ऑटो टिप्स: क्या करें अगर फ्यूल स्टेशन पर गलती से आपकी पेट्रोल या डीजल गाड़ी में भर गया है गलत ईंधन?
आजकल मोबाइल ध्यान भटकने की सबसे बड़ी वजह बन गया है और इस समस्या से पेट्रोल पंप कर्मचारी भी अछूते नहीं हैं। अगर गलती से किसी पंप कर्मचारी की चूक से आपकी गाड़ी में पेट्रोल की जगह डीजल या डीजल की जगह पेट्रोल डाल दे तो क्या होगा? इसके लिए कर्मचारी तो जिम्मेदार है ही, साथ ही आपकी लापरवाही भी आपकी जेब पर भारी पड़ सकती है...
विस्तार
आजकल मोबाइल ध्यान भटकने की सबसे बड़ी वजह बन गया है। लोग बात करते हुए ड्राइव करते हैं और हादसा हो जाता है। कई बार ऐसे भी मामले सामने आए कि फोन पर म्यूजिक सुनते-सुनते ही दुर्घटना का शिकार हो गए। इस समस्या से पेट्रोल पंप कर्मचारी भी अछूते नहीं हैं। राजेश रोजाना नोएडा से गुड़गांव जॉब के लिए जाते हैं, एक रोज राजेश अपनी गाड़ी में ईंधन भरवाने के लिए रुके और उन्हें फ्यूल पंप पर अटेंडेंट से पेट्रोल डालने के लिए कहा, लेकिन वह अटेंडेट फोन पर व्यस्त था, उसने राजेश की बात ठीक से नहीं सुनी और गलती से पेट्रोल गाड़ी में डीजल डाल दिया। राजेश ने भी इस बारे में बाद में ध्यान दिया, लेकिन तब तक देर हो चुकी थी। ऐसी चूक कभी भी किसी के साथ हो सकती है और आपकी जेब पर काफी भारी पड़ सकती है। अगर कभी पेट्रोल गाड़ी में डीजल या डीजल गाड़ी में पेट्रोल डल जाए तो क्या करना चाहिए, आइए जानते हैं...
अगर पेट्रोल कार में भर जाए डीजल
पेट्रोल कार में अगर डीजल भर जाए तो ज्यादा घबराने वाली बात नहीं है। ऐसी स्थिति में डीजल को इग्निशिएट देने के लिए कंप्रेस्ड करना होगा और इस वजह से आप इंजन ही शुरू नहीं कर पाएंगे। हालांकि, इससे भी इंजन पर असर पड़ सकता है। अच्छा कि अगर आपको कार स्टार्ट करने से पहले ही ये पता चल जाए कि आपकी पेट्रोल कार में डीजल डाल दिया है। अगर आपकी कार के ईंधन टैंक में पांच फीसदी से कम डीजल है, तो आप बिना किसी दिक्कत के घर जा सकते हैं। लेकिन अगर पांच फीसदी से ज्यादा है, तो आपको टैंक से डीजल बाहर निकलवाना होगा और फ्रेश पेट्रोल भरवाना होगा। अगर गलती से आपने कार ड्राइव कर ली है, तो तुरंत रुकें और रोड साइड असिस्टेंस को कॉल करें, ताकि आपको कार को नजदीकी वर्कशॉप पर पहुंचाय़ा जा सके।
- गलत फ्यूल डलने पर इंजन स्टार्ट ना करें।
- गाड़ी को धक्का देकर ही साइड में करें।
- मैकैनिक की मदद से फ्यूल टैंक का ईंधन बदलवा लें और मिक्स फ्यूल को निकाल दें।
- नया पेट्रोल डालने के बाद ही गाड़ी को स्टार्ट करें।
अगर डीजल कार में भर जाए पेट्रोल
