नई अनाज मंडी में धान की फसल लेकर पहुंचे किसानों को मौसम में बदलाव के कारण परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। किसान श्यामचंद ने बताया कि वह चार दिन पहले अपनी धान की फसल लेकर फतेहाबाद मंडी में पहुंचे थे। उस समय उनकी फसल में नमी की मात्रा 18 फीसदी थी, लेकिन मौसम में आए परिवर्तन के बाद नमी बढ़कर 21 फीसदी हो गई है। इसके चलते उनकी फसल की सरकारी खरीद नहीं हो पा रही है और उन्हें मंडी में इंतजार करना पड़ रहा है। किसान ने बताया कि फसल की नमी बढ़ने से उनकी परेशानी बढ़ गई है। वहीं, दूसरी ओर निजी व्यापारी किसानों की मजबूरी का फायदा उठाते हुए धान की खरीद न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) से कम भाव पर कर रहे हैं। निजी व्यापारी धान को 2200 रुपये प्रति क्विंटल के भाव से खरीद रहे हैं, जिससे किसानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है।