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Bihar News: दातून तोड़ने जा रहा किसान बिजली के टूटे तार की चपेट में आया; 440 वोल्ट का करंट लगने से मौत
Wed, 02 Aug 2023 07:52 PM IST
हिमांशु प्रियदर्शी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, औरंगाबाद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, औरंगाबाद
Published by: हिमांशु प्रियदर्शी
Updated Wed, 02 Aug 2023 07:52 PM IST
सार
Bihar: मृतक के बेटे राजू महतो ने बताया कि हादसे के लिए बिजली विभाग पूरी तरह दोषी है। उसने कहा कि बिजली का तार पहले से जर्जर था। जर्जर तार बदलने की बिजली विभाग से मांग की गई थी। लेकिन विभाग ने इसकी अनदेखी की। अनदेखी के कारण ही उसके पिता की मौत हो गई।
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
बिहार के औरंगाबाद के नबीनगर प्रखंड में बड़ेम ओपी क्षेत्र के बड़ेम गांव में बुधवार को दोपहर बिजली का करंट लगने से एक किसान की मौत हो गई। मृतक की पहचान बड़ेम निवासी सुरेश महतो (60) के रूप में की गई है। हादसे के बाद स्थानीय पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए औरंगाबाद सदर अस्पताल भेज दिया।
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नीम के पेड़ के पास टूटकर गिर गया था तार
जानकारी के मुताबिक, सुरेश महतो अपने घर के पास स्थित नीम के पेड़ से दातून तोड़ने जा रहे थे। वहीं पर 440 वोल्ट का बिजली का तार नीम के पेड़ के पास ही टूटकर गिरा हुआ था। सुरेश महतो नीम के पेड़ के पास जाने के दौरान बिजली के तार को देख नहीं पाए और उसकी चपेट में आ गए। तार की चपेट में आते ही सुरेश महतो को बिजली का जोरदार झटका लगा और मौके पर ही उसकी मौत हो गई।
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हादसे के बाद परिजन सुरेश महतो को गंभीर रूप से घायल समझते हुए इलाज के लिए नबीनगर रेफरल अस्पताल ले गए। जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। हादसे की सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची बड़ेम ओपी पुलिस शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए औरंगाबाद सदर अस्पताल लाया है। मामले में पुलिस आगे की कार्रवाई कर रही है।
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बड़ेम ओपी अध्यक्ष धनंजय कुमार ने बताया कि मामले में एक अप्राकृतिक मौत का मामला (यूडी केस) दर्ज किया गया है।
‘बिजली विभाग की अनदेखी से गई जान’
मृतक के बेटे राजू महतो ने बताया कि हादसे के लिए बिजली विभाग पूरी तरह दोषी है। उसने कहा कि बिजली का तार पहले से जर्जर था। जर्जर तार बदलने की बिजली विभाग से मांग की गई थी। लेकिन विभाग ने इसकी अनदेखी की। अनदेखी के कारण ही बिजली का तार टूटकर गिर गया, जिसकी चपेट में आकर उसके पिता की मौत हो गई।
राजू महतो ने कहा कि अगर बिजली विभाग ने तार बदल दिया होता तो न यह यह हादसा होता है और न ही उनके पिता की मौत होती। बिजली विभाग से उन्हें मुआवजा मिलना चाहिए और विभाग द्वारा मुआवजा नहीं दिए जाने पर वे विभाग के खिलाफ केस करेंगे। हादसे के बाद परिजनों में हाहाकार मचा है। परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है।