सुविधा: एयरपोर्ट पर चेक-इन के लिए बैग से नहीं निकालने होंगे गैजट, CTX मशीन करेगी पूरा काम, जानें इसके बारे में
इसकी शुरुआत टर्मिनल-2 से जल्द ही होगी। इसका फायदा यह होगा कि सिक्योरिटी चेक में लगने वाले समय कम होगा और यात्रियों को परेशानी नहीं होगी। यह पूरा काम कम्प्यूटर टोमोग्राफी एक्स-रे (CTX) मशीन की मदद से होगा। आइए समझने की कोशिश करते हैं कि आखिर यह CTX कैसे काम करती है?

विस्तार
यदि आप ब्लॉगर हैं या कंटेंट क्रिएटर्स हैं तो आपको एयरपोर्ट की चेक-इन का दर्द मालूम होगा। एयरपोर्ट पर सबसे बड़ी मुसीबत अपने लैपटॉप, मोबाइल जैसे गैजेट को निकालकर अलग से एक ट्रे में रखना और फिर से उसे पैक करना है, हालांकि अब आपको यह समस्या नहीं होगी।
बंगलूरू के केम्पेगौड़ा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (KIA) अब देश का पहला ऐसा एयरपोर्ट बनने जा रहा है जहां सिक्योरिटी चेक में मोबाइल फोन और लैपटॉप जैसे पर्सनल इलेक्ट्रॉनिक गैजेट को बैग से निकालकर ट्रे में नहीं रखना होगा। आप सीधे अपने बैग स्कैनिंग मशीन में रख सकेंगे।
इसकी शुरुआत टर्मिनल-2 से जल्द ही होगी। इसका फायदा यह होगा कि सिक्योरिटी चेक में लगने वाले समय कम होगा और यात्रियों को परेशानी नहीं होगी। यह पूरा काम कम्प्यूटर टोमोग्राफी एक्स-रे (CTX) मशीन की मदद से होगा। आइए समझने की कोशिश करते हैं कि आखिर यह CTX कैसे काम करती है?
- Alert: फोन के इस फीचर के लिए पुलिस को जारी करनी पड़ी चेतावनी, जानें इसके बारे में
- अलर्ट: अब इन स्मार्टफोन में काम नहीं करेगा गूगल का यह जरूरी एप, देखें लिस्ट
- CERT-In Alert: सरकार ने दी चेतावनी, आपके सिस्टम में है यह ब्राउजर तो तुरंत करें अपडेट
- बदल रहा ट्रेंड, एजेंसियों के लिए सेलिब्रिटीज बन रहीं AI मॉडल्स