अगर आपके पास डीजल कार है, और इसमें गलती से पेट्रोल डल गया है, तो यह बेहद चिंताजनक है। ऐसा इसलिए क्योंकि डीजल एक लुब्रिकेशन ऑयल के तौर पर काम करता है, जिस वजह से इंजन से जुड़े फ्यूल पंप और अन्य पार्ट्स ठीक से काम करते हैं। वहीं पेट्रोल को इग्नाइट करने के लिए स्पार्कप्लग की जरूरत होती है। अगर डीजल टैंक में पेट्रोल डल जाए तो कार स्टार्ट करते ही यह इंजन के हर पार्ट तक पहुंच जाएगा। इसके लिए आपको रिपेयर पर खासा खर्च करना पड़ेगा, जो इस बात पर निर्भर करेगा कि कितना पेट्रोल आपको इंजन के अंदर गया है। डीजल के साथ मिक्स होने पर यह सॉलवेंट के रूप में काम करने लगता है, इससे गाड़ी के इंजन के साथ बड़ी समस्या खड़ी हो सकती है।
- डीजल कार में पेट्रोल जाने पर मशीन के पार्ट्स के बीच घर्षण (फ्रिक्शन) बढ़ जाता है और इस वजह से फ्यूल लाइन के साथ पंप खराब हो सकता है।
- इसके बावजूद अगर आप कार का इंजन चालू रखते हैं या फिर ड्राइव करते हैं, तो इंजन डैमेज या इंजन सीज हो सकता है।
- अगर आपको पहले ही पता चल गया है, तो कार को कतई स्टार्ट न करें और उसे तुरंत किसी मैकेनिक के पास पहुंचाने की व्यवस्था करें।
इन बातों का रखें ध्यान
- कार में री-फ्यूलिंग के दौरान ऐसा हो जाता है, तो यह फ्यूल पंप की जिम्मेदारी होती है। आप उससे मुआवजा या रिपेयर खर्च मांग सकते हैं।
- री-फ्यूलिंग के दौरान अटेंडेंट से स्पष्ट बोलें कि आपको पेट्रोल भरवाना है या डीजल।
- फ्यूल भरते समय खुद भी नजर डालें कि वह क्या भर रहा है। कार स्टार्ट करने से पहले एक बार देख लें।
- फ्यूल भरवाने के बाद पर्ची या रसीद जरूर लें।
- अगर पहले ही गलत ईंधन का पता चल गया है, तो कार बिल्कुल भी स्टार्ट न करें।
अगर फ्यूल टैंक में भर जाए पानी
सितंबर 2018 में दिल्ली के निजामुद्दीन वेस्ट स्थित एचपी के पेट्रोल पंप पर गाड़ियों में ईंधन की जगह पानी भरने का मामला सामने आया था। उस दौरान 100 से ज्यादा गाड़ियों में री-फ्यूलिंग के दौरान पेट्रोल की जगह पानी डाल दिया था। असल में फ्यूल स्टेशन पर ईंधन टैंक अंडरग्राउंड होते हैं, लंबे समय बाद उनमें जंग लगना शुरू हो जाता है और आसपास अगर पानी की पाइपलाइन हो तो वह रिस कर ईंधन टैंक में पहुंच जाता है। वहीं कई बार सप्लाई टैंकरों से भी इस तरह की मिलावट के मामले भी सामने आए हैं।
- अगर आपके वाहन में ईँधन की जगह पानी भर गया है, तो यह पूरी तरह से मिलावट का मामला है और इसमें गलती फ्यूल स्टेशन की है।
- गाड़ी स्टार्ट करने से पहले ही अगर इसके बारे में पता चल गया है, तो वाहन को बिल्कुल भी स्टार्ट न करें। अगर आपने गलती से भी गाड़ी स्टार्ट कर देी, तो इंजन सीज हो जाएगा और पूरा इंजन खुलवाना पड़ेगा।
- गाड़ी को धकेल कर किसी मैकेनिक के पास ले जाएं या आरएसए को फोन करें।
- मैकेनिक के पास जाकर टैंक से निकले तेल को किसी बोतल में सैंपल के लिए जरूर भर कर रख लें।
- किसी भी क्षतिपूर्ति के लिए फ्यूल स्टेशन से दावा करें, अगर इनकार करे तो पुलिस से मदद मांगे।
- ईँधन भरवाने के बाद उसकी पर्ची या रसीद अवश्य लें, ताकि आपको दावा करने में आसानी हो। कोशिश करें कि पेट्रोल पंप पर ऑनलाइन पेमेंट करें।