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South Carolina Shooting: अश्वेत छात्रों के लिए प्रसिद्ध दक्षिण कैरोलिना विश्विविद्यालय में गोलीबारी, 2 मौतें
Fri, 13 Feb 2026 11:33 PM IST
देवेश त्रिपाठी
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, ऑरेंजबर्ग
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, ऑरेंजबर्ग
Published by: देवेश त्रिपाठी
Updated Fri, 13 Feb 2026 11:33 PM IST
सार
अमेरिका के दक्षिण कैरोलिना विश्वविद्यालय के आवासीय परिसर में गोलीबारी के बाद लॉकडाउन लगा दिया गया। गोलीबारी में दो लोगों की मौत के बाद विश्वविद्यालय में शुक्रवार को सभी कक्षाएं रद्द कर दी गईं। इस गोलीबारी के विरोध में अश्वेत समुदाय के लोगों ने प्रदर्शन भी किया। यह विश्वविद्यालय अश्वेत छात्रों के लिए मशहूर है।
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Crime Demo
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
दक्षिण कैरोलिना स्टेट यूनिवर्सिटी के एक आवासीय परिसर में गुरुवार देर रात हुई भीषण गोलीबारी में दो लोगों की मौत हो गई और एक व्यक्ति घायल हो गया। विश्वविद्यालय को अश्वेत समुदाय के छात्रों के लिए जाना जाता है। पुलिस ने बताया कि अधिकारियों ने अभी तक पीड़ितों की पहचान या घायल व्यक्ति की स्थिति की पुष्टि नहीं की है।
गोलीबारी की सूचना मिलते ही ओरेंजबर्ग स्थित परिसर को लॉकडाउन कर दिया गया। विवि में शुक्रवार की सभी कक्षाएं रद्द रहीं। इस बीच क्षेत्र में अश्वेत समुदाय ने प्रदर्शन भी किए। गोलीबारी की यह घटना यूनिवर्सिटी के हॉस्टल परिसर ह्यूजीन सूट्स में हुई, जिसमें दो छात्रो की मौके पर ही मौत हो गई और एक अन्य गंभीर रूप घायल होने के बाद अस्पताल में भेजा।
ये भी पढ़ें: Bangladesh: पीएम के अधिकार सीमित, बढ़ेगी राष्ट्रपति की ताकत; महिलाओं का दबदबा होगा कायम; क्या है जुलाई चार्टर?
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कैम्पस में लगाया गया लॉकडाउन
स्थानीय समयानुसार रात लगभग 9:15 बजे गोलीबारी की सूचना मिली। गोलियों की आवाज सुनते ही परिसर में अफरा-तफरी मच गई और सुरक्षा कारणों से पूरे कैम्पस में किसी के भी प्रवेश पर रोक लगा दी गई। छात्रों को कमरों में ही रहने को कहा गया है। ऑरेंजबर्ग पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि गोलीबारी किन परिस्थितियों में हुई इसके पीछे क्या कारण थे।
घटना के प्रत्यक्षदर्शी काया मैक बताया कि उसने कैंपस में खाने की डिलीवरी पूरी ही की थी कि तभी उसने गोलियों की आवाज सुनी और देखा कि बहुत सारे पुलिस अधिकारी एक गेट से अंदर आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि उसे पक्का पता नहीं था कि गोलियां कहां से आ रही थीं। उन्होंने स्थानीय मीडिया से बातचीत में कहा कि पुलिस के तेज सायरन की आवाज से मैं थोड़ा सहम गई थी। हम सब इधर-उधर देख रहे थे, मैं और कैंपस में मौजूद अन्य लोग, हम सब सोच रहे थे कि आखिर हो क्या रहा है?
ये भी पढ़ें: Iran-US Row: ईरान के पास अमेरिका का एक और युद्धपोत तैनात, ट्रंप बोले- समझौता नहीं हुआ तो पड़ेगी जरूरत
अक्तूबर में भी हुई थी गोलीबारी की घटना
इससे पहले अक्बतूर में हुई गोलीबारी के सिलसिले में बंदूक से जुड़े आरोपों में कई लोगों को गिरफ्तार किया गया है। अक्टूबर में हुई गोलीबारी की घटना के बाद विश्वविद्यालय के अध्यक्ष अलेक्जेंडर कॉनयर्स ने परिसर की सीमा पर नई बाड़ लगाने और पैदल यात्रियों की आवाजाही को बेहतर ढंग से नियंत्रित करने के लिए अतिरिक्त सुरक्षा गश्त की घोषणा की थी
अन्य वीडियो
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गोलीबारी की सूचना मिलते ही ओरेंजबर्ग स्थित परिसर को लॉकडाउन कर दिया गया। विवि में शुक्रवार की सभी कक्षाएं रद्द रहीं। इस बीच क्षेत्र में अश्वेत समुदाय ने प्रदर्शन भी किए। गोलीबारी की यह घटना यूनिवर्सिटी के हॉस्टल परिसर ह्यूजीन सूट्स में हुई, जिसमें दो छात्रो की मौके पर ही मौत हो गई और एक अन्य गंभीर रूप घायल होने के बाद अस्पताल में भेजा।
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कैम्पस में लगाया गया लॉकडाउन
स्थानीय समयानुसार रात लगभग 9:15 बजे गोलीबारी की सूचना मिली। गोलियों की आवाज सुनते ही परिसर में अफरा-तफरी मच गई और सुरक्षा कारणों से पूरे कैम्पस में किसी के भी प्रवेश पर रोक लगा दी गई। छात्रों को कमरों में ही रहने को कहा गया है। ऑरेंजबर्ग पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि गोलीबारी किन परिस्थितियों में हुई इसके पीछे क्या कारण थे।
घटना के प्रत्यक्षदर्शी काया मैक बताया कि उसने कैंपस में खाने की डिलीवरी पूरी ही की थी कि तभी उसने गोलियों की आवाज सुनी और देखा कि बहुत सारे पुलिस अधिकारी एक गेट से अंदर आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि उसे पक्का पता नहीं था कि गोलियां कहां से आ रही थीं। उन्होंने स्थानीय मीडिया से बातचीत में कहा कि पुलिस के तेज सायरन की आवाज से मैं थोड़ा सहम गई थी। हम सब इधर-उधर देख रहे थे, मैं और कैंपस में मौजूद अन्य लोग, हम सब सोच रहे थे कि आखिर हो क्या रहा है?
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अक्तूबर में भी हुई थी गोलीबारी की घटना
इससे पहले अक्बतूर में हुई गोलीबारी के सिलसिले में बंदूक से जुड़े आरोपों में कई लोगों को गिरफ्तार किया गया है। अक्टूबर में हुई गोलीबारी की घटना के बाद विश्वविद्यालय के अध्यक्ष अलेक्जेंडर कॉनयर्स ने परिसर की सीमा पर नई बाड़ लगाने और पैदल यात्रियों की आवाजाही को बेहतर ढंग से नियंत्रित करने के लिए अतिरिक्त सुरक्षा गश्त की घोषणा की थी
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