अयोध्या के मिल्कीपुर तहसील सभागार में शनिवार को आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस में जिलाधिकारी शशांक त्रिपाठी करीब दो घंटे देरी से पहुंचे। उन्होंने एसडीएम पवन कुमार शर्मा और सीओ पियूष के साथ फरियादियों की शिकायतें सुनीं।विधायक चंद्रभानु पासवान भी मौजूद रहे। समाधान दिवस में कुल 299 शिकायतें दर्ज हुईं, जिनमें आठ का मौके पर निस्तारण किया गया। सुनवाई के दौरान कार्यों में लापरवाही मिलने पर डीएम ने क्षेत्रीय वनाधिकारी संतोष कुमार मिश्र और लेखपाल सर्वेश गुप्ता को फटकार लगाई। दोपहर करीब 12:15 बजे तिंदौली पूरे बीसा तिवारी गांव की वंदना शिकायत लेकर पहुंचीं। डीएम के सामने रोते हुए उन्होंने कहा, साहब, रहने के लिए न घर है और न घर बनाने के लिए जमीन व पैसा। महिला ने बताया कि हिस्सेदारों ने बंटवारे में नवीन परती की जमीन दी थी। मजदूरी कर पति ने किसी तरह एक कमरे की दीवार खड़ी की, लेकिन छत डालने की तैयारी के समय हिस्सेदारों ने शिकायत कर दी। इसके बाद राजस्व विभाग ने छत डालने से रोक दिया। डीएम ने एसडीएम को पात्रता की जांच कर आवासीय पट्टा स्वीकृत करने के निर्देश दिए। इसके बाद अमावांसूफी गांव के दिव्यांग लवकुश मिश्रा ने अंत्येष्टि स्थल निर्माण में अनियमितता की शिकायत की। बताया कि करीब 18 लाख रुपये स्वीकृत होने के बावजूद निर्माण के लिए नींव तक नहीं खोदी गई और करीब 16 लाख रुपये का भुगतान कर दिया गया। डीएम ने मामले की जांच कर कार्रवाई के निर्देश दिए। समाधान दिवस में सीएमओ डॉ. राजेंद्र कुमार भिटौरिया, उप निदेशक कृषि पीके कनौजिया, जिला पूर्ति अधिकारी बृजेश मिश्र, बीडीओ मिल्कीपुर हरिश्चंद्र सिंह, बीडीओ हैरिंग्टनगंज आरएन भारती, बीडीओ अमानीगंज सूर्य प्रकाश मिश्र, अधिशासी अभियंता विद्युत राज कुमार समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।