Vande Bharat: रांची-पटना का सफर दो घंटे कम समय में, पर किराया जनशताब्दी से 80% ज्यादा; अप-डाउन का भाड़ा भी अलग
Bihar News : वंदे भारत अपने मूल नाम और वास्तविक स्थिति के साथ बुधवार को पटना से रवाना हो गई। इसमें पटना-रांची के मुकाबले रांची-पटना का किराया ज्यादा है। यात्रियों की सुविधा के लिए इससे जुड़े हर सवाल का जवाब पढ़ें।
विस्तार
वंदे भारत एक्सप्रेस कल से शुरू होगी। बिहार और झारखंड, दोनों राज्यों को मिली पहली वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन पटना से रांची के लिए बुधवार सुबह खुलेगी। मंगलवार को रांची से पटना के बीच स्पेशल ट्रेन के रूप में इसका वर्चुअल उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कर रहे हैं। बुधवार या उससे आगे का टिकट बुक करा रहे लोगों के मन में कई सवाल हैं। उन सवालों का जवाब आगे पढ़ें।
सवाल - आज जिसका उद्घाटन हो रहा, वह वंदे भारत ही है न?
- जवाब - इंजन से लेकर बोगी तक है तो यह वंदे भारत ही, लेकिन इस ट्रेन का नाम उद्घाटन स्पेशल ट्रेन रखा गया है, जिसका नंबर 02439 है।
सवाल - तो, वंदे भारत ट्रेन का नंबर क्या है और कब से चलेगी?
- जवाब - 28 जून 2023 से गाड़ी सं. 22349/22350 पटना-रांची-पटना वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन का नियमित परिचालन किया जाएगा।
सवाल - मंगलवार को रांची से खुल रही ट्रेन पटना से लौटेगी नहीं?
- जवाब - वही ट्रेन बुधवार को सुबह पटना से खुलेगी। बिहार-झारखंड के आम यात्रियों के लिए ट्रेन बुधवार से ही खुलेगी। मंगलवार को यह ट्रेन न तो पटना से खुलेगी, न रांची से। सप्ताह में छह दिन ही परिचालन है। मंगलवार को बंद है।
सवाल - उद्घाटन स्पेशल को कब-कहां देख सकेंगे?
- जवाब - रांची-पटना वंदे भारत उद्घाटन स्पेशल (Inaugural Special) रांची से 10.30 बजे खुलकर 10.50 बजे मेसरा, 11.45 बजे बरकाकाना, 12.20 बजे चरही, 12.45 बजे हजारीबाग टाउन, 13.20 बजे बरही, 14.08 बजे कोडरमा, 14.50 बजे पहाड़पुर, 15.40 बजे गया, 16.23 बजे जहानाबाद रुकते हुए 17.25 बजे पटना जंक्शन पहुंचेगी।
सवाल - क्या इतने स्टॉपेज मिल रहे हैं इस ट्रेन को?
- जवाब - नहीं। उद्घाटन स्पेशल ट्रेन के स्टॉपेज हैं। पटना से रांची के लिए बुधवार से वंदे भारत खुलेगी। यह पटना जंक्शन से 07.00 बजे खुलेगी। इसके बाद 08.25 बजे गया, 09.35 बजे कोडरमा, 10.33 बजे हजारीबाग, 11.35 बजे बरकाकाना, 12.20 बजे मेसरा रुकते हुए 13.00 बजे रांची पहुंचेगी। रांची से 22350 रांची-पटना वंदे भारत एक्सप्रेस 16.15 बजे खुलेगी। रांची से सटे मेसरा में 16.35 बजे यह ट्रेन बढ़ जाएगी। उसके बाद 17.30 बजे बरकाकाना, 18.30 बजे हजारीबाग, 19.30 बजे कोडरमा, 20.45 बजे गया रुकते हुए 22.05 बजे पटना जंक्शन पहुंचेगी।
सवाल - बाकी ट्रेनों के मुकाबले किराये में कितना अंतर है?
- जवाब - बाकी ट्रेनों के हिसाब से देखना है तो सबसे पहले इस ट्रेन के एक्जीक्यूटिव क्लास को अलग कर देना होगा। इसके किराये की तुलना नहीं की जा सकती है। यह बहुत अधिक है। इस रूट पर जनशताब्दी एक्सप्रेस है। उससे तुलना करें तो रांची-पटना के लिए जनशताब्दी में सेकंड सीटिंग है, जो वंदे भारत में नहीं है। सेकंड सीटिंग का जनशताब्दी में रांची-पटना का किराया 195 रुपए है। इसी का एसी चेयर कार का किराया 650 रुपए है। एसी चेयर कार में 1175 रुपए है। एक्जीक्यूटिव क्लास सिर्फ इसी ट्रेन में है, जिसका रांची-पटना किराया 2110 रुपए है।
सवाल - बाकी ट्रेनों के मुकाबले किराये में कितना अंतर है?
