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Bihar Board : इंटर रिजल्ट में साइंस टॉपर बने सीवान के मृत्युंजय कुमार; जानें कहां पढ़े और कैसे हासिल हुआ मुकाम
Sat, 23 Mar 2024 02:34 PM IST
कृष्ण बल्लभ नारायण
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सीवान
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सीवान
Published by: कृष्ण बल्लभ नारायण
Updated Sat, 23 Mar 2024 02:34 PM IST
सार
Mirtunjay Kumar Board Topper : बिहार बोर्ड के इंटर परीक्षा परिणाम में इस बार लड़कों की बल्ले-बल्ले रही। साइंस टॉपर सीवान के मृत्युंजय कुमार रहे। मृत्युंजय कुमार ने 96.20 प्रतिशत नंबर हासिल किया। उन्हें 500 में 481 अंक कैसे मिले, उन्होंने बताया।
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सीवान के मृत्युंजय कुमार बने स्टेट टॉपर
- फोटो : अमर उजाला डिजिटल
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विस्तार
बिहार विद्यालय परीक्षा समिति की इंटर परीक्षा में इस बार साइंस टॉपर का ताज लड़के को मिला है। विज्ञान संकाय में सबसे आगे सीवान के मृत्युंजय कुमार रहे। सीवान के बड़हरिया के कोइरीगावां स्थित जीएम उच्च विद्यालय-सह-इंटर इंटर कॉलेज के छात्र मृत्युंजय ने कड़ी मेहनत की बदौलत अपने पिता राजेश प्रसाद सहित परिवार और इलाके का नाम रोशन किया है। यह विद्यालय शहर से काफी दूर है। उन्होंने 'अमर उजाला' से बातचीत में अपनी पढ़ाई और तैयारी को लेकर जानकारी दी।
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साइंस टॉपर बना मृत्युंजय, गांव में दौड़ी खुशी की लहर
सीवान के बड़हरिया के कोइरीगावां में शनिवार का दिन कुछ अलग था। हर तरफ से लोग कोइरीगावां के बारे में जानना चाहते थे। यहां के छात्र मृत्युंजय कुमार साइंस विषय में बिहार का इंटर टॉपर बनकर सीवान का नाम रौशन किया है। गांव में मृत्युंजय के घर पर रिजल्ट के साथ ही लोगों की भीड़ पहुंचने लगी। पिता का जनरल स्टोर एवं शृंगार के सामान की दुकान है बड़हरिया में। उनके पहुंचने से पहले लोग मिठाइयां लेकर घर पहुंच चुके थे।
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यूपीएससी करना चाहते हैं, बताया- रातभर जागना जरूरी नहीं
बातचीत में मृत्युंजय ने कहा कि पढ़ाई के लिए कोई जरूरी नहीं है कि रात रात भर जागा जाए। रातभर जागकर पढ़ना बोलने में अच्छा लगता है, लेकिन रिजल्ट इस बात पर निर्भर करता है कि आपने जितना वक्त पढ़ाई के लिए रखा है, उसमें सिर्फ उसी पर ध्यान दिया है या नहीं। अगर पढ़ाई के समय को सिर्फ इसी के लिए समर्पित किया जाए तो कामयाबी निश्चित मिलेगी। मृत्युंजय कुमार के पिता राजेश प्रसाद ने बताया कि कुछ समय के लिए उसे पटना में रहकर पढ़ाई कराया और कुछ समय घर पर भी पढ़ा। बस, घर के काम या ऐसे मसलों में उसे नहीं रखा। मैट्रिक के एग्जाम में 15 नंबर पर रिजल्ट आया था। इस बार उम्मीद थी कि टॉप टेन में मेरा बेटा रहेगा, लेकिन जैसे ही सुना कि बिहार में साइंस टॉपर बना तो मैं खुशी से उछल पड़ा।
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साइंस टॉपर बना मृत्युंजय, गांव में दौड़ी खुशी की लहर
सीवान के बड़हरिया के कोइरीगावां में शनिवार का दिन कुछ अलग था। हर तरफ से लोग कोइरीगावां के बारे में जानना चाहते थे। यहां के छात्र मृत्युंजय कुमार साइंस विषय में बिहार का इंटर टॉपर बनकर सीवान का नाम रौशन किया है। गांव में मृत्युंजय के घर पर रिजल्ट के साथ ही लोगों की भीड़ पहुंचने लगी। पिता का जनरल स्टोर एवं शृंगार के सामान की दुकान है बड़हरिया में। उनके पहुंचने से पहले लोग मिठाइयां लेकर घर पहुंच चुके थे।
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यूपीएससी करना चाहते हैं, बताया- रातभर जागना जरूरी नहीं
बातचीत में मृत्युंजय ने कहा कि पढ़ाई के लिए कोई जरूरी नहीं है कि रात रात भर जागा जाए। रातभर जागकर पढ़ना बोलने में अच्छा लगता है, लेकिन रिजल्ट इस बात पर निर्भर करता है कि आपने जितना वक्त पढ़ाई के लिए रखा है, उसमें सिर्फ उसी पर ध्यान दिया है या नहीं। अगर पढ़ाई के समय को सिर्फ इसी के लिए समर्पित किया जाए तो कामयाबी निश्चित मिलेगी। मृत्युंजय कुमार के पिता राजेश प्रसाद ने बताया कि कुछ समय के लिए उसे पटना में रहकर पढ़ाई कराया और कुछ समय घर पर भी पढ़ा। बस, घर के काम या ऐसे मसलों में उसे नहीं रखा। मैट्रिक के एग्जाम में 15 नंबर पर रिजल्ट आया था। इस बार उम्मीद थी कि टॉप टेन में मेरा बेटा रहेगा, लेकिन जैसे ही सुना कि बिहार में साइंस टॉपर बना तो मैं खुशी से उछल पड़ा।