मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान कलक्ट्रेट परिसर के बाहर हंगामा करने के मामले में अकबरपुर पुलिस ने सपा के 37 नामजद नेताओं-कार्यकर्ताओं व करीब 200 अज्ञात महिला-पुरुषों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर निषेधाज्ञा का उल्लंघन करने, सड़क घेरकर यातायात बाधित करने, कलक्ट्रेट गेट में धक्का देकर उसे क्षतिग्रस्त करने का प्रयास करने और पेट्रोल डालकर पुतले में आग लगाने की कोशिश का आरोप लगाया है। मामले की जांच उपनिरीक्षक धर्मेंद्र सिंह को सौंपी गई है। एसआई नरसिंह ने अकबरपुर थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई। बताया कि रविवार को सपा जिलाध्यक्ष अरुण कुमार उर्फ बबलू राजा , पूर्व सांसद राजाराम पाल के नेतृत्व में करीब 200 कार्यकर्ता बिना अनुमति प्रदर्शन करते हुए जुलूस लेकर कलक्ट्रेट पहुंचे। यहां मुख्य चुनाव आयुक्त का पुतला फूंकने का प्रयास किया गया। पुलिस ने पुतला छीन लिया तो प्रदर्शनकारियों ने सड़क किनारे पड़े कूड़े में आग लगाकर सांकेतिक विरोध करने की कोशिश की। आरोप है कि पुलिस के समझाने के बावजूद प्रदर्शनकारी नहीं माने और नारेबाजी करते हुए सड़क को घेरकर आगे बढ़ते रहे। इससे एंबुलेंस, आपातकालीन वाहनों और आम लोगों के आवागमन में परेशानी हुई। इसके बाद प्रदर्शनकारी कलक्ट्रेट के पूर्वी गेट के सामने पहुंचे और गेट में धक्का देकर उसे तोड़ने का प्रयास किया। एक अन्य पुतले पर पेट्रोल डालकर आग लगाने की कोशिश भी की गई। पुलिस ने तत्काल आग बुझाकर स्थिति संभाली। सीओ सदर संजय सिंह ने बताया कि एसआई की तहरीर पर प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। प्राथमिकी में नामजद और अज्ञात आरोपियों की भूमिका की जांच के बाद पुलिस आगे की कार्रवाई करेगी।