फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   Israel Gaza Ceasefire Crisis: Israel Cuts Humanitarian Aid to Gaza Over Slow Return of Dead Hostages

Gaza: मृत बंधकों के शव देने में देरी कर रहा हमास; अब तक लौटाए सिर्फ आठ; इस्राइल ने मदद में कटौती की दी चेतावनी

Wed, 15 Oct 2025 05:49 AM IST
शिवम गर्ग वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, तेल अवीव
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, तेल अवीव Published by: शिवम गर्ग Updated Wed, 15 Oct 2025 05:49 AM IST
सार

Israel Gaza Ceasefire: इस्राइल ने गाजा में मानवीय सहायता के ट्रक आधे कर दिए हैं। मृत बंधकों की धीमी वापसी से युद्धविराम समझौते पर संकट गहर गया है। संयुक्त राष्ट्र ने सभी पक्षों से समझौते के पालन की अपील की है।

विज्ञापन
Israel Gaza Ceasefire Crisis: Israel Cuts Humanitarian Aid to Gaza Over Slow Return of Dead Hostages
गाजा सिटी - फोटो : पीटीआई

विस्तार

गाजा में मृत बंधकों की धीमी वापसी को लेकर इस्राइल ने मंगलवार को युद्धविराम समझौते के उल्लंघन का आरोप लगाया और मानवीय सहायता के ट्रकों की संख्या आधी करने की घोषणा कर दी। इससे पहले, इस्राइल और हमास के बीच जारी युद्धविराम को लेकर उम्मीद की किरण दिखी थी। संयुक्त राष्ट्र की मानवीय शाखा की प्रवक्ता ओल्गा चेरेवको ने बताया कि उन्हें इस्राइली सैन्य एजेंसी की ओर से इस कटौती की जानकारी दी गई है। यह एजेंसी गाजा में मानवीय राहत भेजने का कार्य देखती है।

विज्ञापन


इस्राइल को मिले 4 और बंधकों के अवशेष
प्रधानमंत्री कार्यालय ने देर रात पुष्टि की कि रेड क्रॉस ने इजरायली सैन्य अधिकारियों को चार बंधकों के शव सौंपे हैं। इन अवशेषों को फोरेंसिक पहचान के लिए राष्ट्रीय केंद्र में भेजा गया है, जहां परिवारों को सूचना दी जाएगी। यह दूसरी बार है जब लगातार दो दिनों में मृत बंधकों के अवशेष इजरायल को सौंपे गए हैं। सोमवार को चार और शव मिले थे। हालांकि, अब भी यह स्पष्ट नहीं है कि इजरायल की सैन्य एजेंसी COGAT 600 ट्रकों की तय सहायता आपूर्ति में आधी कटौती के फैसले पर अमल करेगी या नहीं। संयुक्त राष्ट्र के मानवीय मामलों के कार्यालय ने बताया कि उन्हें इजरायली एजेंसी की ओर से इस कटौती की सूचना मिल चुकी है। वहीं, तीन अमेरिकी अधिकारियों ने भी बताया कि व्हाइट हाउस को इस फैसले की जानकारी दे दी गई है।
विज्ञापन


मृत बंधकों की धीमी वापसी से भड़का विवाद
इस्राइल में सोमवार को गाजा से लौटे 20 जीवित बंधकों के स्वागत में खुशी थी, लेकिन मृत बंधकों की वापसी की प्रक्रिया उम्मीद से धीमी रही। इस्राइली अधिकारियों ने बताया कि 28 में से अब तक केवल 8 शव ही लौटाए गए हैं। बंधक परिवार मंच  ने कहा कि मृत बंधकों की धीमी वापसी युद्धविराम समझौते का स्पष्ट उल्लंघन है। संगठन ने सरकार से इस मामले में सख्त रुख अपनाने की मांग की है। इस्राइल के शीर्ष बंधक वापसी समन्वयक गल हिर्श ने कहा कि हम अंतरराष्ट्रीय मध्यस्थों के जरिए दबाव बना रहे हैं ताकि सभी शव जल्द लौटाए जा सकें।
विज्ञापन
विज्ञापन


ये भी पढ़ें:- वेनेजुएला: पांचवी बार नशा तस्करी में शामिल नौका पर अमेरिका ने किया हमला, छह की मौत; ट्रंप ने किया ये दावा

युद्धविराम की शर्तें और इस्राइल की नाराजगी
युद्धविराम समझौते के तहत सभी बंधकों (जीवित और मृत) को 72 घंटे के भीतर लौटाया जाना था। लेकिन हमास ने कहा कि गाजा में व्यापक तबाही और शवों की खोज में कठिनाइयों के कारण देरी हो रही है। इस्राइल ने इस पर कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि यदि हमास समझौते का पालन नहीं करता, तो राहत सामग्री पर और सख्त रोक लगाई जा सकती है।


ये भी पढ़ें:- 'आप बहुत खूबसूरत हैं': ट्रंप ने की तारीफ, तुर्किये के राष्ट्रपति की अपील; फिर सुर्खियों में मेलोनी का ये अंदाज

मुक्त बंधकों की हालत गंभीर, परिवारों में राहत और पीड़ा
गाजा से लौटे बंधकों का इलाज चल रहा है। डालिया कसनिर-हॉर्न ने बताया मेरे देवर एतान हॉर्न ने 40 फीसदी वजन खो दिया है। उन्हें महीनों तक पर्याप्त खाना या पानी नहीं मिला। वहीं मोशे लेवी ने बताया मेरा देवर ओमरी मिरन जब अपनी छोटी बेटियों से मिला तो घर में फिर से जीवन लौट आया।

गाजा में तबाही और पुनर्निर्माण की चुनौती
गाजा में स्थिति बेहद गंभीर है। संयुक्त राष्ट्र, यूरोपीय संघ और विश्व बैंक के संयुक्त अनुमान के अनुसार, गाजा को फिर से बसाने में 70 अरब डॉलर की जरूरत होगी। गाजा के नागरिकों का कहना है यहां बिजली, पानी या घर जैसी कोई बुनियादी सुविधा नहीं बची है। खान यूनिस से विस्थापित हुए मोहम्मद अबू हाजरस ने कहा अब केवल उम्मीद ही बची है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed