नई ग्रीन कार्ड पॉलिसी: ट्रंप के फैसले पर टेक कंपनियों ने क्यों कहा- 'इससे अमेरिका का ही नुकसान होगा'?

Suyash Pandey
टेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्लीSuyash Pandey
Wed, 27 May 2026 12:23 PM IST
सार

US Green Card Policy:

अमेरिका में ट्रंप प्रशासन की नई ग्रीन कार्ड नीति को लेकर टेक इंडस्ट्री में भारी विरोध देखने को मिल रहा है। नई नीति के तहत ग्रीन कार्ड आवेदकों को अपने होम कंट्री से आवेदन करना होगा। लिंक्डइन और कोर्टसेरा जैसी कंपनियों के संस्थापकों का मानना है कि इससे अमेरिका में टैलेंट की कमी होगी, जबकि इमिग्रेशन एजेंसी (USCIS) का तर्क है कि यह नियम लोगों को अवैध रूप से छिपकर रहने से रोकेगा।

विज्ञापन
Trump Green Card Rule Sparks Outrage in US Tech Sector, LinkedIn and Coursera Founders Call It Harmful
Trump green card policy - फोटो : AI

    विस्तार

    अमेरिका में काम करने और बसने की चाहत रखने वालों के लिए ट्रंप प्रशासन एक नया नियम लेकर आया है। अब ग्रीन कार्ड के लिए आवेदकों को अपने होम कंट्री (मूल देश) वापस जाकर वहां से आवेदन करना होगा। लेकिन सरकार के इस फैसले से अमेरिकी आईटी और टेक इंडस्ट्री बिल्कुल खुश नहीं है। लिंक्डइन और कोर्टसेरा जैसी नामी कंपनियों के संस्थापकों ने खुलकर इस कदम की आलोचना की है और इसे अमेरिका के लिए सीधा नुकसान बताया है।

    टेक दिग्गजों ने इस नियम पर क्या कहा?

    रीड हॉफमैन (लिंक्डइन के को-फाउंडर):

    हॉफमैन ने इस फैसले पर सवाल उठाते हुए कहा, "क्या इसका मतलब यह है कि एआई रिसर्चर्स, कर्मचारियों और छात्रों को अब देश छोड़ना पड़ेगा और अपना काम जारी रखने के लिए लंबे बैकलॉग का इंतजार करना होगा?" उन्होंने इसे टेक, बिजनेस और पूरे अमेरिका के लिए एक बुरा कदम बताया।

    विज्ञापन

    एंड्रयू एनजी (कोर्सेरा के को-फाउंडर):

    उन्होंने नए नियम को लीगल इमिग्रेशन पर एक अचानक किया गया हमला बताया। एंड्रयू ने कहा कि इससे कई परिवारों को परेशानी होगी और देश में डॉक्टरों, शिक्षकों और वैज्ञानिकों की कमी हो जाएगी। उन्होंने खास तौर पर चेताया कि एआई के क्षेत्र में अमेरिका की पकड़ कमजोर होगी।

    विज्ञापन
    विज्ञापन

    गैरी टैन (वाई कॉम्बिनेटर के फाउंडर):

    जाने-माने टेक स्टार्टअप वाई कॉम्बिनेटर (Y Combinator) के फाउंडर ने इस पॉलिसी को पूरी तरह से गलत और भटकाने वाला बताया। उनका कहना है कि अमेरिका को अपना भविष्य और बिजनेस मजबूत करने के लिए दुनिया के स्मार्ट लोगों की सख्त जरूरत है।

    सरकार और USCIS का क्या तर्क है?

    इस पूरे विरोध के बीच अमेरिकी नागरिकता और इमिग्रेशन सेवा (USCIS) ने भी अपना रुख साफ कर दिया है। पिछले हफ्ते जारी एक मेमो में एजेंसी ने कहा कि छात्र और अस्थायी कर्मचारी अमेरिका में एक तय समय के लिए आते हैं। उनके इस विजिट को ग्रीन कार्ड पाने की पहली सीढ़ी नहीं माना जाना चाहिए। USCIS के प्रवक्ता जैच काहलर ने अपने बयान में कहा कि यह पॉलिसी इमिग्रेशन सिस्टम को कानूनी तरीके से चलाने में मदद करेगी, ताकि लोग सिस्टम की कमियों का फायदा न उठाएं।

    काहलर के मुताबिक, जब लोग अपने देश लौटकर आवेदन करेंगे तो उनका आवेदन खारिज होने की स्थिति में उनके अमेरिका में अवैध रूप से छिपकर रहने का खतरा खत्म हो जाएगा। एजेंसी ने साफ किया है कि अब अमेरिका के अंदर रहते हुए केवल कुछ बेहद असाधारण मामलों में ही लोगों को ग्रीन कार्ड दिया जाएगा।

    Login or Signup
    अपना शहर चुनें