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बिहार में 500 टन का पुल चोरी: अफसर बनकर आए थे चोर, सिंचाई विभाग के कर्मचारियों से कटवाया पुल और गाड़ियों में भरकर ले गए
Sat, 09 Apr 2022 12:24 PM IST
प्रांजुल श्रीवास्तव
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
Published by: प्रांजुल श्रीवास्तव
Updated Sat, 09 Apr 2022 12:24 PM IST
सार
चोरों ने तीन दिन में 60 फीट लंबे और 500 टन वजनी लोहे का पुल ही गायब कर दिया। मजेदार बात यह है कि चोरों ने सिंचाई विभाग के कर्मचारियों से ही पुल कटवाया और गाड़ियों में भरकर उसका लोहा चुरा ले गए।
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बिहार में 500 टन का पुल चोरी
- फोटो : सोशल मीडिया
विस्तार
बिहार के रोहतास जिले में चोरी का एक अजीबोगरीब वाकया सामने आया है। यहां नकली अधिकारी बनकर आए चोरों ने तीन दिन में 60 फीट लंबे और 500 टन वजनी लोहे का पुल ही गायब कर दिया। मजेदार बात यह है कि चोरों ने सिंचाई विभाग के कर्मचारियों से ही पुल कटवाया और गाड़ियों में भरकर उसका लोहा चुरा ले गए। यह पूरा कारनामा दिनदहाड़े हुआ और किसी को शक तक नहीं हुआ।
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यह पूरा मामला नासरीगंज थाना क्षेत्र के अमियावर का है। यहां आरा कैनाल नहर पर 1972 के आसपास लोहे का पुल बनाया गया था। इसी पुल को तीन दिन में चोरों ने चालाकी से कटवाया और फिर इसका लोहा ट्रकों में भरकर नौ दो ग्यारह हो गए। इस पुल को कटवाने में बुलडोजर, गैस कटर का भी इस्तेमाल होता रहा।
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झांसे में आ गया पूरा गांव और स्थानीय कर्मचारी
चोरों ने इतनी चालाकी से इस घटना को अंजाम दिया कि ग्रामीण से लेकर स्थानीय कर्मचारी तक झांसे में आ गए। वे सिंचाई विभाग के अधिकारी बनकर गांव पहुंचे और विभागीय आदेश बताकर पुल को कटवाना शुरू कर दिया। इस तरह लगभग 60 फीट लंबा और 12 फीट ऊंचा लोहे का पुलिस चोरी हो गया। मामला सामने आने के बाद जूनियर इंजीनियर अरशद कमान शम्सी ने बताया कि, चोरों के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज करा दी गई है।
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चोरों ने लगाया बहुत दिमाग
कहते हैं चोरी में भी दिमाग लगता है। चोरों ने इसका इस्तेमाल किया। दरअसल, लोहे का पुल जर्जर हो चुका था, इसलिए विभाग की ओर से इसके समानांतर कंक्रीट का एक पुल बना दिया गया था। इसके बाद से ग्रामीण कई बाद लोहे का पुल हटवाने का आवेदन दे चुके थे। चोरों ने इसी आवेदन का सहारा लिया और ग्रामीणों को इस भरोसे में लिया कि, वे उनके आवेदन के बाद विभागीय आदेश पर पुल हटाने आए हैं।