मोगा थाना निहाल सिंह वाला पुलिस ने बड़ी आपराधिक वारदात की साजिश नाकाम करके 5 आरोपियों को भारी मात्रा में हथियारों और कारतूसों समेत गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से चार राइफलें, चार पिस्टल, 106 जिंदा कारतूस, 8 मैगजीन तथा दो काले रंग की लग्जरी गाड़ियां फोर्ड एंडेवर और महिंद्रा स्कॉर्पियो बरामद की गई हैं। एक और व्यक्ति का नामजद करके मामले की जांच शुरू कर दिया हे। जानकारी देते हुए एसपी डी अजय राज ने बताया कि थाना निहाल सिंह वाला के एसएसओ रंजीत सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम इलाके में गश्त और चेकिंग कर रही थी। रात करीब 11:50 बजे मुखबिर से सूचना मिली कि दाना मंडी निहाल सिंह वाला, मेन चौक के पास कुछ हथियारबंद व्यक्ति निजी रंजिश के चलते दो गुटों में लड़ाई करना था और आपस में गेंग बार होना था सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस टीम ने तुरंत दाना मंडी इलाके में नाकाबंदी और घेराबंदी की। पुलिस ने मौके पर दबिश देकर पांच आरोपियों को हथियारों समेत काबू कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान मनिंदर सिंह निवासी रूपनगर, गुरविंदर सिंह निवासी पटियाला, गुरप्रीत सिंह उर्फ पीता निवासी जिला संगरूर, अमरिंदर सिंह निवासी जिला पटियाला तथा पंजाबी सिंगर सतवंत सिंह उर्फ गिल मानूके निवासी मानूके गिल के रूप में हुई है। एक और व्यक्ति का नामजद किया है और उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमें लगाई गई हैं। आरोपियों के कब्जे से 4 राइफल, 4 पिस्टल, 106 जिंदा कारतूस,8 मैगजीन और दो लग्जरी गाड़ियां बरामद हुई हे। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ धारा 351(2), 61(2), 506, 120-B तथा आर्म्स एक्ट की धारा 25, 27, 54 और 59 के तहत मामला दर्ज किया है। जानकारी के अनुसार, पंजाबी सिंगर गिल मानुके की सोशल मीडिया पर दूसरे गुट के मनिंदर सिंह के साथ काफी समय से बहसबाजी चल रही थी। बताया जा रहा है कि दोनों पक्षों के बीच करीब एक साल से किसी बात को लेकर विवाद चल रहा था। विवाद बढ़ने के बाद दोनों गुटों की ओर से एक-दूसरे को समय देकर मिलने के लिए बुलाया गया था। आरोप है कि दोनों पक्ष एक-दूसरे को नुकसान पहुंचाने की तैयारी में थे। घटना से पहले दोनों गुटों के लोग एक स्थान पर इकट्ठा भी हुए थे। आरोपियों को अदालत में पेश कर दो दिन का पुलिस रिमांड हासिल किया गया। रिमांड के दौरान हथियारों और कारतूसों की सप्लाई के स्रोत, कथित टारगेट तथा फरार आरोपियों के संबंध में पूछताछ की जाएगी। मामले की जांच जारी है और पूरे नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों का पता लगाने के प्रयास किए जा रहे हैं।