{"_id":"577beb924f1c1b6e697fb03e","slug":"three-years-after-making-the-suspension-bridge","type":"story","status":"publish","title_hn":"तीन वर्ष बाद भी नहीं बना झूला पुल ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
तीन वर्ष बाद भी नहीं बना झूला पुल
ब्यूरो/अमर उजाला उत्तरकाशी
Updated Tue, 05 Jul 2016 10:47 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आपदा के तीन वर्ष बीतने के बाद भी ठकराल पट्टी के धारमंडल के ग्रामीणों को झूला पुल की सुविधा तो नहीं मिली, लेकिन एक साल से मुकदमा जरूर झेल रहे हैं। बता दें की यमुनोत्री मार्ग पर खरादी कस्बे में यमुना नदी पर बना झूला पुल 2013 की आपदा में बह गया था, जिससे ठकराल पट्टी के धारमंडल क्षेत्र के फूलधार गौल, स्यालव, सुकण, कुर्सिल के ग्रामीणों की आवाजाही ठप हो गई थी।
विज्ञापन
इसके बाद शासन ने खरादी में 15 लाख की लागत से ट्राली का निर्माण करवाया था, लेकिन इससे कई लोग चोटिल हो गए थे। गत वर्ष खरादी में झूला पुल निर्माण की मांग को लेकर ग्रामीणों ने चक्का जाम किया था।
विज्ञापन
मार्ग जाम करने के आरोप में ग्रामीणों पर मुकदमे दर्ज किए गए। क्षेत्र के रणवीर सिंह, भगवान सिंह, केंद्र सिंह आदि कहना कि यदि शीघ्र पुल का निर्माण नहीं किया गया, तो उग्र आंदोलन किया जाएगा। इधर, डीएफओ डीके सिंह का कहना है कि विभाग ने 2013 में ही चार करोड़ रुपये का इस्टीमेट शासन को भेजा था, लेकिन स्वीकृति नहीं मिल पाई।
विज्ञापन