फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Bihar ›   Bihar News : IAS Dr. N. Vijayalakshmi performed dance in Sonpur Mela saran news

Sonpur Mela : जिस मेले में डीएम का लिया था चार्ज, आज वहीं मंच पर आईएएस अधिकारी ने किया नृत्य का प्रदर्शन

Sun, 17 Nov 2024 11:49 PM IST
कृष्ण बल्लभ नारायण न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, वैशाली
न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, वैशाली Published by: कृष्ण बल्लभ नारायण Updated Sun, 17 Nov 2024 11:49 PM IST
सार

Bihar : 24 साल पहले 2000 में विजयलक्ष्मी कुशरण को डीएम बनाया गया था। उन्होंने सोनपुर मेला के समय डीएम के लिए बनाए गए कैंप में ही पहुंचकर विजय लक्ष्मी ने जिलाधिकारी का चार्ज लिया था। आज उसी मंच पर उन्होंने अपने नृत्य कला का प्रदर्शन किया।

विज्ञापन
Bihar News : IAS Dr. N. Vijayalakshmi performed dance in Sonpur Mela saran news
आईएएस अधिकारी डॉ.एन. विजयलक्ष्मी - फोटो : अमर उजाला डिजिटल

विस्तार

सोनपुर मेले का उद्घाटन होने के बाद कला एवं संस्कृति विभाग के मंच पर प्रतिदिन सांस्कृतिक कार्यक्रम हो रहे हैं। हर दिन अलग-अलग कलाकार अपनी प्रस्तुति दे रहे हैं। इसी क्रम में बिहार की वरिष्ठ आईएएस अधिकारी डॉ.एन. विजयलक्ष्मी ने उस मंच पर नृत्य की प्रस्तुति दी। उनकी प्रस्तुति ने दर्शकों का मन मोह लिया। इस मौके पर उनके पति सिद्धार्थ मोहन जैन भी मौजूद थे। बिहार के पूर्व उपमुख्यमंत्री रेणु देवी भी वहां पहुंची।

विज्ञापन


सोनपुर मेले में ही डीएम की ली थी जिम्मेदारी 
आईएएस अधिकारी विजयलक्ष्मी का संगीत से बेहद लगाव है। जब बिहार और झारखंड का बंटवारा हुआ था, तब विजय लक्ष्मी सारण जिला की डीएम थी। विजय लक्ष्मी ने बताया कि आज से 24 साल पहले 2000 में विजयलक्ष्मी कुशरण को जिला अधिकारी बनाया गया था और सोनपुर मेला के समय जिलाधिकारी के लिए बनाए गए कैंप में ही पहुंचकर विजय लक्ष्मी ने जिलाधिकारी का चार्ज लिया था। 1995 बैच बिहार कैडर की आईएएस अधिकारी एन.विजय लक्ष्मी मूल रूप से आंध्र प्रदेश की रहने वाली हैं। डॉ. लक्ष्मी को बचपन से ही शास्त्रीय संगीत और नृत्य से प्यार था। अपने पिता की नौकरी के कारण उनके परिवार को अक्सर बाहर जाना पड़ता था, इस वजह से शास्त्रीय नृत्य ठीक से नहीं सीख पाईं। 2008 में बिहार लौटने के बाद उन्होंने तय किया कि मैं किसी भी कीमत पर भरतनाट्यम सीखूंगी।
विज्ञापन


पटना के भारतीय नृत्य कला मंदिर में लिया था दाखिला 
इसके बाद पटना के भारतीय नृत्य कला मंदिर में दाखिला लिया था, उस समय इनकी उम्र 40 साल थी। उन्होंने करीब एक साल तक नृत्य सीखा और राजगीर महोत्सव में प्रस्तुति दी। अब वह किसी भी अवसर पर प्रदर्शन करने का मौका नहीं छोड़ती। हालाँकि उसके लिए अभी भी समय निकालना मुश्किल है,इसमें इनके पति जो बिहार के वरिष्ठतम IAS अधिकारी है। डॉ एस.सिद्धार्थ का भरपूर सहयोग रहता है। सिद्दार्थ भी दक्षिण भारत तमिलनाडु के रहने वाले हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed