Anand Mohan Singh : लवली आनंद बोलीं- वह निर्दोष हैं, IAS कृष्णैया के लिए जान पर खेल जाते आनंद मोहन
लवली आनंद बोलीं- "IAS कृष्णैय्या की हत्या के बाद दो परिवार ने सबसे ज्यादा दुख झेला। एक उमा कृष्णैय्या और दूसरे मेरे परिवार ने।उनकी मौत का हमें भी काफी दुख है। अगर घटना के वक्त आनंद मोहन वहां मौजूद होते तो ऐसी घटना वह कभी नहीं होने देते।
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पूर्व सांसद और बाहुबली आनंद मोहन की रिहाई के बाद गुरुवार को लवली आनंद मीडिया के सामने आईं। उन्होंने कहा कि हम ईश्वर, बिहार सरकार और अपने समर्थकों का आभार व्यक्त करते हैं। जी कृष्णैया की हत्या का दर्द हमलोगों को भी है। जी कृष्णैय्या की हत्या के बाद दो परिवार ने सबसे ज्यादा दुख झेला। एक उमा कृष्णैय्या और दूसरे मेरे परिवार ने। IAS कृष्णैया एक ईमानदार अफसर थे। उनकी मौत का हमें भी काफी दुख है। अगर घटना के वक्त आनंद मोहन वहां मौजूद होते तो ऐसी घटना वह कभी नहीं होने देते। वह अपनी जान पर खेलकर जी कृष्णैया की रक्षा करते। इस मामले में आनंद मोहन पूरी तरह निर्दोष हैं। यह बात सब लोग जानते हैं कि निर्दोष है। वह स्वतंत्र सेनानी परिवार से हैं। उन्होंने हमेशा गलत का विरोध किया। वह जेल चले गए। हम लोगों ने कानून का पालन किया। लवली आनंद ने कहा कि हम ईश्वर, बिहार सरकार और अपने समर्थकों का आभार व्यक्त करते हैं। खुशी को शब्दों में बयां नहीं कर सकते हैं।
उमा देव बोलीं- आनंद मोहन को वापस जेल भेजने की अपील करती हूं
वहीं दिवंगत IAS अधिकारी जी कृष्णैया की पत्नी उमा देवी ने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को इस तरह की चीजों बढ़ावा नहीं देना चाहिए। मैं आनंद मोहन को वापस जेल भेजने की अपील करती हूं। जनता भी इस रिहाई का विरोध करेगी। जनता के विरोध के बाद भी आनंद मोहन को रिहा करना एक गलत फैसला है। अगर आनंद मोहन भविष्य में चुनाव लड़ेंगे तो जनता को उनका बहिष्कार करना चाहिए।
सरकार को इस फैसले पर पुनर्विचार करना चाहिए
जी कृष्णैया की बेटी पद्मा ने कहा कि आनंद मोहन का आज जेल से छूटना हमारे लिए बहुत दुख की बात है। उनकी रिहाई का फैसला गलत है। सरकार को इस फैसले पर पुनर्विचार करना चाहिए। जल्द ही हमलोग बिहार सरकार के इस फैसले के खिलाफ अपील करेंगे। मैं नीतीश कुमार जी से अनुरोध करती हूं कि इस फैसले पर दोबारा विचार करें।