने खुलकर आरोप लगाया कि राजपूतों को टारगेट किया गया है। इसी दरम्यान महिलाओं का एक वीडियो वायरल हो गया, जिसमें वह राजपूतों को चूड़ी पहनकर घर बैठने की बात कह रही हैं। इसके दो दिन बाद तक हत्याकांड के आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई तो मृतक के टोले में जुटे लोगों ने मुखिया के टोले में जमकर उपद्रव किया। भीड़ का रौद्र रूप देखकर टोले के सारे पुरुष गांव छोड़कर भाग खड़े हुए। इसके बाद पुलिस ने जातीय हिंसा के और बढ़ने की आशंका को देखते हुए हर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म को पूरे सारण जिले में बंद कर दिया। 10 फरवरी तक यह बंद रहा। इस बीच एक और घायल राहुल कुमार सिंह की 8 फरवरी को पटना में इलाज के दौरान मौत हो गई। इस मौत के बाद हंगामा और बढ़ने की आशंका थी, इसलिए रात 11 बजे मृत्यु की पुष्टि की गई और अगले दिन सूर्योदय से पहले पटना में ही राहुल का अंतिम संस्कार कर दिया गया।
विज्ञापन