- जवाब - बाकी ट्रेनों के हिसाब से देखना है तो सबसे पहले इस ट्रेन के एक्जीक्यूटिव क्लास को अलग कर देना होगा। इसके किराये की तुलना नहीं की जा सकती है। यह बहुत अधिक है। इस रूट पर जनशताब्दी एक्सप्रेस है। उससे तुलना करें तो रांची-पटना के लिए जनशताब्दी में सेकंड सीटिंग है, जो वंदे भारत में नहीं है। सेकंड सीटिंग का जनशताब्दी में रांची-पटना का किराया 195 रुपए है। इसी का एसी चेयर कार का किराया 650 रुपए है। एसी चेयर कार में 1175 रुपए है। एक्जीक्यूटिव क्लास सिर्फ इसी ट्रेन में है, जिसका रांची-पटना किराया 2110 रुपए है।
सवाल - चेयर कार का किराया 80% ज्यादा है। समय कितना बचेगा?
- जवाब - रांची-पटना की दूरी नहीं है, लेकिन दुर्गम रास्ते के नाम पर ट्रेनें बहुत ज्यादा समय ले रही हैं। 14-15 घंटे तक। इस मामले में भी वंदे भारत की तुलना सिर्फ जनशताब्दी ट्रेन से की जा सकती है। जन शताब्दी का रांची-पटना के लिए निर्धारित समय है 7 घंटे 55 मिनट। पटना से रांची जाने में जन शताब्दी को 7 घंटे 45 मिनट लगते हैं, जबकि वंदे भारत को छह घंटे लगेंगे। पटना से गया जाने में जन शताब्दी को पौने दो घंटे लगते हैं और वंदे भारत सवा एक घंटा 25 मिनट का समय लेगी। वंदे भारत में गया का किराया चेयर कार में 565 रुपए रखा गया है।
सवाल - आरक्षण उपलब्धता की क्या स्थिति रहेगी? इसमें कुछ राहत?
- जवाब - अगर आप पैसे खर्च करने में कोताही नहीं बरतें और बाकी ट्रेनों के मुकाबले राहत भरा सफर चाहते हैं तो वंदे भारत बेहतर विकल्प होगा। इसलिए भी, क्योंकि आरक्षण मिलना आसान होगा। जिस तरह जन शताब्दी में सेकंड सीटिंग में सीट मिल जाने की स्थिति रहती है, उसी तरह वंदे भारत में एसी चेयर कार में आरक्षण मिलना आसान होगा।
सवाल - आरक्षण के लिए कितनी सीटें उपलब्ध होंगी?
- जवाब - वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन में बगैर तत्काल के आरक्षण के लिए उपलब्ध सीटें पर्याप्त संख्या में उपलब्ध रहेंगी। जन शताब्दी में जहां चेयर कार की 93 सीटें रहती हैं, वहीं वंदे भारत के इसी क्लास की 423 सीटें रखी गई हैं। इसके अलावा 40 सीटें एक्जीक्यूटिव क्लास में मिलेंगी।
सवाल - टिकट को लेकर क्या मारामारी शुरू हो गई है?
- जवाब - हां। किराया ज्यादा और समय में अधिक अंतर नहीं होने के बावजूद 28 जून को पटना से रांची के लिए वंदे भारत के एसी चेयर कार और एक्जीक्यूटिव क्लास में टिकट वेटिंग हो गया है। 29 जून के लिए एक्जीक्यूटिव क्लास में मंगलवार सुबह 13 सीटें बची थीं, जबकि चेयर कार में 274 सीटें उपलब्ध थीं।
सवाल - पटना-रांची के मुकाबले रांची-पटना का किराया अधिक क्यों है?
- जवाब - पूर्व मध्य रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी वीरेंद्र कुमार के अनुसार, एक अधिक बार भोजन उपलब्ध कराए जाने के कारण रांची-पटना का किराया ज्यादा है। इस यात्रा में देर भी ज्यादा लगेगी।
सवाल - खाने हटाकर भी टिकट लेने का विकल्प है?
- जवाब - हां, बगैर भोजन के भी आरक्षण करा सकते हैं। उसी समय यह विकल्प चुना जा सकता है। इससे राशि में कमी आएगी। ऐसा टिकट रखने वालों को ट्रेन में खरीदकर और उपलब्धता अनुसार भोजन लेना होगा।