{"_id":"675647e313cc1bb22603d5e3","slug":"bihar-police-busted-nepali-gang-conspiring-for-fraud-and-infiltration-2024-12-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bihar: ठगी और घुसपैठ की साजिश रचने वाले नेपाल के गिरोह का पर्दाफाश, भारतीय-नेपाली करेंसी के साथ पांच पकड़े","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bihar: ठगी और घुसपैठ की साजिश रचने वाले नेपाल के गिरोह का पर्दाफाश, भारतीय-नेपाली करेंसी के साथ पांच पकड़े
Mon, 09 Dec 2024 06:59 AM IST
दीपक कुमार शर्मा
अमर उजाला ब्यूरो, पटना
अमर उजाला ब्यूरो, पटना
Published by: दीपक कुमार शर्मा
Updated Mon, 09 Dec 2024 06:59 AM IST
सार
पटना के ग्रामीण एसपी विश्वजीत दयाल ने बताया कि मिलिट्री इंटेलिजेंस के इनपुट के आधार पर लोगों से ठगी करने वाले गिरोह का पता चला है। इस मामले में पांच लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है, जिसमें नेपाल और भारत के नागरिक शामिल हैं।
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
बिहार के पटना जिले के फतुहा में पुलिस ने युवाओं को नौकरी का झांसा देकर ठगने और फर्जी दस्तावेज के जरिये घुसपैठ कराने वाले नेपाल से जुडे़ बड़े गिरोह का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने गिरोह के ठिकाने से 2.38 लाख रुपये नकद, 72,595 नेपाली करेंसी, 21 मोबाइल फोन और दो फोर-व्हीलर जब्त किए हैं। इसके अलावा फर्जी आधार कार्ड, वोटर आईडी और ड्राइविंग लाइसेंस जैसे दस्तावेज भी बरामद किए गए हैं।
विज्ञापन
पटना के ग्रामीण एसपी विश्वजीत दयाल ने बताया कि मिलिट्री इंटेलिजेंस के इनपुट के आधार पर लोगों से ठगी करने वाले गिरोह का पता चला है। इस मामले में पांच लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है, जिसमें नेपाल और भारत के नागरिक शामिल हैं। गिरोह के संचालन के पीछे गंगेश्वर सिंह नामक व्यक्ति का नाम सामने आया है, जो फिलहाल फरार है। पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी के लिए कई जगहों पर छापों की कार्रवाई तेज कर दी है।
विज्ञापन
सोशल मीडिया के जरिये युवाओं को बनाते थे शिकार
गिरोह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर संगठित साजिश का हिस्सा हो सकता है, जिसका मकसद भारत की आंतरिक सुरक्षा को खतरे में डालना है। जांच में खुलासा हुआ है कि गिरोह युवाओं को फंसाने के लिए सोशल मीडिया, विशेषकर फेसबुक का सहारा लेता था। युवाओं को आकर्षक सैलरी और शानदार करियर के सपने दिखाकर उन्हें बुलाता था और रकम रेंठता था।
विज्ञापन
- पुलिस के अनुसार, एक नेपाली छात्र ने बताया कि उसे नौकरी के नाम पर फतुहा बुलाया गया था। वहां उसे 10,000 रुपये लेकर हॉस्टल में रखा गया और बाद में उससे और पैसों की मांग की गई।