{"_id":"66a8901a6ca408272f05a35c","slug":"if-you-have-also-deposited-a-check-in-the-bank-then-be-careful-when-the-message-came-one-person-lost-his-senses-deposited-it-in-the-indian-overseas-bank-it-turned-out-to-be-in-the-sbi-main-branch-gaya-news-c-1-1-noi1233-1944527-2024-07-30","type":"story","status":"publish","title_hn":"Cyber Fraud: उपभोक्ता ने इंडियन ओवरसीज बैंक में चेक जमा किया, भुना SBI मेन ब्रांच में; मैसेज देख उड़े होश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Cyber Fraud: उपभोक्ता ने इंडियन ओवरसीज बैंक में चेक जमा किया, भुना SBI मेन ब्रांच में; मैसेज देख उड़े होश
Tue, 30 Jul 2024 05:38 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गया
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गया
Published by: अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 30 Jul 2024 05:38 PM IST
सार
Gaya News: सिविल लाइन थानाध्यक्ष शमीम अहमद ने बताया कि मामले की छानबीन की जा रही है। वहीं, एसबीआई के क्षेत्रीय प्रबंधक रवि चंद्र ने बताया कि मामला संज्ञान में आया है। 1.68 हजार रुपये की ठगी के मामले में गंभीरता से जांच चल रही है। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
गया में चेक भुनाने में हुआ साइबर फ्रॉड
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
गया शहर में एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसे जानकर सब हैरान हैं। इस वारदात को अंजाम देने वाले आरोपियों में सुई बैंक कर्मियों तक पहुंच रही है। मामला संज्ञान में आने के बाद साइबर थाना पुलिस छानबीन में जुट गई।
विज्ञापन
जानकारी के मुताबिक, गया शहर के गन्नू बिगहा मोहल्ला निवासी अब्दुल कय्यूम आजाद ने दिनेश कुमार नामक व्यक्ति को 68 हजार रुपये का चेक दिया था। चेक मिलने के बाद दिनेश कुमार ने चेक क्लियरेंस के लिए इंडियन ओवरसीज बैंक में अपने एकाउंट में जमा कर दिया। बैंक में चेक जमा करने के बाद बैंक कर्मियों और साइबर गिरोह के सदस्यों का खेल शुरू हुआ। दिनेश कुमार इंतजार में था कि चेक क्लियर होगा। तब ही अचानक अब्दुल कय्यूम आजाद के मोबाइल फोन पर एक लाख 68 हजार रुपये चेक से निकासी का मैसेज आ गया। ऐसा मैसेज आते ही उसके होश उड़ गए।
विज्ञापन
वहीं, पीड़ित अब्दुल कय्यूम आजाद ने बताया कि 23 अगस्त को उसके मोबाइल पर एक लाख 68 हजार रुपये चेक से निकासी का मैसेज आया। उन्होंने बताया कि उसने सीमेंट और छड़ की खरीदारी की थी, जिसका पेमेंट चेक के जरिए किया था। उसने दुकानदार दिनेश कुमार के नाम से भुगतान के लिए 68 हजार रुपये का चेक दिया था। बाद में दिनेश कुमार से संपर्क किया तो उसके भी होश उड़ गए। उसके खाते में भी पैसा नहीं आया।
विज्ञापन
वहीं, मामले की खोजबीन शुरू की तो जो सच सामने आया, उसे जानकर किसी का भी होश उड़ जाएगा। छानबीन में पता चला कि जिस 68 हजार रुपये के चेक को अब्दुल क्ययूम ने इंडियन ओवरसीज बैंक में क्लियरेंस के लिए जमा किया था। उसी चेक से एक लाख 68 हजार रुपये का क्लियरेंस एसबीआई की मेन ब्रांच के किसी खाते में हुआ है। उक्त मामले को लेकर अब्दुल कय्यूम आजाद ने सिविल लाइन थाने में मामला दर्ज कराया। उन्होंने बताया कि एसबीआई से फर्जी हस्ताक्षर और फर्जी एकाउंट पर एक लाख 68 हजार रुपये ट्रांसफर कर लिए गए हैं।
आरोप है कि दिनेश कुमार ने इंडियन ओवरसीज बैंक में चेक को क्लियरेंस के लिए जमा कराया था, जिसके बाद साइबर अपराधियों के गिरोह का सदस्य वहां से चेक लेकर चला गया। इस मामले में इंडियन ओवरसीज बैंक कर्मियों की भूमिका संदिग्ध मानी जा रही है। आखिरकार किसी अनजान व्यक्ति को चेक कैसे दे दिया गया। जब एसबीआई मेन ब्रांच से जानकारी ली तो पता चला कि किसी अंकित सेठी के यूनियन बैंक के खाते में एनईएफटी के जरिए पैसे का ट्रांसफर हुए हैं। चेक के साथ छेड़छाड़ कर पैसा बढ़ाकर निकाला गया हैं।
इस संबंध में सिविल लाइन थानाध्यक्ष शमीम अहमद ने बताया कि मामले की छानबीन की जा रही है। वहीं, एसबीआई के क्षेत्रीय प्रबंधक रवि चंद्र ने बताया कि मामला संज्ञान में आया है। 1.68 हजार रुपये की ठगी के मामले में गंभीरता से जांच चल रही है। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।