संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर बुधवार को किसानों ने टोहाना और धारसूल अनाज मंडी के मुख्य गेट पर ताला जड़कर सांकेतिक धरना किया। इस दौरान किसानों ने हरियाणा सरकार, मार्केट कमेटी प्रशासन और सरकार की कृषि नीतियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। किसानों ने मंडी परिसर में धरना देकर धान की सरकारी खरीद एमएसपी पर शुरू करने की मांग की। प्रदर्शन के दौरान किसान नेता जगतार सिंह और जग्गी महल ने बताया कि मंडियों में धान की आवक शुरू हो गई है, लेकिन सरकार की ओर से खरीद शुरू नहीं की जा रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि 17 प्रतिशत नमी वाली सूखी फसल में भी 200 रुपये प्रति क्विंटल का कट लगाया जा रहा है, जबकि 18-19 प्रतिशत नमी वाली जीरी को 1900 से 2000 रुपये में खरीदने के लिए किसान को मजबूर किया जा रहा है। किसान नेताओं ने कहा कि मंत्री, डीसी, एसडीएम आते हैं, फोटो खिंचवाकर चले जाते हैं, लेकिन धरातल पर कोई समाधान नहीं होता। ऊपर से मंडी में पड़ी जीरी बारिश के कारण खराब हो रही है, जिससे भारी नुकसान हो रहा है। उन्होंने चेतावनी दी कि यह तीन घंटे का सांकेतिक प्रदर्शन है। अगर सरकार ने खरीद शुरू कर किसानों को पूरा भाव नहीं दिया तो संयुक्त किसान मोर्चा के फैसले के अनुसार सड़कों को जाम करने, मार्केट कमेटी को पक्का बंद करने और एसडीएम-डीसी कार्यालय का घेराव करने जैसे बड़े आंदोलन की रूपरेखा तैयार की जाएगी। किसानों ने कहा कि अब आंदोलन के अलावा कोई रास्ता नहीं बचा है।