पांच दिवसीय दीपोत्सव का शुभारंभ शुक्रवार को धनतेरस के साथ हो गया। त्योहार को लेकर कस्बे के बाजारों में सुबह से ही रौनक दिखाई दी। बर्तन, सजावट और पूजन सामग्री की दुकानों पर खरीदारी के लिए लोगों की भीड़ लगी रही। धनतेरस पर बर्तन और झाड़ू खरीदना शुभ माना जाता है। इसी मान्यता के चलते लोगों ने अपनी जरूरत और आर्थिक स्थिति के अनुसार खरीदारी की। सराफा दुकानों पर भी खरीदारों की भीड़ रही। दीपावली पूजन के लिए बाजार में लक्ष्मी गणेश की प्रतिमाएं 20 से 500 रुपये तक में बिकीं। खील 80 रुपये और चीनी के खिलौने 90 रुपये के भाव से बिके। वहीं पालतू पशुओं को सजाने के लिए पीतल, लोहे और तांबे की घंटियों के साथ रंग बिरंगी डोरियों और हस्तनिर्मित मौहरियों की भी खूब खरीदारी हुई। बिजली की झालरें ,मोमबत्ती और मिट्टी के दीपकों की दुकानों पर भी ग्राहकों की भीड़ रही। रोशनी से जगमगाते बड़े शोरूमों पर भी इलेक्ट्रॉनिक सामानों की जमकर बिक्री हुई। देर शाम तक बाजारों में चहल-पहल बनी रही।